पाकिस्तान में अफ़ग़ानिस्तान की सीमा से लगे दक्षिणी वज़ीरिस्तान में अल क़ायदा और तालेबान लड़ाकों के ख़िलाफ़ चल रही कार्रवाई के दौरान 12 आम लोग मारे गए हैं.
इनमें पाँच महिलाएँ और छह बच्चे हैं. इस बीच वहाँ चल रही कार्रवाई के क्रम में पाकिस्तानी सैनिकों ने अल-क़ायदा और तालेबान के 100 से ज़्यादा लड़ाकों को हिरासत में लिया है.
सेना ने कहा है कि वज़ीरिस्तान में कार्रवाई दो-तीन दिनों में पूरी हो जाएगी.
दक्षिणी वज़ीरिस्तान में यह हादसा उस समय हुआ जब ये लोग उस इलाक़े को छोड़ने की कोशिश कर रहे थे.
कहा जा रहा है कि इन लोगों पर हेलिकॉप्टर से हमला हुआ. अधिकारियों ने इस पर कोई टिप्पणी नहीं की है.
दो बच्चों सहित चार लोग इस हादसे में घायल भी हुए हैं. घायलों का वाना के अस्तपताल में इलाज चल रहा है.
गिरफ़्तारी
दक्षिणी वज़ीरिस्तान में पाकिस्तानी सैनिक कार्रवाई में जुटे कोर कमांडर जनरल सफ़दर हुसैन ने कहा है कि पकड़े गए 100 लोगों में अनेक अल-क़ायदा के लड़ाके और विदेशी चरमपंथी हैं.
उन्होंने कहा कि अब भी कोई 500 चरमपंथी मुक़ाबले में हैं.
जनरल हुसैन ने कहा कि उनमें कबायली, उज़्बेक और चेचन चरमपंथी शामिल हो सकते हैं.
ज़वाहिरी नहीं?
उन्होंने अल-क़ायदा के किसी प्रमुख सदस्य के बारे में कोई ख़ुफ़िया जानकारी होने से इनक़ार किया है.
![]() अल-ज़वाहिरी का कोई अता-पता नहीं |
हालाँकि जनरल हुसैन ने कहा कि तथाकथित 'प्राइम टारगेट' कोई चेचन या उज़्बेक चरमपंथी हो सकता है.
उन्होंने यह भी कहा कि संभव है कथित वरिष्ठ चरमपंथी निकल भागने में सफल रहा हो.
मंगलवार को सैनिकों को एक बुलेटप्रूफ़ गाड़ी के गुजरने की जानकारी मिली थी, लेकिन ये स्पष्ट नहीं है कि क्या उसमें कोई बड़ा चरमपंथी भाग रहा था.
यह भी स्पष्ट नहीं है कि उस वाहन का क्या हुआ.
उल्लेखनीय है कि पहले अल-क़ायदा का नंबर दो माने जाने वाले अयमन अल-ज़वाहिरी के घेरे में होने की संभावना जताई जा रही थी.