रविवार, 21 अगस्त, 2005 को 19:59 GMT तक के समाचार
पोप बेनेडिक्ट 16वें ने लोगों को धर्मनिरपेक्षता की अपने तौर पर परिभाषाएँ निकालने के ख़तरे के प्रति आगाह किया है.
जर्मनी की अपनी यात्रा के आख़िरी दिन उन्होंने क़रीब दस लाख युवकों से आह्वान किया कि वो अपने धार्मिक मूल्यों का पालन करें.
पोप ने कहा, "कई लोग अपने अलग धार्मिक रास्ते निकाल रहे हैं और ये ख़तरनाक है और अगर इसे ज़्यादा खींचा जाए तो ये एक उपभोग की वस्तु बन जाएगी."
उन्होंने कहा कि यूरोप में लोग भगवान से दूर जा रहे हैं.
समस्याएँ
अपने भाषण में उन्होंने चर्च के भविष्य के लिए एक ख़ाका भी पेश किया जिसमें चर्च के सामने चुनौतियों और समस्याओं का ज़िक्र भी किया गया.
पोप बेनेडिक्ट ने कहा कि जर्मनी में पादिरयों की कमी की समस्या के बारे में वे जानते हैं. उन्होंने कहा कि कैथोलिक मूल्य लगातार गिरते जा रहे हैं.
इससे पहले चर्च की ओर से आयोजित विश्व युवा दिवस के मौक़े पर बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हुए. कई लोग तो रात से ही यहाँ आकर रुके हुए थे.
अपने इस दौरे में पोप बेनेडिक्ट ने विभिन्न धर्मों के बीच सौहार्द बढ़ाने पर ज़ोर दिया है. उन्होंने कई मुस्लिम नेताओं से भी बात की.
पोप बेनेडिकट 16वें रविवार शाम को कोलोन हवाई अड्डे से रवाना हो गए.
विश्व युवा उत्सव पोप जॉन पॉल द्वितीय ने शुरू किया था और तीन साल में एक बार अलग-अलग जगहों पर इसे आयोजित किया जाता है. अगला उत्सव 2008 में सिडनी में होगा.