मंगलवार, 13 जनवरी, 2009 को 02:12 GMT तक के समाचार
संयुक्त राष्ट्र महासचिव बान की मून ने इसराइल और फ़लस्तीनी संगठन हमास से अनुरोध किया है कि ग़ज़ा पट्टी में पिछले 18 दिन से चल रहा युद्ध अब बंद हो जाना चाहिए.
उनका कहना है कि बहुत सारे लोग मारे गए हैं और आम नागरिकों को अनेक परेशानियाँ झेलने पड़ी हैं. फ़लस्तीनी अधिकारियों के मुताबिक 900 से अधिक फ़लस्तीनी मारे गए हैं और इनमें से एक-तिहाई बच्चे हैं.
उधर इसराइल ने कहा है कि 13 इसराइली मारे गए हैं जिनमें से दस सैनिक हैं. इनमें से कई इसराइलियों की जान फ़लस्तीनी रॉकेट हमलों में गई,
दिसंबर में इसराइल और फ़लस्तीनी संगठन हमास के बीच ग़ज़ा के बारे में संघर्षविराम ख़त्म हो गया था. हमास ने ये कहते हुए इसे आगे बढ़ाने से इनकार कर दिया था कि इसराइल ने अपने वादे पूरे नहीं किए.
उधर इसराइल ने ग़ज़ा पर हवाई हमलों के साथ-साथ ज़मीनी कार्रवाई जारी रखी है और ख़बरें हैं कि धीरे-धीरे इसराइली सैनिक ग़ज़ा शहर में दाखिल होते जा रहे हैं.
मून का दौरा, यूरोपीय संघ की पेशकश
ग़ज़ा में मौजूद बीबीसी संवाददाता का कहना है कि उन्होंने मशीनगन और टैंकों से गोलीबारी की आवाज़ें सुनी हैं.
हमास ने कहा है कि वह इसराइली सैनिकों के साथ कई ज़िलों में लड़ रहा है.
उधर संयुक्त राष्ट्र महासचिव बान की मून ने कहा है कि वे बुधवार को मध्य पूर्व जाएँगे ताकि ग़ज़ा में संघर्षविराम के प्रयास तेज़ हो सकें.
वे मिस्र, इसराइल और सीरिया के नेताओं से चर्चा करेंगे. वे पश्चिमी तट में फ़लस्तीनी राष्ट्रपति महमूद अब्बास से भी बातचीत करेंगे.
यूरोपीय यूनियन के अध्यक्ष चेक गणराज्य की ओर से बयान में कहा गया है कि वह ग़ज़ा के लिए दाता देशों का अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित करने के लिए तैयार है.
ग़ज़ा में राहत सामग्री पहुँचाने की कोशिशों में ख़ासी बाधा आई है. चेक गणराज्य के बयान में कहा गया है - "अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में मानवीय समस्या और दीर्घकालिक पुनर्निर्माण परियोजनाओं पर चर्चा करने की ज़रूरत है."
संयुक्त राष्ट्र के अनुसार ग़ज़ा में पैदा हुई स्थिति के कारण 21 हज़ार लोग विस्थापित हुए हैं और दस लाख लोग बिना बिजली के जीवन ग़ुजारने को मजबूर हैं.