http://www.bbcchindi.com

मंगलवार, 25 मई, 2004 को 17:51 GMT तक के समाचार

राजीव खन्ना
अहमदाबाद से

गुजरात की राजनीति गरमाने लगी

चुनाव परिणामों के बाद गुजरात की राजनीति गरमाने लगी है.

एक ओर शंकर सिंह वाघेला केंद्र सरकार से गुजरात के दंगों पर श्वेतपत्र जारी करने को कह रहे हैं.

दूसरी ओर गुजरात के विधायकों ने मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व पर सर्वसम्मति से आस्था जताने से इनकार कर दिया है.

केंद्र की नई सरकार में कपड़ा मंत्री बनने के बाद कांग्रेस नेता और पूर्व मुख्यमंत्री शंकर सिंह वाघेला ने कहा है कि वे सरकार से माँग कर रहे हैं कि गुजरात के दंगों पर श्वेतपत्र जारी किया जाए.

उन्होंने कहा, ''जब दंगे हुए तो केंद्र में एनडीए की सरकार थी और राज्य में भाजपा की सरकार थी, रेल मंत्रालय इनके पास था और गृह मंत्रालय भी, तब दंगे कैसे चलते रहे इसकी जाँच करने की ज़रुरत है.''

उल्लेखनीय है कि दो साल पहले गुजरात में हुए दंगों में एक हज़ार से अधिक मुसलमान मारे गए थे.

उन्होंने कहा कि हालांकि वे धारा 356 के विरोधी हैं लेकिन वे देखेंगे कि गुजरात के मामले में इसका उपयोग किया जा सकता है या नहीं.

भाजपा में खींचतान

उधर लोकसभा चुनाव में हार के बाद से गुजरात भाजपा में राजनीतिक खींचतान शुरु हो गई है.

ख़बर है कि सोमवार की रात विधायकों की एक बैठक में मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व पर सर्वसम्मति से आस्था जताने का प्रस्ताव पारित नहीं किया जा सका.

हालांकि पार्टी ने कहा है कि कांग्रेस को धारा 356 के उपयोग के बारे में सोचना भी नहीं चाहिए क्योंकि राज्य में भाजपा की बहुमत की सरकार है.

इस धारा का उपयोग करके केंद्र सरकार राज्य सरकार को बर्खास्त कर सकती है.