http://www.bbcchindi.com

रविवार, 17 अगस्त, 2008 को 11:54 GMT तक के समाचार

'सोमवार को शुरू होगी सैनिकों की वापसी'

रूस के राष्ट्रपति दिमित्री मेदवेदेव ने कहा है कि जॉर्जियाई इलाक़ों से रूसी सैनिकों की वापसी सोमवार को शुरू होगी.

मेदवेदेव ने फ़्रांसीसी राष्ट्रपति निकोला सार्कोज़ी से टेलीफ़ोन पर बातचीत में ये बात कही है.

रूस और जॉर्जिया के बीच जिस युद्धविराम समझौते पर हस्ताक्षर हुए हैं, उसे कराने में मुख्य भूमिका सार्कोज़ी की ही थी.

फ़्रांसीसी अधिकारियों के अनुसार सार्कोज़ी ने मेदवेदेव को आगाह किया है कि रूस ने युद्धविराम समझौते को लागू नहीं किया तो उसे इसके बुरे परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं.

सार्कोज़ी ने रूस को चेतावनी दी है कि युद्धविराम समझौते के अनुसार जॉर्जिया के किसी बड़े शहरी इलाक़े में रूस अपने सैनिक नहीं भेज सकता.

हालाँकि उन्होंने स्वीकार किया कि रूसी सैनिक दक्षिण ओसेतिया के लड़ाई प्रभावित इलाक़ों के कुछ किलोमीटर बाहर तक गश्त लगा सकते हैं.

नियमित सैनिकों की जगह शांति सैनिक

इससे पहले जॉर्जिया में इस समय तैनात रूसी सेना के कमांडर मेजर जनरल व्याचेसलाव बोरिसोफ़ ने बीबीसी को बताया कि रूसी सेना की वापसी के बाद उनकी जगह शांति सैनिकों को तैनात किया जाएगा.
गोरी शहर के पास रूसी सैनिक

विश्लेषकों का कहना है कि नियमित सैनिकों की जगह शांति सैनिकों की तैनाती से जॉर्जिया के एक बड़े हिस्से पर रूस के प्रभावी नियंत्रण पर कोई विशेष असर नहीं पड़ेगा.

उल्लेखनीय है कि रूसी सैनिक रविवार को भी जॉर्जियाई राजधानी तिबलिसी से 35 किलोमीटर दूर एक ठिकाने पर तैनात थे.

सामरिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण जॉर्जियाई शहर गोरी में अब कम ही संख्या में रूसी सैनिक रह गए हैं, लेकिन इस शहर को आनेजाने वाले सारे रास्ते अब भी रूसी सेना के नियंत्रण में हैं.

इस बीच जर्मन चांसलर एंगेला मेर्केल शांति प्रक्रिया आगे की बातचीत के लिए जॉर्जियाई राजधानी तिबलिसी पहुँचीं.

राष्ट्रपति साकशविली से मुलाक़ात के बाद मेर्केल ने कहा कि रूस को जॉर्जियाई इलाक़ों से अपने सैनिकों की वापसी में देर नहीं करनी चाहिए. उन्होंने कहा कि जॉर्जिया की क्षेत्रीय अखंडता का सम्मान किया जाना चाहिए.

इससे पहले शांति प्रयासों के तहत मेर्केल शुक्रवार को सॉची में रूसी राष्ट्रपति मेदवेदेव से मुलाक़ात कर चुकी हैं.