इराक़ में गठबंधन सैनिकों का कहना है कि वहाँ बड़ी संख्या में ऐसे मोर्टार मिले हैं जिनके रासायनिक हथियार होने की आशंका है.
डेनमार्क के सैनिकों को दर्जनों मोर्टार मिले हैं जिनमें शुरूआती जाँच के अनुसार ब्लिस्टर गैस नाम का रसायन हो सकता है.
उन्हें ये मोर्टार शुक्रवार को बसरा के उत्तर में मिले.
सैनिकों का कहना है कि ये हथियार कम-से-कम दस साल से वहाँ दबाकर रखे गए थे.
इराक़ ने 1980 से 1988 तक ईरान के साथ चली लड़ाई के दौरान ब्लिस्टर गैस का इस्तेमाल किया था.
सद्दाम हुसैन ने उत्तरी इराक़ में कुर्दों के ख़िलाफ़ भी रासायनिक गैसों का इस्तेमाल किया था जिसमें लगभग 5000 कुर्द मारे गए थे.
मोर्टार
अमरीकी अधिकारियों ने बसरा में मोर्टारों के पाए जाने की पुष्टि की है.
ये कहा गया है कि सभी मोर्टारों में ब्लिस्टर गैस की मात्रा मिली है.
अमरीकी सेना के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल मार्क किमिट ने बताया,"ज़्यादातर मोर्टार प्लास्टिक बैगों में लिपटे थे और कुछ लीक कर रहे थे. अभी हम आरंभिक जाँच कर रहे हैं".
ब्लिस्टर गैस ऐसे रसायनों का मिश्रण है जिनमें मस्टर्ड गैस भी होती है.
अधिकारियों ने कहा कि अभी इस बारे में जाँच की जा रही है.
रॉयटर्स समाचार एजेंसी ने ख़बर दी है कि जाँच के और नतीजे अगले दो दिन में आ पाएँगे.
गठबंधन सेना में अमरीका के साझीदार डेनमार्क के सैनिक अभी बसरा में अपनी तलाशी जारी रखेंगे.