शुक्रवार, 30 जून, 2006 को 01:39 GMT तक के समाचार
गज़ा क्षेत्र में इसराइली सेना और फ़लस्तीनी लड़ाकों के साथ संघर्ष की ख़बरें हैं. गज़ा में इसराइली सेना के प्रवेश के बाद पहली बार संघर्ष हो रहा है.
इससे पहले इसराइली विमानों ने हमास के कई ठिकानों पर बमबारी की है. इसमें फ़लस्तीनी प्रशासन के गृहमंत्रालय का भवन भी शामिल है.
इसराइली सेनाओं ने अपने अपहृत सैनिक को छुड़ाने के लिए दो दिन पहले गज़ा क्षेत्र में प्रवेश किया है और पिछले मंगलवार से हवाई हमले जारी रखे हुए हैं.
इस बीच संयुक्त राष्ट्र के राहत अधिकारी जैन इगैलैंड ने गज़ा में बिजली घर को उड़ा देने को मानवीय क़ानूनों का उल्लंघन बताया है.
कार्रवाई
फ़लस्तीनी सुरक्षा सूत्रों का कहना है कि चरमपंथियों और इसराइली सेना के बीच उत्तरी गज़ा के जुबालिया शहर में भारी गोलीबारी हुई है.
ख़बरें हैं कि सैनिक सैनिकों की वर्दी में नहीं थे और ऐसे सैनिकों के पास आमतौर पर ख़ुफ़िया जानकारियाँ जुटाने का काम होता है.
इसराइली सेना ने पहले उत्तरी गज़ा में सेना की उपस्थिति का खंडन कर दिया था.
बीबीसी संवाददाता एलन जॉन्सटन का कहना है कि इस बात की संभावना बहुत कम है कि वे ख़ुफ़िया सैनिकों की उपस्थिति को स्वीकार करेंगे.
इस बीच गज़ा पर इसराइली हेलीकॉप्टर और चालक रहित विमान लगातार मंडरा रहे हैं और बमबारी कर रहे हैं.
इससे पहले फ़लस्तीनी प्रशासन पर दबाव बढ़ाने के प्रयासों के तहत इसराइली सेना ने हमास के नेतृत्व वाली फ़लस्तीनी सरकार के कम से कम 64 सांसदों और अधिकारियों को हिरासत में ले लिया है.
हिरासत में जो लोग हैं उन्हें मुख्य रूप से पश्चिमी तट से पकड़ा गया है और उनमें फ़लस्तीनी उपप्रधानमंत्री नासिर शायर भी हैं.
इसराइली सेना इन मंत्रियों और सांसदों की गिरफ़्तारी को अपने उस सैनिक को छुड़ाने में सौदेबाज़ी के लिए इस्तेमाल कर रही है जिसे रविवार को कुछ फ़लस्तीनी चरमपंथियों ने अगवा कर लिया था.
उल्लेखनीय है कि पिछले रविवार को एक सैन्य चौकी पर हमला करने के बाद फ़लस्तीनी चरमपंथियों ने एक इसराइली सैनिक गिलाद शालित का अपहरण कर लिया था.
चरमपंथी माँग कर रहे हैं कि इसराइल जेलों में क़ैद महिलाओं और बच्चों को रिहा करे तभी वे सैनिक को छोड़ेंगे. लेकिन इसराइली प्रधानमंत्री एहुद ओल्मर्ट ने इसे सिरे से ख़ारिज कर दिया है.