सोमवार, 29 अक्तूबर, 2007 को 23:36 GMT तक के समाचार
सऊदी अरब के शाह अब्दुल्ला ब्रिटेन की यात्रा की शुरूआत कर रहे हैं तो दूसरी ओर उनके विदेश मंत्री शहज़ादा सऊद अल फ़ैसल ने चेतावनी दी है कि ईरान के ख़िलाफ़ सैन्य कार्रवाई के उल्टे परिणाम निकलेंगे.
शाह अब्दुल्ला सोमवार को लंदन पहुँचे हैं और उनकी राजकीय यात्रा मंगलवार से शुरू होगी.
सऊदी अरब के शाह अब्दुल्ला की ब्रिटेन यात्रा के दौरान ईरान के मुद्दे पर उभरा गतिरोध उनकी राजनीतिक वार्ताओं में साफ़ उभरने के आसार बनते दिखाई दे रहे हैं.
इधर शाह अब्दुल्ला ब्रिटेन पहुंचे और उधर सऊदी अरब के विदेश मंत्री शहज़ादा सऊद अल फ़ैसल ने ये चेतावनी दे डाली कि ईरान पर सैन्य कार्रवाई के उल्टे नतीजे हो सकते हैं.
हालांकि इससे पहले शाह अब्दुल्ला ने बीबीसी को दिए इंटरव्यू में ये साफ़ कहा था कि वे ईरान पर किसी सवाल का जवाब नहीं देंगे.
लेकिन शहज़ादा अल फ़ैसल ने बीबीसी से बातचीत में कहा,'' मैं उम्मीद करता हूँ कि ईरान पर सैन्य कार्रवाई की धमकी पर अमल नहीं किया जाएगा क्योंकि इससे फायदे के बजाए नुक़सान ही होगा.
उन्होंने इस चेतावनी की गंभीरता की तरफ इशारा करते हुए ये भी कहा कि ईरान पर अगर सैन्य कार्रवाई हुई तो खाड़ी देशों सहित पूरा अंतरराष्ट्रीय समुदाय इसका ख़ामियाज़ा भुगतेगा.
सऊदी अरब के विदेश मंत्री शहज़ादा सऊद अल फ़ैसल का ये भी कहना था कि ईरान पर सैन्य कार्रवाई उसी सूरत में टाली जा सकती है जबकि दोनों ही पक्ष इसके लिए तत्परता दिखाएं.
इराक़ में और प्रयास
इराक़ के मामले पर सऊद अल फ़ैसल ने कहा कि इराक़ के पड़ोसी देशों सहित सारी अंतरराष्ट्रीय बिरादरी को ये चाहिए कि वे मिलकर इराक़ में स्थिरता लाने के प्रयास करें.
उन्होंने इराक़ के प्रति सऊदी अरब की चिंताओं को स्पष्ट करते हुए कहा कि अमरीका और ब्रिटेन दोनों को इराक़ी सेना के पुनर्गठन में मदद जारी रखनी चाहिए.
बीबीसी संवाददाता का कहना है कि ब्रिटेन में शाह अब्दुल्ला के चरमपंथ संबंधी वक्तव्यों और सऊदी अरब के ख़राब बताये गए मानवाधिकार रिकॉर्ड के बारे में ब्रिटेन की टिप्पणियों पर उनकी चिंताओं को देखते हुए ये कहा जा सकता है कि उनकी ब्रिटेन यात्रा विवादों से खाली नहीं रहेगी.
शाह अब्दुल्ला ने कहा है कि 'आतंकवाद के ख़िलाफ़ संघर्ष' में ब्रिटेन जैसे देशों को और मुस्तैदी दिखाने की ज़रूरत है.