रविवार, 04 सितंबर, 2005 को 00:57 GMT तक के समाचार
अमरीका के राष्ट्रपति जॉर्ज बुश ने कहा है कि वे अगला पूरा हफ़्ता कैटरीना तूफ़ान से प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों का निरीक्षण करेंगे.
इस काम के लिए अपने पूर्वनियोजित कार्यक्रमों को तो रद्द किया ही साथ ही उन्होंने चीन के राष्ट्रपति हू जिंताओ से होने वाली बैठक भी रद्द कर दी है.
राष्ट्रपति बुश ने ये घोषणा ऐसे समय की है जब उनके देश में इस संकट से प्रभावित हुए लोगों को राहत पहुँचाने के बारे में प्रशासन की भूमिका की काफ़ी आलोचना हो रही है.
बुश ने देश को संबोधित करते हुए घोषणा की कि वे तूफ़ान से प्रभावित क्षेत्रों में सात हज़ार अतिरिक्त सैनिक भेज रहे हैं. उधर अमरीकी रक्षा मुख्यालय ने भी कहा है कि दस हज़ार अन्य रिज़र्व सैनिक प्रभावति राज्यों में भेजे जा रहे हैं.
अमरीकी प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में आपात सेवाएँ उपलब्ध करवाने के लिए नौ करोड़ डॉलर की घोषणा की है.
राष्ट्रपति बुश का कहना है कि वे शुक्रवार को ही 10.5 अरब डॉलर के राहत पैकेज को मंजूरी दे चुके हैं.
संभावना है कि रक्षा मंत्री डॉनल्ड रम्सफ़ेल्ड और विदेश मंत्री कौडोलीज़ा राइस रविवार को प्रभावित राज्यों का दौरा करेंगे.
'न्यू ऑर्लियंस का पुनर्निर्माण'
राष्ट्रपति बुश का कहना था कि सभी अमरीकियों को यकीन होना चाहिए कि देश के पास साधन हैं और इच्छाशक्ति है कि वह इस हादसे को पीछे छोड़ दे.
उन्होंने आश्वासन दिया कि पीड़ित लोगों का ध्यान रखा जाएगा और लुइसियाना, मिसीसिपी और एलाबामा में नष्ट हुए इलाक़ों का पुनर्निर्माण होगा.
राष्ट्रपति बुश ने कहा, "न्यू ऑर्लियंस के महान शहर को दोबारा बनाया और बसाया जाएगा. हम विश्व को दोबारा दिखा देंगे कि जब अमरीका में बुरे से बुरा हादसा होता है तो अमरीकी अपनी काबिलियत दिखाते हैं."
40 विमानों का इस्तेमाल
उधर प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों में तेज़ी आई है और बताया गया है कि चालीस व्यवसायिक और सैनिक विमान राहत सामग्री पहुँचाने में जुटे हैं.
इसे अमरीका की भूमि पर विमानों के ज़रिए राहत सामग्री पहुँचाने का सबसे बड़ा अभियान माना जा रहा है.
अमरीकी यातायात मंत्री नॉर्मन मिनेटा का कहना है कि तूफ़ान की सबसे अधिक मार झेलने वाले शहर न्यू ऑर्लियंस से लगातार दस हज़ार लोगों को विमानों से बाहर ले जाया जा रहा है.
बसें भी इस काम के लिए इस्तेमाल की जा रही हैं और तूफ़ान के बाद न्यू ऑर्लियंस से पहली रेलगाड़ी भी चला दी गई है.
सैनिक अधिकारियों का कहना है कि लगभग 42 हज़ार लोगों को बचाया जा चुका है.
लेकिन बीबीसी संवाददाता का कहना है कि न्यू ऑर्लियंस में स्थिति अब भी बहुत ख़राब है और हज़ारों लोग अब भी वहाँ फँसे हुए हैं.