मंगलवार, 19 अक्तूबर, 2004 को 08:07 GMT तक के समाचार
भारतीय जनता पार्टी के नए अध्यक्ष लालकृष्ण आडवाणी ने मंगलवार को अपना पद संभाल लिया.
हालांकि उनकी नियुक्ति की औपचारिक पुष्टि 27 अक्तूबर को होने वाली राष्ट्रीय परिषद की बैठक में होगी.
ग़ौरतलब है कि सोमवार को नाटकीय रुप से वेंकैया नायडू ने अध्यक्ष पद से इस्तीफ़ा दे दिया था और इसके बाद आडवाणी को नया अध्यक्ष बनाने की घोषणा की गई थी.
मंगलवार को दोपहर करीब 12 बजे जब लालकृष्ण आडवाणी पार्टी के मुख्यालय 11, अशोक रोड पहुँचे तो वहाँ कार्यकर्ताओं की भीड़ थी, ढोल बाजे बज रहे थे और पटाखे फोड़े जा रहे थे.
तीसरी पारी में पाँचवीं बार अध्यक्ष का पद संभाल रहे आडवाणी के साथ उनकी पत्नी और उनकी बेटी और बेटे भी आए थे.
उन्होंने यह पहले ही कह दिया था कि वे अपनी टीम यानी कार्यकारणी का गठन वे राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक के बाद करेंगे.
लेकिन पार्टी के केंद्रीय पदाधिकारियों की बैठक उन्होंने मंगलवार को ही बुला ली थी.
उन्होंने पत्रकारों से कहा, "अध्यक्ष प्रकरण को अब समाप्त समझा जाए."
पूर्व उपप्रधानमंत्री आडवाणी ने कहा है कि अपनी बात कहने के लिए वे गुरुवार को एक पत्रकारवार्ता करेंगे.
उनके साथ निवर्तमान अध्यक्ष वेंकैया नायडू भी थे. उनके बारे में लालकृष्ण आडवाणी ने कहा, "वेंकैयाजी उम्र में बहुत छोटे हैं लेकिन उनके भीतर कई ऐसे गुण हैं जिसे मैं भी सीखना चाहता हूँ, उनकी बड़ी ख़ासियत है कि वे दो टूक शब्दों में अपनी बात कहते हैं और इसके परिणामों के बारे में चिंतित नहीं होते."
उनका कहना था कि वे किसी को कुछ कहने के बारे में कई बार सोचते हैं और अक्सर कुछ कह नहीं पाते.
माना जा रहा है कि लोकसभा चुनाव के बाद महाराष्ट्र के चुनाव परिणामों से पार्टी के भीतर हताशा और अंतरकलह को दूर करने के लिए एक बार फिर आडवाणी को बागडोर सौंपी गई है.