शुक्रवार, 08 दिसंबर, 2006 को 17:00 GMT तक के समाचार
हिज़्बुल्ला नेताओं ने फ़ुआद सिन्यूरा के नेतृत्व वाली लेबनान सरकार पर पश्चिम परस्त होने का आरोप लगाते हुए जनप्रदर्शन जारी रखने का संकल्प व्यक्त किया है.
हिज़्बुल्ला नेताओं ने सिन्यूरा से इस्तीफ़ा देने का माँग की है.
मध्य बेरूत में एकत्रित अपने समर्थकों को संबोधित करते हुए हिज़्बुल्ला के प्रमुख शेख हसन नसरल्ला ने कहा कि लेबनान को नई और विदेशी प्रभाव से मुक्त सरकार की ज़रूरत है.
वीडियो लिंक के ज़रिए उन्होंने कहा कि हिज़्बुल्ला बातचीत के लिए तैयार है और अपने साथी लेबनानियों से नहीं लड़ेगा.
सरकार समर्थकों और सरकार विरोधियों के बीच छिटपुट झड़पों के बीच हज़ारों की तादाद में हिज़्बुल्ला के समर्थक पिछले एक सप्ताह से मध्य बेरूत में प्रदर्शन कर रहे हैं.
इल्ज़ाम
नसरल्ला ने लोगों से कहा कि वे रविवार को विशाल प्रदर्शन के लिए तैयार रहें.
उन्होंने लेबनान के प्रधानमंत्री सिन्यूरा की जमकर आलोचना की और पूछा, “क्या लेबनान के प्रधानमंत्री ने सप्लाई लाइनें काटने का काम नहीं किया है.”
उन्होंने बिना किसी का नाम लिए सिन्यूरा सरकार के एक प्रतिनिधि पर इसराइल के साथ मिलकर हिज़्बुल्ला को हराने की कोशिश करने का आरोप भी लगाया.
संघर्ष नहीं
बेरूत से बीबीसी संवाददाता ने बताया कि यह सरकार के ख़िलाफ़ नसरल्ला के सबसे तीखे भाषणों में से एक था.
हिज़्बुल्ला ने पिछले माह सरकार में शामिल अपने मंत्रियों को हटा दिया था.
हिज़्बुल्ला प्रमुख ने कहा कि वे और उनके सहयोगी स्वतंत्र सरकार चाहते हैं जो विदेशी ताक़तों के एजेंडे पर नहीं चलेगी.
लेकिन उन्होंने गृह युद्ध की संभावना को खारिज़ कर दिया और लेबनान के शिया मुसलमानों को चेतावनी दी कि सुन्नी मुसलमानों या ईसाइयों से लड़ने के कोई ज़रूरत नहीं है.