रविवार, 05 फ़रवरी, 2006 को 07:06 GMT तक के समाचार
ग़ज़ा स्थित फ़लस्तीनी चरमपंथी गुट हमास के नेता मिस्र की राजधानी काहिरा के दौरे पर जा रहे हैं जहाँ वे संगठन के निर्वासित नेताओं ने नई सरकार के गठन के बारे में विचार-विमर्श करेंगे.
पिछले महीने हुए फ़लस्तीनी चुनाव में हमास ने जीत हासिल की थी जबकि सत्ताधारी फ़तह पार्टी को हार का सामना करना पड़ा था.
उम्मीद है कि काहिरा के बाद हमास के नेता अन्य अरब देशों की राजधानियों का भी दौरा करेंगे और अरब देशों से वित्तीय सहायता की मांग करेंगे.
फ़लस्तीनी चुनाव में हमास की जीत के बाद अमरीका और यूरोपीय संघ ने चेतावनी दी थी कि अगर हमास के नेतृत्व वाली सरकार इसराइल को मान्यता नहीं देती, तो वित्तीय सहायता बंद की जा सकती है.
शनिवार को सरकार गठन के मुद्दे पर हमास के नेताओं ने फ़लस्तीनी प्रशासन के नेता महमूद अब्बास से मुलाक़ात की.
दोनों के बीच इस बात पर सहमति हो गई है कि 16 फरवरी को संसद का सत्र बुलाया जाए. उम्मीद है कि इसी समय महमूद अब्बास हमास को सरकार बनाने का न्योता देंगे.
गठबंधन
हमास का कहना है कि वह फ़तह पार्टी के साथ गठबंधन बनाना चाहता है लेकिन वह अकेले भी सरकार चलाने को तैयार है.
फ़लस्तीनी चुनाव में जीत हासिल करने के बाद हमास पर इस बात को लेकर अंतरराष्ट्रीय दबाव बढ़ गया है कि वह इसराइल के ख़िलाफ़ हिंसा की निंदा करे.
अभी तक हमास ने ऐसा करने से इनकार किया है लेकिन उसका कहना है कि वह अपनी सशस्त्र शाखा को फ़लस्तीनी सेना में मिलाने को तैयार है.
शनिवार को महमूद अब्बास से मुलाक़ात के बाद हमास के नेता इस्माइल हनिया ने पत्रकारों को बताया, "हम महमूद अब्बास के साथ इस बात पर सहमत हो गए हैं कि संसद की बैठक 16 फरवरी को बुलाई जाए."
दूसरी ओर ग़ज़ा में इसराइल के हवाई हमले में तीन फ़लस्तीनी चरमपंथियों के मारे जाने की ख़बर है. इसराइली वायु सेना ने मध्यरात्रि के बाद दक्षिणी ग़ज़ा में हमला किया.
शहर के स्पोर्ट्स सेंटर पर रॉकेट से हमला किया गया. माना जा रहा है कि इसका इस्तेमाल चरमपंथी गुट अल अक़्सा शहीदी ब्रिगेड के सदस्य कर रहे थे.
इसराइली सेना का कहना है कि स्पोर्ट्स सेंटर पर इसलिए हमला किया गया क्योंकि इसका इस्तेमाल रॉकेट हमलों की तैयारी के लिए हो रहा था.
इसके कुछ घंटे पहले ही अल अक़्सा के सदस्यों ने कहा था कि उन्होंने पड़ोसी दक्षिणी इसराइल पर चार मिसाइल दाग़े हैं.