रविवार, 10 दिसंबर, 2006 को 10:52 GMT तक के समाचार
रूसी जासूस एलेक्ज़ेंडर लित्विनेन्को की विधवा मरीना का कहना है कि उनके पति की हत्या के पीछे रूसी अधिकारियों का हाथ हो सकता है.
मरीना लित्विनेन्को ने भरोसा जताया कि ब्रिटेन की पुलिस उनके पति के हत्यारों का पता लगाने में कामयाब होगी.
उन्होंने 'द संडे टाइम्स' से हुई बातचीत में बताया कि रूसी अधिकारियों ने अभी तक उनसे किसी तरह का संपर्क नहीं किया है.
ग़ौरतलब है कि पिछले महीने रूसी ख़ुफ़िया एजेंसी केजीबी के पूर्व जासूस एलेक्ज़ेंडर लित्विनेन्को की लंदन के एक अस्पताल में मृत्यु हो गई थी.
जाँच के बाद डॉक्टरों ने संदेह जताया था कि उनकी मौत रेडियोधर्मी पदार्थ पोलोनियम के विकिरण से हुई है.
वो रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की नीतियों के आलोचक थे और पुतिन के व्यक्तिगत जीवन पर लगाए गए आरोपों को लेकर चर्चा में रहे थे.
अधिकारियों से ख़फ़ा
मरीना लित्विनेन्को ने रूसी अधिकारियों पर तो ऊंगली उठाई लेकिन हत्या के पीछे पुतिन का हाथ होने से इनकार किया. उन्होंने कहा, "यह तय है कि पुतिन खुद इसमें शामिल नहीं थे. निश्चित रूप से नहीं."
रूसी अधिकारियों की जाँच पर उन्होंने कहा, "मैं उनकी जाँच प्रक्रिया में सहयोग नहीं करने वाली हूँ. मैं विश्वास नहीं कर सकती कि वो सच्चाई सामने लाएंगे. मुझे नहीं लगता कि वो जिन सबूतों की खोज करेंगे उसका ठीक ढ़ंग से इस्तेमाल करेंगे."
एलेक्ज़ेडर लित्विनेन्को की मौत के बाद उनके शरीर से रेडियोधर्मी पदार्थ पोलोनियम-210 के अंश मिले थे.
मरीना ने कहा कि मृत्यु से पहले जब उनकी अपने पति से आख़िरी बार बात हुई तो उन्होंने कहा था, "मरीना, मैं तुम्हें बहुत प्यार करता हूँ."
मरीना ने कहा, "जिस दिन वो मरे और उससे एक दिन पहले भी मुझे पूरा विश्वास था कि वो ठीक हो जाएंगे. हम बोन मैरो (मेरूरज्जा) प्रत्यारोपण की बात कर रहे थे और भविष्य के बारे में सोच रहे थे."
उन्होंने कहा कि जब इस तरह की बिल्कुल बेबुनियाद ख़बरें आने लगी कि उनके पति का व्यक्तित्व संदेहास्पद था तब उन्होंने ख़ुद मुंह खोलने का फ़ैसला किया.