शनिवार, 12 नवंबर, 2005 को 23:22 GMT तक के समाचार
इराक़ के पूर्व राष्ट्रपति सद्दाम हुसैन की सरकार में दूसरे सबसे शक्तिशाली व्यक्ति माने जाने वाले इज़्ज़त इब्राहिम अल दौरी के निधन की पुष्टि हो गई है.
इराक़ की पूर्व सत्ताधारी बाथ पार्टी की वेबसाइट पर अल दौरी के निधन के बारे में एक बयान जारी किया गया है.
इस वेबसाइट पर उन्हे इराक़ी विद्रोह का कमांडर बताया गया जिन्होंने बंदी बने सद्दाम हुसैन की अनुपस्थिति में नेतृत्व संभाला.
पूरे चौबीस घंटे बाद इस अल दौरी के निधन की पुष्टि हो सकी है. वेबसाइट पर बताया गया है कि इज़्ज़त-इब्राहिम-अल-दौरी का शुक्रवार को निधन हो गया. वे ख़ून के कैंसर ल्यूकीमिया से पीड़ित थे.
इज़्ज़त इब्राहिम पर अमरीकी प्रशासन ने एक करोड़ डॉलर का ईनाम रखा था. इस्लामिक विद्रोही नेता अबू मुसाब अल ज़रकावी के अलावा अमरीका को अल दौरी की सबसे अधिक तलाश थी.
कई बार अमरीकियों को लगा कि उन्होने इज़्ज़त इब्राहिम को पकड़ लिया है लेकिन फिर पता चला कि वो कोई और था.
इज़्ज़त इब्राहिम सद्दाम हुसैन के सबसे पुराने सहयोगियों में से थे. उन्होने 1968 में इराक़ी सत्ता के ख़िलाफ़ विद्रोह में हिस्सा लिया था जिसके बाद बाथ पार्टी सत्ता में आई थी.
वे सद्दाम हुसैन के बहुत क़रीबी थे और सद्दाम हुसैन को भी उनपर पूरा भरोसा था. वे बाथ पार्टी में दूसरे सबसे शक्तिशाली व्यक्ति थे.
सद्दाम सरकार में असली सत्ता रिवोल्यूशनरी कमांड काउन्सिल, बाथ पार्टी और सशस्त्र सेना के हाथों में थी और इज़्ज़त इब्राहिम तीनों के उप नेता थे.
इज़्ज़त इब्राहिम ने उत्तर में कुर्दों और दक्षिण में शियाओं के दमन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.
लेकिन 2003 में अमरीका के नेतृत्व में हुए हमले के बाद जब सद्दाम सरकार का तख़्ता पलट गया तो वे अज्ञातवास में चले गए.
अमरीकियों का ये मानना था कि इराक़ में जो भी विद्रोही गतिविधियाँ चल रही हैं उनके पीछे इज़्ज़त इब्राहिम का ही हाथ रहा है.