सोमवार, 09 जनवरी, 2006 को 08:26 GMT तक के समाचार
इंडोनेशिया सरकार ने कहा है कि बर्ड फ़्लू से वहाँ एक और व्यक्ति की मौत हो गई है. बर्ड फ़्लू के चलते इंडोनेशिया में 11 लोगों की मौत हो चुकी है.
स्थानीय स्तर पर हुए परीक्षण के बाद पता चला है कि जिस 39 वर्षीय व्यक्ति की मौत हुई उसे बर्ड फ़्लू था. हालांकि विश्व स्वास्थ्य संगठन ने अभी नतीजों की पुष्टि नहीं की है.
उधर तुर्की के स्वास्थ्य मंत्रालय ने भी प्रारंभिक जाँच के आधार पर पाँच लोगों में बर्ड फ्लू का ख़तरनाक एच5एन1 वायरस पाए जाने की पुष्टि की है. इनमें से चार बच्चे हैं.
तुर्की की राजधानी अंकारा के गवर्नर ने बताया है कि अंकारा में दो बच्चों समेत तीन लोग एच5एन1 की चपेट में हैं.
उधर पूर्वी तुर्की के वैन नगर में दो अन्य बर्ड फ़्लू के मामले सामने आए.
लेकिन लंदन स्थित विश्व स्वास्थ्य संगठन की प्रयोगशाला ने फ़िलहाल उन मामलों की पुष्टि नहीं की है.
कारण
विश्व स्वास्थ्य संगठन की एक टीम अपनी जाँच करने पूर्वी तुर्की पहुँच गई है जहाँ पिछले हफ़्ते तीन बच्चे मारे गए हैं जिनमें से कम से कम दो बच्चे एच5एन1 वायरस के चलते मारे गए.
ये तीनों बच्चे एक ही परिवार के थे और तीनों पोल्ट्री के संपर्क में थे.
बर्ड फ़्लू के संदिग्ध लक्षणों के लिए वैन में करीब 20 लोगों का इलाज हो रहा है.
फ़िलहाल ये स्पष्ट नहीं हो पाया है कि राजधानी अंकारा के पास तीन लोगों को बर्ड फ़्लू कैसे हुआ.
ख़बरें हैं कि वहाँ इस हफ़्ते बत्तकों में ये वायरस पाया गया था.
पूर्वी तुर्की में अधिकारी सभी पक्षियों को मारने की आपात योजना पर काम कर रहे हैं. माना जा रहा है कि यहीं से बर्ड फ़्लू का वायरस फैला है. लेकिन यह काम बड़ा है और इसे पूरा करने में काफ़ी समय लग सकता है.
विश्व स्वास्थ्य संगठन
रविवार रात को विश्व स्वास्थ्य संगठन के विशेषज्ञों का एक दल इस इलाक़े में पहुँच गया है.
इन विशेषज्ञों की प्राथमिकता ये पता लगाना है कि कैसे ये वायरस फैल रहा है और क्या मनुष्यों में इस वायरस के फैलने का कोई लक्षण तो नहीं.
तुर्की के अधिकारी इन आरोपों से अपना बचाव कर रहे हैं कि उन्होंने बर्ड फ़्लू को रोकने के लिए जल्द क़दम नहीं उठाए.
अधिकारियों का कहना है कि उन्हें लोगों को ये समझाने में दिक्कतें पेश आईं कि वे अपने पक्षी सौंप दें ताकि उन्हें मारा जा सके.
इस बीच तुर्की की सरकारी एजेंसी के मुताबिक़ ईरान ने तुर्की से लगे एक मार्ग को बंद कर दिया है.
रूस की इंटरफ़ैक्स एजेंसी के मुताबिक़ रूसी लोगों को तुर्की न जाने की सलाह दी गई है.