इराक़ में महाविनाश के हथियार ढूंढने वाले अमरीकी दल के प्रमुख डेविड के ने इस्तीफ़ा दे दिया है.
डेविड के का कहना है कि उन्हें नहीं लगता कि इराक़ के पास बड़ी संख्या में रासायनिक और जैविक हथियार हैं.
उनका कहना है कि उन्हें नहीं लगता कि 1991 में खाड़ी युद्ध के समाप्त होने के बाद इराक़ में ऐसे हथियारों के बड़े पैमाने पर निर्माण का कोई कार्यक्रम था.
बीबीसी संवाददाता का कहना है कि ये इस्तीफ़ा ऐसे समय आया है जब व्यापक विनाश के हथियारों की खोज चल रही है और अभी तक इसमें कोई सफलता हासिल नहीं हुई है.
डेविड के का स्थान संयुक्त राष्ट्र के हथियार निरीक्षण दल के उप प्रमुख चार्ल्स डेलफ़र लेंगे.
उन्होंने भी हाल में कहा था कि इराक़ में रासायनिक और जैविक हथियारों के मिलने की संभावना खत्म हो चली है.
शिया नेता की घोषणा
इधर, इराक़ में शियाओं के धार्मिक नेता आयतुल्ला अली अल-सिस्तानी ने अपने समर्थकों से कहा है कि सत्ता सौंपने की अमरीकी योजनाओं के विरुद्ध प्रदर्शन बंद कर दिए जाएँ.
अल-सिस्तानी की ये घोषणा उस समय आई है जब संयुक्त राष्ट्र महासचिव कोफ़ी अन्नान ने इराक़ में संयुक्त राष्ट्र की वापसी के बारे में जल्दी ही घोषणा करने के लिए कहा है.
धार्मिक नेता के एक प्रवक्ता ने बताया कि अल-सिस्तानी जल्दी चुनाव कराने की माँग में हो रहे इन प्रदर्शनों पर रोक चाहते हैं.
वह बिना चुनी हुई किसी सरकार को लाने के विरोधी हैं.
मगर उन्होंने ये संकेत दिए हैं कि अगर संयुक्त राष्ट्र चुनाव की संभावनाओं के बारे में विचार करने के लिए कोई दल भेजता है तो वह इस बारे में किसी समझौते पर सोच सकते हैं.