इराक़ की राजधानी बग़दाद में एक होटल में भीषण बम धमाका हुआ है जिसमें अनेक लोग हताहत हुए हैं.
धमाका बहुत ही ज़ोरदार था और होटल की पूरी इमारत तबाह हो गई है.
अमरीकी सेना के अनुसार हमले में कम-से-कम 27 लोग मारे गए हैं.
जबकि इराक़ी आंतरिक सुरक्षा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने मृतकों की संख्या पाँच बताई है.
बग़दाद के व्यस्त इलाक़े में स्थित जबल-अल-लेबनान नाम के इस होटल पर हमला शाम को हुआ.
हमले के बाद अमरीकी सैनिकों ने होटल को चारों तरफ़ से घेर लिया और मलबे से लोगों को निकाला गया.
पाँच मंज़िला इस होटल की दो मंज़िलों में मुख्य रूप से इराक़ी और विदेशी अरब रहते हैं.
होटल की दो मंज़िलें बिल्कुल तबाह हो गई हैं.
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि चारों तरफ़ आग और धुआँ दिखाई दे रहा था.
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बीबीसी संवाददाता का कहना है कि जहाँ धमाका हुआ है वहाँ एक बहुत बड़ा गड्ढा बन गया है और आसपास खड़ी गाड़ियों में भी आग लग गई.
माना जा रहा है कि यह धमाका एक कार बम के ज़रिए किया गया जिस पर भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री लदी थी.
बीबीसी संवाददाता का कहना है कि यह होटल बहुत बड़ा नहीं था इसलिए इसे सुरक्षा भी नहीं मुहैया कराई गई, जैसा कि बड़े होटलों के मामले में होता है.
प्रतिक्रिया
अमरीका ने कहा है कि इस तरह के हमलों से अमरीका अपने इरादों से पीछे नहीं हटने वाला है.
व्हाइट हाउस के प्रवक्ता स्कॉट मैक्केलन ने कहा कि अमरीका इराक़ में शांति स्थापना के लिए वचनबद्ध है.
![]() शांति स्थापनी की कोशिश की जा रही है |
इराक़ की अंतरिम शासकीय परिषद के एक प्रवक्ता हामिद अल कफ़ाई ने हमलावरों को इंसानियत के दुश्मन कहकर पुकारा है.
शासकीय परिषद ने यह भी कहा है कि वह देश में चुनावों की तैयारी के लिए संयुक्त राष्ट्र के एक दल को आमंत्रित करेंगे.
परिषद के एक सदस्य अहमद चलाबी ने कहा है कि संयुक्त राष्ट्र को देश में चल रही राजनीतिक प्रक्रिया को वैधता देनी चाहिए.
बीबीसी के संयुक्त राष्ट्र संवाददाता का कहना है कि इराक़ में संयुक्त राष्ट्र की भूमिका के मुद्दे पर अंतरिम परिषद में मतभेद रहे हैं और कुछ सदस्य इसका विरोध करते रहे हैं.