मंगलवार, 24 जनवरी, 2006 को 21:16 GMT तक के समाचार
इसराइल के कार्यवाहक प्रधानमंत्री एहुद ओल्मर्ट ने कहा है कि इसराइल को पश्चिमी तट के अन्य हिस्सों से भी हटना होगा.
प्रधानमंत्री अरियल शेरॉन के गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती होने के बाद ओल्मर्ट को कार्यवाहक प्रधानमंत्री बनाया गया था.
अंतरिम नेता के रूप में अपने पहले नीतिगत भाषण में ओल्मर्ट ने कहा, "हम उन इलाक़ों में अपना नियंत्रण जारी नहीं रख सकते जहाँ ज़्यादातर फ़लस्तीनी रहते हैं."
उन्होंने कहा कि आगे सबसे महत्वपूर्ण काम ये है कि अच्छाई के लिए हमें देश की सीमा को आकार देना होगा. एहुद ओल्मर्ट इस समय कदिमा पार्टी का भी नेतृत्व संभाल रहे हैं, जिसका हाल ही में प्रधानमंत्री अरियल शेरॉन ने गठन किया था.
'महत्वपूर्ण क़दम'
एक संवाददाता सम्मेलन में कार्यवाहक प्रधानमंत्री एहुद ओल्मर्ट ने कहा कि पिछले साल ग़ज़ा पट्टी और पश्चिमी तट के कुछ हिस्सों से इसराइल की वापसी एक महत्वपूर्ण क़दम था.
उन्होंने कहा, "इसराइल की भूमि के हर हिस्से पर यहूदियों को रहने की अनुमति और यहूदी बहुमत वाले राष्ट्र में रहने में से विकल्प इस बात पर ज़ोर देता है कि हमें इसराइली भूमि का कुछ हिस्सा देना पड़ेगा."
हालाँकि ओल्मर्ट ने कहा कि इसराइल सुरक्षा ज़ोन, मुख्य बस्तियाँ और यरूशलम जैसे यहूदी लोगों के लिए महत्वपूर्ण स्थानों को अपने पास ही रखेगा.
उन्होंने कहा कि इसराइली संप्रभुता के अधीन यरूशलम के बिना कोई यहूदी राष्ट्र नहीं रह सकता. अपने भाषण में ओल्मर्ट ने अमरीकी समर्थन वाले रोड मैप को पूरी तरह लागू करने की अपील की.
कार्यवाहक प्रधानमंत्री ने बुधवार को होने वाले फ़लस्तीनी चुनाव को वहाँ के लोगों के लिए ऐतिहासिक मौक़ा बताया. उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वाधीनता हासिल करने की दिशा में उनके लिए यह चुनाव एक क़दम है.