शुक्रवार, 10 फ़रवरी, 2006 को 00:36 GMT तक के समाचार
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा है कि वे हमास के नेताओं को मॉस्को आमंत्रित करना चाहते हैं और रूस हमास को चरमपंथी संगठन नहीं मानता.
हमास ने पिछले महीने हुए फ़लस्तीनी संसदीय चुनाव में जीत हासिल की है.
हमास ने कहा है कि वो बातचीत के लिए मॉस्को आने का निमंत्रण स्वीकार करेगा.
स्पेन की यात्रा के दौरान दिए बयान में व्लादिमीर पुतिन ने कहा कि पश्चिमी देशों और इसराइल के उल्ट, रूस हमास को चरपमंथी संगठन नहीं मानता.
उन्होंने कहा कि हमास के साथ संपर्क रखने के लिए रूस कोई नहीं शर्त नहीं लगाएगा.
इसराइल ने रूस के इस फ़ैसले की आलोचना की है.
इसराइल का कहना है कि जब तक हमास हिंसा नहीं त्यागता और इसराइल को मान्यता नहीं देता तब तक हमास के साथ कोई बातचीत नहीं होनी चाहिए.
फ़लस्तीनी चरमपंथी संगठन हमास ने जनवरी में हुए चुनाव में शानदार जीत दर्ज की थी. चुनाव में हमास को 132 में से 76 सीटें मिलीं थीं जबकि फ़तह को 43 सीटें ही मिलीं पाई थीं.
मध्य पूर्व विवाद को सुलझाने में रुस, अमरीका, यूरोपीय संघ और संयुक्त राष्ट्र अहम भूमिका निभाते रहे हैं.
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पिछले साल इसराइल का दौरा भी
किया था.