बुधवार, 06 दिसंबर, 2006 को 11:09 GMT तक के समाचार
अमरीका में इराक़ स्टडी ग्रुप के सदस्यों ने इराक़ में भावी अमरीकी नीति पर अपनी अनुशंसाएँ राष्ट्रपति बुश को सौंप दी हैं.
बुश प्रशासन के एक अधिकारी ने कहा है कि व्हाहट हाउस इस रिपोर्ट का स्वागत करता है.
रिपोर्ट के पूरी जानकारी कुछ घंटे बाद ही उपलब्ध होगी. लेकिन इराक़ स्टडी ग्रुप की रिपोर्ट के कुछ अंश सामने आए हैं.
टेलीवीज़न चैनल एबीसी के पास रिपोर्ट के कुछ अंश हैं जिसमें कहा गया है कि इराक़ में स्थायित्व लाने के लिए नया कूटनीतिक अभियान चलाना होगा.
लीक हुई इस रिपोर्ट के मुताबिक मध्य पूर्व में अमरीका के विरोधी खेमे वाले देशों-सीरिया और ईरान से बातचीत करनी चाहिए.
इसके अलावा रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि मध्य पूर्व में शांति के लिए इसराइल और फ़लस्तीनियों के बीच संघर्ष को ख़त्म करना होगा.
'सैनिक वापसी'
एबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक अगले 18 महीनों में चरणबद्ध तरीके से अमरीकी सैनिकों की वापसी की बात भी उठाई गई है.
इराक़ स्टडी ग्रुप की इस रिपोर्ट के अंश लीक होने से एक दिन पहले ही अमरीकी सीनेट की समिति ने नए रक्षा मंत्री के लिए रॉबर्ट गेट्स के नाम की पुष्टि की थी.
उन्होंने समिति के सामने कहा था कि अमरीका इराक़ में नहीं जीत रहा. साथ ही उन्होंने कहा था कि वे इराक़ को लेकर नए विचारों का स्वागत करते हैं.
उन्होंने आगाह किया था इराक़ की स्थिति आने वाले समय में मध्य पूर्व के हालात तय करेगी.
बुधवार को अमरीकी सीनेट रॉबर्ट गेट्स के नाम पर चर्चा करेगी और उम्मीद की जा रही है कि उनके नाम की पुष्टि हो जाएगी.
दस सदस्यीय इराक़ स्टडी ग्रुप का गठन इस साल अप्रैल में किया गया था. अमरीकी राष्ट्रपति जॉर्ज बुश ने कहा है कि वे इस रिपोर्ट को पढ़ेंगे लेकिन ये ज़रूरी नहीं है कि वे इसकी अनुसंशाओं का मानें.
मीडिया में लीक हुई ख़बरों के मुताबिक, रिपोर्ट में इराक़ में अमरीकी सैनिकों की कटौती का समर्थन किया गया है- वर्तमान में तैनात एक लाख चालीस लाख से घटाकर लगभग आधी संख्या करना.
माना जा रहा है कि सैनिक वापसी की तारीख़ तय करने की बात भी रिपोर्ट में कही गई है.
इराक़ स्टडी ग्रुप ने करीब 170 लोगों से बात की है जिसमें इराक़ी नेता, राष्ट्रपति बुश, ब्रितानी प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर और इराक़ के पड़ोसी देशों के राजदूत और अधिकारी शामिल हैं.