शनिवार, 27 नवंबर, 2004 को 15:38 GMT तक के समाचार
श्रीलंका के विद्रोही गुट लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम के नेता प्रभाकरन ने चेतावनी दी है कि अगर सरकार शांति वार्ताओं में और देरी करती है तो फिर से संघर्ष शुरु किया जाएगा.
विद्रोहियों के रेडियो स्टेशन पर दिए गए एक भाषण में वेलुपिल्लै प्रभाकरन ने सरकार से अपील की कि एलटीटीई के प्रस्तावों पर शांति वार्ताओं को जल्द से जल्द शुरु किया जाए.
प्रभाकरन का कहना है कि सरकार उनके प्रस्तावों पर बिना शर्त तुरंत वार्ता शुरु करे वर्ना वे फिर से तमिल लोगों के लिए सशस्त्र संघर्ष की शुरुआत कर देंगे.
प्रभाकरन ने कहा कि एलटीटीई ने पूर्व और उत्तर में अंतरिम स्वशासन की मांग को नहीं छोड़ा है. इन इलाक़ों में श्रीलंका के क़रीब 30 लाख तमिल रहते हैं. सरकार ने यह शर्त रखी थी कि वार्ता में इस समस्या के अंतिम समाधान पर भी बातचीत हो जिसे प्रभाकरन ने नकार दिया है.
इससे पहले इस महीने राष्ट्रपति चंद्रिका कुमारतुंग ने विद्रोहियों से वार्ता की मेज पर वापस आने की अपील की थी. राष्ट्रपति ने कहा था कि सरकार अंतरिम स्वशासन की एलटीटीई की मांग पर विचार करने को तैयार है.
सरकार ने देश के पूर्व और उत्तर के इन इलाक़ों में पिछले कई सालों से जारी नस्ली समस्या का कोई अंतिम समाधान भी निकालने की इच्छा जताई थी.