मंगलवार, 06 सितंबर, 2005 को 06:40 GMT तक के समाचार
जापान के दक्षिणी हिस्से में स्थित क्युशु द्वीप पर नाबी नामक तूफ़ान के कारण हज़ारों लोगों को अपने घरों से भागना पड़ा है.
140 किलोमीटर से अधिक रफ़्तार से आए इस तूफ़ान के कारण कई लोग मारे गए हैं.
जापान सरकार ने तूफ़ान की गंभीरता को देखते हुए एक लाख लोगों को सुरक्षित जगहों पर चले जाने की चेतावनी दी थी.
जापान में आए तूफ़ान से पहले चीन और ताइवान में तालिम नाम का एक और तूफ़ान आया था जिससे भारी तबाही हुई थी.
इस तूफ़ान के कारण चीन में कम-से-कम 84 लोग मारे गए हैं.
समझा जाता है कि नाबी तूफ़ान जापान के बाद पूर्वी चीन के ज़ेजियांग प्रांत और दक्षिण कोरिया के दक्षिणी और पूर्वी हिस्सों की ओर मुड़ेगा.
नाबी तूफ़ान
नाबी तूफ़ान जापान के जिस क्युशु द्वीप पर आया है वहाँ जापान की 10 प्रतिशत आबादी रहती है.
समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने मौसम वैज्ञानिकों के हवाले से ख़बर दी है कि तूफ़ान काफ़ी ताक़तवर है और इसकी गति बहुत अधिक नहीं है, जिसके कारण भारी तबाही हो सकती है.
तूफ़ान से पहले इस क्षेत्र में भारी बारिश हुई जिससे सड़कों पर पानी भर गया है और कई जगहों पर भूस्खलन भी हुआ है.
सैकड़ों विमान सेवाएँ रद्द कर दी गई हैं और लगभग 20,000 यात्रियों को इससे प्रभावित होना पड़ा है.
फ़ुकुओका द्वीप से दक्षिण कोरिया तथा क्युशु द्वीप से पश्चिमी जापान के लिए बड़ी नौकाओं का चलना बंद कर दिया गया है.
हज़ारों घरों से बिजली भी चली गई है.