सोमवार, 18 दिसंबर, 2006 को 04:12 GMT तक के समाचार
रेड क्रास संस्था ने अपील की है कि बग़दाद में राहत एजेंसी रेड क्रीसेंट के अगवा किए गए क़रीब 20 कर्मचारियों को तत्काल रिहा किया जाना चाहिए.
क्रीसेंट के कर्मचारियों के अपहरण पर चिंता व्यक्त करते हुए रेड क्रास ने कहा है कि क्रीसेंट की ओर से इराक़ी लोगों की ज़रूरत के समय में बहुत ही अनिवार्य और कारगर मदद दी जाती रही है.
रविवार को इराक़ की राजधानी बग़दाद में कुछ बंदूकधारियों ने राहत एजेंसी रेड क्रीसेंट के कई कर्मचारियों को अगवा कर लिया था.
बताया जा रहा है कि अपहरण करने वाले लोग क़रीब 20 की तादाद में कमांडो की पोशाक पहनकर और हथियारबंद होकर कई गाड़ियों में रेड क्रीसेंट के दफ़्तर में पहुँचे थे.
हालांकि इसी समय अगवा किए गए छह अन्य लोगों को बाद में बग़दाद के सीमावर्ती इलाके में रिहा कर दिया गया है. इनमें ड्राइवर और सुरक्षा गार्ड शामिल हैं.
इराक़ में रेड क्रीसेंट के एक हज़ार कर्मचारी और दो लाख से ज़्यादा स्वयंसेवक हैं. इराक़ में काम करने वाले राहत संगठनों में रेड क्रीसेंट ही एकमात्र है जो देश के 18 प्रांतों में काम करता है.
उल्लेखनीय है कि तीन वर्ष पहले ही इराक़ स्थित रेड क्रास के कार्यालयों पर किए गए बम हमलों के बाद ही उसने अपने स्टाफ़ को इराक़ से हटा लिया था.
अपहरण की ऐसी कई घटनाओं के लिए शिया विद्रोहियों को ज़िम्मेदार ठहराया जाता रहा है.
बीबीसी के स्थानीय संवाददाता के मुताबिक इराक़ में यह भी संदेह व्यक्त किया जा रहा है कि पुलिस बल में चरमपंथियों ने घुसपैठ कर ली है और उनमें अंतर कर पाना मुश्किल हो रहा है.