अमरीकी राष्ट्रपति जॉर्ज बुश और ब्रिटिश प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर ने कहा है कि इराक़ में स्थानीय लोगों को 30 जून तक सत्ता सौंपने की समयसीमा का पालन किया जाएगा.
दोनों नेताओं ने वाशिंगटन में अमरीकी राष्ट्रपति के निवास पर एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में इसका एलान किया.
उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि वे एक मुक्त और लोकतांत्रिक इराक़ को देखना चाहते हैं.
जॉर्ज बुश ने कहा कि इराक़ या तो लोकतंत्र पर आए ख़तरों को दूर कर पाएगा या वहाँ फिर वहाँ फिर निरंकुशता का राज होगा.
टोनी ब्लेयर ने कहा कि इराक़ पर हर तरफ़ से चरमपंथी हमले हो रहे हैं मगर उनका विरोध किया जाएगा.
दोनों नेताओं ने इराक़ के लिए संयुक्त राष्ट्र के विशेष दूत लख़दर ब्राहिमी के प्रस्ताव का समर्थन किया.
इस प्रस्ताव में कहा गया है कि इराक़ में जून तक एक अंतरिम सरकार गठित की जाए जिसके बाद वहाँ अगले साल चुनाव हों और नया संविधान बनाया जाए.
बंधकों की रिहाई
![]() रूस अपने लोगों को इराक़ से वापस निकाल रहा है मगर कई लोगों ने लौटने से मना कर दिया |
इराक़ में कई विदेशी बंधकों को रिहा कर दिया गया है.
इनमें चेक गणराज्य के तीन पत्रकार भी शामिल हैं जो पिछले रविवार से फ़लूजा से लापता थे.
एक सप्ताह पहले सीरिया में जन्मे कनाडा के एक नागरिक को भी रिहा कर दिया गया है.
इससे पहले डेनमार्क सरकार ने कहा कि बग़दाद के निकट उनके देश के एक व्यवसायी का अपहरण कर लिया गया है.
बसरा में इराक़ी पुलिस का कहना है कि जोर्डन में जन्मे एक अमरीकी व्यवसायी को उसके होटल से अपहृत कर लिया गया.
पिछले सप्ताह से अब तक इराक़ में 20 से भी अधिक विदेशियों का अपहण कर लिया गया है.
रूस सरकार इराक़ से अपने नागरिकों को वापस ले जा रही है मगर उसने चार की जगह केवल एक ही विमाने भेजा क्योंकि कई लोगों ने कहा कि वे इराक़ से अपना काम छोड़कर नहीं जाएँगे.