ब्रिटेन के हथियार निरीक्षक डेविड केली की मौत की जाँच करने वाले हटन आयोग की रिपोर्ट पर बीबीसी और ब्रिटिश सरकार के बीच विवाद जारी है.
इस्तीफ़ा देने वाले बीबीसी महानिदेशक ग्रेग डाइक ने 'बेक्रफास्ट विद फ़्रोस्ट' कार्यक्रम में कहा कि उन्हें महानिदेशक पद से बीबीसी के गवर्नरों ने जाने के लिए बाध्य किया था.
उनका कहना था कि बीबीसी गवर्नरों के पूरा समर्थन न होने की स्थिति में उन्होंने इस्तीफ़े की पेशकश की जिस पर गवर्नर सहमत हो गए कि उन्हें जाना चाहिए.
बीबीसी के पूर्व महानिदेशक का कहना था कि ब्रिटेन सरकार के पूर्व मीडिया सलाहकार एलेस्टेयर कैम्पबेल ने बीबीसी को धमकाने की कोशिश की लेकिन बीबीसी ने इसका मुक़ाबला किया.
उनका कहना था कि जिस क्षण बीबीसी सरकार के आगे झुक जाएगी, उस समय उसकी उपयोगिता खत्म हो जाएगी.
इस मामले को लेकर बीबीसी के चेयरमैन गेविन डेविस, महानिदेशक ग्रेग डाइक और संवाददाता एंड्रयू गिलिगन इस्तीफ़े दे चुके हैं.
इसके पहले लंदन के संडे टाइम्स अख़बार ने ग्रेग डाइक का एक लेख छापा था जिसमें उन्होंने एलेस्टेयर कैम्पबेल पर आरोप लगाया कि वो उन पत्रकारों को परेशान करते थे जो उनकी मर्ज़ी माफ़िक ख़बरें नहीं छापते थे.
दूसरी तरफ़ बीबीसी के कार्यवाहक महानिदेशक मार्क बाइफ़र्ड का कहना है कि वो बीबीसी की स्वतंत्रता को सभी दबावों से बचाएँगे.
लेकिन उन्होंने बीबीसी के कार्यक्रम 'बेक्रफास्ट विद फ़्रोस्ट' में कहा कि किसी रिपोर्ट का अधिकतर सही होना ही काफ़ी नहीं है.
उनका कहना था कि बीबीसी को देखने-सुनने वाले सभी लोग अपेक्षा करते हैं कि उसके पत्रकार सही, निष्पक्ष और संतुलित होंगे.
हटन रिपोर्ट
इससे पहले ब्रिटेन में वरिष्ठ जज लॉर्ड हटन ने डॉक्टर केली की आत्महत्या के मामले में बीबीसी की कड़ी आलोचना करते हुए कहा था कि उसकी संपादकीय नीतियों में ख़ामियाँ थीं.
रिपोर्ट देते हुए लॉर्ड हटन ने कहा था कि बीबीसी संवाददाता एंड्रयू गिलिगन की रिपोर्ट की किसी ने जाँच नहीं की.
लॉर्ड हटन ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि गिलिगन की रिपोर्ट में सरकार पर लगाए गए आरोप 'निराधार' साबित हुए.
इस रिपोर्ट में गिलिगन ने कहा था कि इराक़ पर हमले के लिए तैयार किए गए दस्तावेज़ में सरकार ने ख़ुफ़िया जानकारियों को बढ़ा चढ़ाकर बताया.
गिलिगन की रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से कहा गया था कि सरकार का यह दावा ग़लत है कि इराक़ में महाविनाश के हथियार 45 मिनट में तैनात किए जा सकते हैं.
बाद में बताया गया कि गिलिगन की रिपोर्ट के सूत्र डॉ डेविड केली थे.
लॉर्ड हटन ने कहा है कि वे इस बात से आश्वस्त हैं कि गिलिगन से डॉ केली ने यह नहीं कहा होगा कि '45 मिनट' वाली बात सरकार ने जानबूझ कर जोड़ी होगी.