लखनऊ में भाजपा नेता लालजी टंडन के जन्मदिन पर हुए एक आयोजन में मची भगदड़ में कुचले जाने से 21 महिलाओं की मौत हो गई है.
ज़िला अधिकारी आराधना शुक्ला ने बताया कि इस घटना की मजिस्ट्रेट जाँच के आदेश दे दिए गए हैं.
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव ने कहा है कि आचार संहिता के बावजूद प्रशासन प्रभावित परिवारों को मुआवज़ा देने की कोशिश करेगा.
उधर टंडन ने कहा है कि जिस कार्यक्रम के दौरान ये हादसा हुआ उसका आयोजन उन्होंने या उनकी पार्टी ने नहीं किया था.
उनका कहना है कि वे इस कार्यक्रम के दौरान केवल 'एक अतिथि' और उन्होंने साड़ियाँ ज़रूर बाँटीं लेकिन जब ये हादसा हुआ तब वे घटनास्थल से जा चुके थे.
वाजपेयी का चुनाव क्षेत्र
भाजपा के वरिष्ठ नेता टंडन राज्य विधानसभा में विपक्ष के नेता हैं.
वे प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के चुनाव क्षेत्र लखनऊ में उनके प्रमुख प्रतिनिधि हैं.
ख़बर है कि वाजपेयी झारखंड का अपना दौरा छोड़ लखनऊ पहुँच गए हैं.
टंडन ने कहा है कि आयोजन एक समाजसेवी संस्था ने किया था और उन्होंने बतौर मेहमान उसमें हिस्सा लिया था.
समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने धनबाद में पत्रकारों से बातचीत में इस घटना पर दुख व्यक्त किया.
![]() इस घटना में 21 महिलाएँ मारी गईं |
उन्होंने हर पीड़ित परिवार के लिए एक-एक लाख रुपए का मुआवज़ा देने की घोषणा की है.
भगदड़
यह आयोजन सोमवार को महानगर इलाक़े के चंद्रशेखर पार्क में किया गया था.
भगदड़ दोपहर बाद डेढ़ बजे के क़रीब तब मची जब आयोजन मंच से महिलाओं को साड़ी लेने के लिए सामने आने को कहा गया.
वहाँ मुफ़्त बाँटी जाने वाली साड़ियों के लिए 15 हज़ार से ज़्यादा महिलाएँ जुटी हुई थीं.
आयोजन में मौजूद केतकी देवी ने कहा, "हम उनका भाषण सुनने आए थे. उन्होंने अपना जन्मदिन मनाया और हमें मौत दी."
भाजपा की एक स्थानीय नेता सुनीता वर्मा ने बताया कि साड़ियाँ पर्याप्त संख्या में थीं, लेकिन पहले लेने के लिए मची आपाधापी में कुछ महिलाएँ गिर पड़ी.
उसके बाद भगदड़ मच गई.
मृतकों में 30 से 70 साल उम्र की महिलाओं के अलावा कम उम्र की कुछ लड़कियाँ भी शामिल बताई जाती हैं.