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गुरुवार, 21 अक्तूबर, 2004 को 09:49 GMT तक के समाचार

जीत की ओर अग्रसर करज़ई

अफगानिस्तान के राष्ट्रपति हामिद करज़ई राष्ट्रपति चुनावों में लगातार जीत की ओर बढ़ रहे है.

अभी तक आधे से अधिक वोटों की गिनती हो चुकी है जिसमें से 60 प्रतिशत वोट करज़ई को मिले है.

चूनाव के आयोजकों का गुरुवार दोपहर तक कम से कम अनौपचारिक रुप से किसी जीतने वाले का नाम बताने की स्थिति में आ जायेंगे.

ताज़ा आकड़ों के अनुसार करज़ई अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी युनुस क़ानूनी से 42 अंक से आगे चल रहे है. क़ानूनी ने बुधवार को कहा था कि वो चुनाव के परिणामों को स्वीकार करेंगे.

मतगणना

काबुल में बीबीसी संवाददाता एंड्रयू नार्थ का कहना है कि पिछले दो दिनों में वोटों की गिनती के काम में नाटकीय रुप से तेजी आई है और अब आयोजक गुरुवार को अनौपचारिक घोषणा करने की स्थिति में आ जायेंगे.

अभी तक के परिणामों के अनुसार करज़ई को 59 प्रतिशत, क़ानूनी को 17 प्रतिशत, जनरल अब्दुल रशीद दोस्तम को 9 प्रतिशत और मोहम्मद मोहाकीक को 8 प्रतिशत वोट मिले है.

अफगानिस्तान की संयुक्त चुनाव प्रबंधन बोर्ड (जेईएमबी)के मुख्य तकनीकी सलाहकार रेगीनाल्ड आस्टीन ने कहा " गुरुवार तक 60 प्रतिशत से अधिक मतों की गिनती का अगला दौर नहीं होगा और साफ हो जाएगा कि कौन जीतने वाला है."

आस्टीन ने कहा कि करज़ई या किसी अन्य को भी स्पष्ट बहुमत मिल जाए तो मतों की अगली गिनती नहीं होगी.

करज़ई को उम्मीद के मूताबिक पख्तून इलाकों में 80 प्रतिशत से अधिक वोट मिले है.

संयुक्त राष्ट्र जांच

देश के क़रीब 1 करोड़ 20 लाख मतदाताओं में से दो तिहाई लोगों ने वोट डाले थे.

जेईएमबी का कहना है कि वो तब तक आधिकारिक रुप से जीतने वाले के नाम की घोषणा नहीं करेंगे जब तक सभी वोटों की गिनती न हो जाए और मतदान में गड़बड़ी की संयुक्त राष्ट्र द्वारा की जा रही जांच पूरी न हो जाए.

राष्ट्रपति पद के लिए चुनाव लड़ रहे युनुस क़ानूनी ने मतदान के दिन से ही गड़बड़ी के आरोप लगाए थे लेकिन उन्होंने बाद में परिणाम मानने की बात कही.

उन्होंने कहा " मतदान के दौरान स्पष्ट तौर पर धोखाधड़ी हुई लेकिन मैं देशहित में एक और क़ुर्बानी के लिए तैयार हूं."

राष्ट्रपति पद का चुनाव लड़ रही एकमात्र महिला उम्मीदवार पांचवे नंबर पर है. 13 पुरुष उम्मीदवारों से मसूदा जलाल का आगे चलना कई लोगों को अचंभित भी कर रहा है.

हालांकि उनका कहना था कि अगर चुनाव निष्पक्ष और लोकतांत्रिक रुप से होते तो जीत उन्हीं की होती.