शुक्रवार, 11 नवंबर, 2005 को 15:43 GMT तक के समाचार
जॉर्डन की राजधानी अम्मान में हुए बम धमाकों के सिलसिले पुलिस ने बड़ी संख्या में गिरफ़्तारियाँ की हैं.
बुधवार को अम्मान में हुए बम धमाके में कम से कम 57 लोग मारे गए थे और एक सौ से अधिक लोग घायल हो गए.
अल क़ायदा ने इन हमलों की ज़िम्मेदारी ली है और चार बम हमलावरों के नाम भी जारी किए हैं, ये सभी इराक़ी नागरिक थे जिनमें पति-पत्नी की एक जोड़ी भी शामिल है.
इन लोगों के नाम हैं--अबू ख़बीब, अबू मौज़, अबू उमैरा और औम उमैरा. बताया गया है कि अबू उमैरा और औम उमेरा पति-पत्नी थे.
अल क़ायदा के बयान में कहा गया था, "उन्होंने जान देने का संकल्प किया था और उन्होंने ख़ुदा की रहमत पाने का सबसे आसान रास्ता चुना."
यह बयान अल क़ायदा से जुड़ी वेबसाइट पर प्रकाशित किया गया है लेकिन किसी निष्पक्ष सूत्र से इस बात की पुष्टि नहीं हो सकी है कि यह अल क़ायदा का ही बयान है.
इस बीच संयुक्त राष्ट्र के महासचिव कोफ़ी अन्नान ने इसे 'नृशंस कृत्य' बताते हुए इसकी कड़ी निंदा की है.
उन्होंने कहा, "किसी विचारधारा या किसी मुद्दे के आधार पर मासूम लोगों की हत्या को जायज़ नहीं ठहराया जा सकता."
'नहीं घबराएँगे'
अम्मान से बीबीसी संवाददाता जॉन लाइन का कहना है कि अम्मान में ऐसे लोगों की तादाद मौजूद है जो अल क़ायदा से सहानुभूति रखते हैं लेकिन कोई यह नहीं समझ पा रहा है कि एक शादी में शामिल लोगों को निशाना क्यों बनाया गया.
बुधवार को जिन दो होटलों पर हमला किया गया उनमें विदेशी पत्रकार, कूटनीतिक और ठेकेदार ठहरते हैं लेकिन मारे गए ज्यादातर लोग जॉर्डन के ही नागरिक हैं.
जॉर्डन के शाह अब्दुल्ला का कहना है कि वे इस तरह के हमलों से घबराने वाले नहीं है और न ही जॉर्डन को उसकी नीतियाँ बदलने के लिए मजबूर किया जा सकता है.
जॉर्डन में मारे गए लोगों में सीरिया में पैदा हुए हॉलीवुड फ़िल्मों के एक प्रोड्यूसर मुस्तफ़ा अक्काद और उनकी बेटी रीमा भी शामिल हैं.
आत्मघाती बम हमलावरों की पहचान करने की कोशिश जारी है और इस सिलसिले में डीएनए जाँच भी की जा रही है.
इस हमले के बाद पूरे जॉर्डन में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है.