शनिवार, 16 जून, 2007 को 06:22 GMT तक के समाचार
नाइजीरिया में 16 दिन पहले अगवा किए गए 10 भारतीयों को रिहा करा लिया गया है.
विदेश मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार अगवा किए गए सभी लोग इंडोनेशिया की फर्म इंडोरमा की साझेदार कंपनी के कर्मचारी हैं.
ग़ैरतलब है कि एक जून को अज्ञात बंदूकधारियों ने कंपनी के रिहायशी परिसर में धावा बोलकर 10 लोगों को अगवा कर लिया था. इसमें इंडोरमा के मैनेजिंग डायरेक्टर अरुण तनेजा भी शामिल थे.
भारतीय दूतावास ने इस मसले पर नाइजीरिया के अधिकारियों से बात की और इसके बाद कंपनी ने निदेशक स्तर के एक अधिकारी को अपहर्ताओं से बात करने के लिए नाइजीरिया भेजा.
कंपनी के अधिकारियों से बातचीत करने के बाद अपहर्ताओं ने सभी कर्मचारियों को रिहा कर दिया.
और अपहरण
इस बीच, बंदूकधारियों ने दो भारतीयों समेत पांच विदेशियों को बंधक बना लिया है. बदूकधारियों ने दो अलग-अलग वारदात में इन पाँच लोगों का अपहरण किया.
सेना के एक कमांडर ब्रिगेडियर जनरल लारेंस गूबेन ने कहा कि दो भारतीयों, दो चीनियों और पोलैंड के एक नागरिक को दक्षिणी नाइजर डेल्टा के विभिन्न स्थानों से अगवा किया गया.
ग़ौरतलब है कि पिछले कुछ महीनों में नाइजर डेल्टा क्षेत्र से कई विदेशियों का अपहरण किया गया है.
इसके पीछे या तो आपराधिक गिरोह रहे हैं या फिर चरमपंथी राजनीतिक गुट, जिसे मेंड के नाम से जाना जाता है.
उनकी माँग है कि नाइजीरिया में तेल उत्पादन से होने वाली आय को नाइजीरिया के विकासशील क्षेत्रों में खर्च किया जाए.
अपहरण की बढ़ती वारदात के चलते इन राज्यों को छोड़कर कई भारतीय नाइजीरिया की राजधानी लागोस जा चुके हैं.