भारतीय नौसेना चीन की नौसेना के साथ पहली बार संयुक्त अभ्यास करने जा रही है.
लगभग चार दशकों के तनावपूर्ण रिश्तों के बाद इस संयुक्त अभ्यास को महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
दोनों देशों के बीच सीमा को लेकर कई विवाद रहे हैं.
वैसे चीन ने पिछले हफ़्ते पहली बार किसी दूसरे देश की सेना के साथ अभ्यास किया था.
वह अभ्यास पाकिस्तान की नौसेना के साथ शंघाई के समुद्र में किया गया था.
उल्लेखनीय है कि पाकिस्तान के राष्ट्रपति परवेज़ मुशर्रफ़ दो दिन पहले ही चीन के दौरे पर थे.
तीन जहाज़
भारतीय रक्षा मंत्रालय के एक अधिकारी ने बीबीसी को बताया कि नौसेना के तीन जहाज़ 14 नवंबर को पूर्वी चीन के समुद्र में चीनी टुकड़ियों के साथ अभ्यास करेंगे.
इसमें तलाशी और बचाव कार्यों का अभ्यास किया जाएगा.
इस अभ्यास के लिए भारतीय नौसेना के जहाज़ आईएनएस रंजीत, आईएनएस कुलिश और आईएनएस ज्योति को भेजा जा रहा है.
इनमें से आईएनएस रंजीत और आईएनएस कुलिश मिसाइल वाहक जहाज़ हैं.
भारतीय सेना के अधिकारियों के अनुसार चीन की ओर से भी तीन जहाज़ों के अभ्यास में भाग लेने की संभावना है.
उन्होंने बताया कि इस अभ्यास में हवाई जहाज़ और हेलिकॉप्टर के भी भाग लेने की संभावना है.