सोमवार, 10 जनवरी, 2005 को 15:30 GMT तक के समाचार
अमरीकी राष्ट्रपति जॉर्ज बुश ने नवनिर्वाचित फ़लस्तीनी राष्ट्रपति महमूद अब्बास को बातचीत के लिए वाशिंगटन आने का न्यौता दिया है.
यह जानकारी देते हुए व्हाइट हाउस के एक प्रवक्ता ने बताया कि बुश ने अब्बास से टेलीफ़ोन पर बातचीत के दौरान आमंत्रण दिया.
अभी फ़लस्तीनी नेता की अमरीका यात्रा की तिथि तय नहीं की गई है.
प्रवक्ता के अनुसार बुश ने अब्बास से फ़लस्तीनी राष्ट्र की स्थापना के प्रयासों में सहयोग देने का वायदा किया.
अमरीकी राष्ट्रपति ने महमूद अब्बास को सुरक्षा और आर्थिक मामलों में सहयोग देने का भी भरोसा दिलाया.
इससे पहले बुश ने अब्बास की जीत का स्वागत करते हुए कहा कि फ़लस्तीनी नेतृत्व को उन लोगों पर नकेल डालनी होगी जो इसराइल को नष्ट करना चाहते हैं.
शांति का हाथ
नवनिर्वाचित फ़लस्तीनी राष्ट्रपति महमूद अब्बास ने इसराइल की तरफ़ शांति का हाथ बढ़ाया है.
महमूद अब्बास ने कहा, "हम शांति के लिए तैयार हैं. ऐसी शांति जो न्याय पर आधारित हो. हम उम्मीद करते हैं कि इसराइल की प्रतिक्रिया सकारात्मक होगी."
उन्होंने इसराइल के साथ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर समर्थन प्राप्त रोड मैप के आधार पर शांति वार्ता बहाल करने की अपील की.
महमूद अब्बास को शुरुआती आधिकारिक नतीजों के अनुसार 62.3 प्रतिशत वोट मिले. अब्बास के मुख्य प्रतिद्वंद्वी मुस्तफ़ा बरग़ूती को सिर्फ़ 19.8 फ़ीसदी मत मिले.
रविवार को हुए चुनाव में 66 फ़ीसदी मत पड़े थे.
हार स्वीकार करते हुए मुस्तफ़ा बरग़ूती ने कहा कि यह फ़लस्तीनी लोकतंत्र की जीत है. इसराइल ने नतीजों का स्वागत किया है और अब्बास से अपील की है कि वे चरमपंथी गुटों पर लगाम कसें.
केंद्रीय चुनाव आयोग के प्रमुख हन्ना नासिर ने पत्रकारों को बताया कि सभी शिकायतों की जाँच-परख करने के बाद पूरे नतीजे प्रकाशित किए जाएँगे.
स्वागत
जानकारों ने पहले ही कहा था कि इसराइल के साथ शांति वार्ता को लेकर अपना एजेंडा आगे बढ़ाने के लिए अब्बास को बड़े अंतर से जीत दर्ज करनी होगी.
अपने संबोधन में महमूद अब्बास ने अपनी जीत फ़लस्तीनी नेता यासिर अराफ़ात की 'आत्मा' को समर्पित की.
अब्बास ने चुनाव का बहिष्कार करने वाले फ़लस्तीनी चरमपंथी गुटों से अपील की कि वे इसराइली क़ब्ज़े के ख़िलाफ़ अपना हथियारबंद आंदोलन ख़त्म कर दें.
महमूद अब्बास ने यह भी संकेत दिया कि वे इसराइली प्रधानमंत्री अरियल शेरॉन से जितना जल्द संभव हो मिलना चाहते हैं.
इसराइली अधिकारियों का कहना है कि अरियल शेरॉन नए फ़लस्तीनी नेता से सुरक्षा मामलों पर बातचीत करने को तैयार हैं लेकिन व्यापक शांति वार्ता के लिए अभी प्रतीक्षा करनी होगी.
इसराइल के उप प्रधानमंत्री एहुद ओलमर्ट ने अब्बास की जीत का स्वागत किया लेकिन उनसे अपील की कि वे चरमपंथियों पर लगाम कसें.
यूरोपीय संघ ने भी महमूद अब्बास की जीत का स्वागत किया है. यूरोपीय आयोग के अध्यक्ष जोज़े मैनुएल बरोज़ो ने कहा, "यह लोकतांत्रिक फ़लस्तीनी राज्य के गठन की दिशा में महत्वपूर्ण क़दम है."