शनिवार, 09 जुलाई, 2005 को 17:15 GMT तक के समाचार
ब्रिटेन में पुलिस ने कहा है कि लंदन पर हुए हमले बड़े ही योजनाबद्ध तरीके से किए गए थे. पुलिस के अनुसार भूमिगत रेलों में तीन बम अलग-अलग जगहों लगभग अचानक फटे थे.
इसलिए पुलिस को संदेह है कि धमाकों में टाइमिंग उपकरणों का उपयोग किया गया होगा.
यह भी तथ्य सामने आया है कि धमाकों में आधुनिक किस्म के विस्फोटकों का उपयोग किया गया था. पहले माना जा रहा था कि हमलों में देसी विस्फोटकों का इस्तेमाल किया गया होगा.
पुलिस मुख्यालय स्कॉटलैंड यार्ड में सहायक उपायुक्त ब्रायन पैडिक ने बताया कि भूमिगत रेलों में तीन धमाके 50 सेकेंड के अंतराल के भीतर हुए थे.
धमाके गुरुवार सुबह आठ बजकर पचास मिनट पर हुए थे.
लंदन अंडरग्राउंड से मिली विस्तृत तकनीकी सूचनाओं से यह तथ्य सामने आया है.
इससे पहले बम धमाकों में अच्छे खासे अंतराल की बात की जा रही थी.
बढ़ सकती है मृतकों की संख्या
लंदन में भूमिगत रेलों में तीन धमाकों के अलावा एक डबल-डेकर बम में भी बम फटा था.
इन धमाकों में मरने वालों की संख्या कम से कम 49 बताई गई है.
पुलिस ने कहा है कि किंग्स क्रॉस स्टेशन के पास सुरंग में धमाके से क्षतिग्रस्त रेल कोचों में अब भी पड़े शवों के बारे में स्थिति साफ नहीं है.
हालाँकि पुलिस ने आगाह किया है कि हताहतों की संख्या बढ़ सकती है.
वैसे पुलिस ने लापता बताए जा रहे 25 अन्य लोगों के बारे में भी स्थिति स्पष्ट नहीं की है.
पुलिस के डिप्टी चीफ़ कांस्टेबल एंडी ट्रॉटर ने कहा है कि रेल सुरंग में बहुत ही नाज़ुक काम धीमी गति से चल रहा है.