अमरीकी काँग्रेस के ऊपरी सदन सीनेट ने सीरिया पर कड़े प्रतिबंध लगाने के पक्ष में मतदान किया है.
इस संबंध में एक विधेयक को सीनेट ने भारी बहुमत से पारित कर दिया.
विधेयक में कहा गया है कि सीरिया महाविनाश के हथियार तैयार कर रहा है और 'आतंकवाद' को संरक्षण दे रहा है.
काँग्रेस का निचला सदन प्रतिनिधि सभा पिछले महीने ही इस विधेयक को मंज़ूरी दे चुका है.
संभावना है कि राष्ट्रपति जॉर्ज बुश अगले कुछ सप्ताह में इस पर हस्ताक्षर कर देंगे.
इस विधेयक के माध्यम से राष्ट्रपति बुश को सीरिया पर पाबंदी लगाने के लिए व्यापक अधिकार मिल जाएँगे.
इनमें सीरिया में अमरीकी निर्यात को रोकने से लेकर निवेश और सीरिया के कूटनीतिज्ञों की अमरीका यात्रा पर प्रतिबंध भी शामिल हैं.
सीनेट में इस विधेयक के पक्ष में 89 और विरोध में सिर्फ़ चार वोट पड़े.
आरोप
अमरीका और सीरिया के बीच हाल के दिनों में रिश्ते और ख़राब हुए हैं.
अमरीका लंबे समय से सीरिया पर ये आरोप लगाता रहा है कि उसकी चरमपंथी गुटों से साँठगाँठ है.
अमरीका का यह भी कहना है कि सीरिया इराक़ की पूर्व सरकार के सदस्यों को अपने यहाँ पनाह दे रहा है.
लेकिन सीरिया इससे इनकार करता रहा है.
इराक़ पर अमरीकी हमला ख़त्म होने के बाद तो सीरिया पर ये भी आरोप लगे कि उसने अमरीकी सैनिकों के ख़िलाफ़ हमले में शामिल विदेशी लड़ाकों को रोकने के लिए अपनी ओर से कोई कार्रवाई नहीं की.
लेकिन अमरीका सीरिया पर किस तरह की पाबंदी लगा सकता है, अभी यह स्पष्ट नहीं है.
दोनों देशों के बीच व्यापार बहुत कम है और सीरिया को अमरीका की ओर से कोई वित्तीय सहायता भी नहीं मिलती है.
लेकिन इन सबके बीच सबसे ज़्यादा घाटा उन अमरीकी तेल कंपनियों को हो सकता है जिन्हें हाल ही में सीरिया ने तेल की खोज के लिए अपने यहाँ आमंत्रित किया है.