मंगलवार, 15 जुलाई, 2008 को 20:53 GMT तक के समाचार
अमरीका के राष्ट्रपति पद के लिए डेमोक्रेट पार्टी के उम्मीदवार बराक ओबामा ने कहा है कि अगर वो राष्ट्रपति बनते हैं तो वो इराक़ से 16 महीने में अमरीकी सैनिकों को वापस बुला लेंगे और उन्हें अफ़गानिस्तान भेजेंगे.
हालांकि रिपब्लिक पार्टी के उम्मीदवार जॉन मैक्कैन ने ओबामा की इराक़ नीति की आलोचना की है और कहा है कि उन्हें इराक़ मामले पर कोई नीति बनाने से पहले इराक़ जाना चाहिए और सैन्य नेतृत्व से बात करनी चाहिए.
विदेश नीति पर एक भाषण में ओबामा ने स्पष्ट किया कि उनके लिए इराक़ से अधिक महत्वपूर्ण अफ़गानिस्तान है.
ओबामा का कहना था कि अमरीका के असली सुरक्षा हितों की दृष्टि से इराक़ उतना महत्वपूर्ण नहीं है जितना अफ़गानिस्तान.
उनका कहना था कि वो अफ़गानिस्तान, पाकिस्तान और नाटो की सेना के साथ और अधिक सहयोग कर के अल क़ायदा और तालिबान को हराने की कोशिश करेंगे.
ओबामा का कहना था कि वो अन्य देशों के साथ अमरीकी संबंधों को सुधारने की कोशिश करेंगे और अमरीका की छवि सुधारेंगे जो इराक़ युद्ध के कारण ख़राब हुई है.
ओबामा की विदेश नीति पर टिप्पणी करते हुए मैक्कैन का कहना था कि 16 महीनों में अमरीकी सैनिकों को वापस बुलाने की ओबामा की रणनीति का अर्थ है कि चरमपंथियों के सामने समर्पण करना.
मैक्कैन का कहना था कि इराक़ में अमरीकी सैनिकों की सफलता दिखाती है कि अफ़गानिस्तान में कैसा रास्ता अपनाना चाहिए.