मंगलवार, 06 मार्च, 2007 को 18:55 GMT तक के समाचार
अमरीकी उपराष्ट्रपति डिक चेनी के चीफ़ ऑफ़ स्टाफ़ रहे लुइस लिब्बी को न्याय में बाधा पहुँचाने और और झूठी गवाही देने का दोषी पाया गया है.
लिब्बी को 25 साल तक की क़ैद की सज़ा हो सकती है. हालाँकि सज़ा पर फ़ैसला जून में सुनाया जाएगा.
एक समय राष्ट्रपति कार्यालय व्हाइट हाउस में गहरी पैठ रखने वाले लिब्बी पर अमरीकी ख़ुफ़िया एजेंसी सीआईए की एजेंट वैलरी पाम की पहचान सार्वजनिक करने के मामले की जाँच के दौरान एफ़बीआई और जूरी के समक्ष झूठ बोलने का अभियोग चलाया गया.
उनके वकीलों ने ताज़ा फ़ैसले को 'दुर्भाग्यपूर्ण' करार देते हुए नए सिरे से सुनवाई या फ़ैसले के ख़िलाफ़ अपील करने की बात कही है.
लिब्बी अमरीका में 'स्कूटर' के नाम से चर्चित हैं. उन्हें पाँच में से चार मामले में दोषी पाया. एफबीआई से झूठ बोलने के आरोप से वो मुक्त हो गए.
व्हाइट हाउस की कार्यप्रणाली
संवाददाताओं का कहना है कि इस मुक़दमे से राष्ट्रपति कार्यालय के कामकाज के तरीक़ों के बारे में नई जानकारियाँ सामने आ सकती हैं.
सीआईए एजेंट वलेरी पाम की पहचान वर्ष 2003 में एक अमरीकी रिपोर्टर को लीक की गई थी.
वैलेरी पाम के पति ने इराक़ युद्ध की आलोचना की थी.
किसी भी ख़ुफ़िया एजेंट की पहचान लीक करना अमरीका में ज़ुर्म है. वैलेरी पाम की पहचान उस समय सार्वजनिक हुई थी जब उनके पति और पूर्व राजनयिक जोसेफ़ विल्सन ने इराक़ में सैनिक कार्रवाई के लिए बुश प्रशासन की आलोचना की थी.
विल्सन ने कहा था कि ये सब इसलिए किया गया ताकि उनकी विश्वसनीयता को कम किया जा सके. जबकि अन्य लोगों की सोच ये थी कि ऐसा इसलिए किया गया क्योंकि विल्सन ने सरकार की आलोचना की थी.
लिब्बी और राष्ट्रपति बुश के वरिष्ठ सलाहकार कार्ल रोव ने 2003 में इस सीआईए एजेंट के बारे में पत्रकारों से बात की थी. लेकिन दोनों ने इससे इनकार किया था कि उन्होंने वैलेरी पाम का नाम लिया था.