बुधवार, 22 फ़रवरी, 2006 को 20:39 GMT तक के समाचार
इराक़ के राष्ट्रपति जलाल तालाबानी ने देश को गृहयुद्ध से बचाने के लिए समाज के सभी वर्गों से मिलकर काम करने की अपील की है.
तालाबानी ने शिया मुसलमानों के मुख्य तीर्थ पर बम हमले के बाद बने तनाव की स्थिति को देखते हुए यह आग्रह किया है.
इस बीच शिया समुदाय के सबसे पावन स्थलों में से एक अल अस्करी मज़ार पर हुए बम हमले के बाद बुधवार को इराक़ के कई हिस्सों में सुन्नी मुसलमानों पर हमले हुए हैं.
इन हमलों में तीन मौलवियों समेत आठ लोगों की मौत हो गई है.
धमाके में मज़ार को बहुत नुक़सान हुआ है. उसका प्रमुख गुंबद पूरी तरह ध्वस्त हो गया.
अभी तक किसी ने भी इस हमले की ज़िम्मेदारी स्वीकार नहीं की है.
राष्ट्रपति तालाबानी ने आरोप लगाया कि हथियारबंद लोगों के एक गिरोह ने इराक़ में राष्ट्रीय सहमति की सरकार के गठन को रोकने के उद्देश्य से मज़ार पर हमला किया.
अपील
इराक़ में शियाओं के शीर्ष आध्यात्मिक नेता अयातुल्ला अली अल-सिस्तानी ने भी लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है.
इस बीच इराक़ में अल अस्करी मज़ार पर हमले की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निंदा हुई है.
इराक़ में अमरीकी राजदूत ज़लमे खालिज़ाद ने हमले को मानवता के ख़िलाफ़ अपराध बताया है.
ब्रितानी प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर ने हमले को भड़काने वाली कार्रवाई बताते हुए कहा कि ब्रिटेन मज़ार के पुनर्निर्माण का ख़र्च उठाने के लिए तैयार है.
ईरान ने भी हमले की निंदा की है.