बुधवार, 06 अक्तूबर, 2004 को 19:11 GMT तक के समाचार
भारतीय लेग स्पिनर अनिल कुंबले टेस्ट मैचों में 400 विकेट लेने वाले भारत के दूसरे और दुनिया के नौवें गेंदबाज़ हो गए हैं.
ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ पहले टेस्ट मैच के पहले दिन घरेलू मैदान पर कुंबले ने साइमन कटिच को अपना 400 वां निशाना बनाया.
अंतरराष्ट्रीय टेस्ट क्रिकेट में सबसे अधिक विकेट लेने का रिकार्ड इस समय श्रीलंका के मुथैया मुरलीधरन के नाम है जिन्होंने 91 मैचों में 532 विकेट लिए है.
दूसरे नंबर पर ऑस्ट्रेलिया के शेन वार्न है जिन्होंने 112 मैचों में 527 विकेट लिए है.
कुंबले ने 68 रन देकर तीन विकेट लिए. दिन का खेल खत्म होने के बाद कुंबले ने कहा कि खुद में विश्वास और लगातार अच्छा प्रदर्शन करने की कोशिश ही उनकी सफलता का राज है.
कुंबले ने कहा “ मैंने पूरी मेहनत की और कोशिश की कि बल्लेबाज़ हर गेंद पर अनुमान ही लगाता रहे. ”
कुंबले का कहना था कि उन्होंने अधिक प्रयोग नहीं किए.
कुंबले से पहले भारत की ओर से सिर्फ कपिल देव ने 400 विकेट लिए है. कपिल देव ने पाकिस्तान के खिलाफ़ 1999 में 4000 वां विकेट लिया था.
पिछले दिनों कंधे की चोट से उबरे कुंबले के लिए 400 विकेट लेना किसी उपलब्धि से कम नहीं. कंधे की चोट के कारण वह मार्च 2000 से नवंबर 2001 तक मैदान से बाहर रहे.
कुंबले ने कहा “ यह काम लंबा था. एक कठिन कैरियर , कई ओवर की गेंदबाज़ी के बाद यह संभव हुआ.400 विकेट लेना अच्छा अनुभव है. ”
कुंबले की इस उपलब्धि को देखने उनका पूरा परिवार बेंगलूर के स्टेडियम में पहुंचा हुआ था.
यह पूछे जाने पर कि कौन से बल्लेबाज़ों के ख़िलाफ़ गेंदबाज़ी मुश्किल है , उनका कहना था “ ब्रायन लारा, अरविन्द डि सिल्वा, मैथ्यू हेडन, कार्ल हूपर और स्टीव वॉ के खिलाफ़ गेंदबाज़ी मुश्किल है. ”
हालांकि कुंबले ने यह भी कहा “ मैं खुश हूं कि मुझे सचिन , सौरभ या लक्ष्मण के खिलाफ़ गेंदबाज़ी नहीं करनी पड़ी. उनके खिलाफ़ नेट पर गेंदबाज़ी ही ठीक है.”