रविवार को अपने सैनिकों पर हमले के एक दिन बाद इसराइल ने ग़ज़ा पट्टी पर कई हवाई हमले किए हैं.
सोमवार को इन हमलों में कम से कम नौ लोग मारे गए हैं और कई घायल हुए हैं.
फ़लस्तीनी सूत्रों का कहना है कि मारे गए लोगों में चरमपंथी गुट हमास के दो सदस्य भी शामिल है लेकिन कई आम नागरिक भी मारे गए हैं.
इसराइली हमलों का प्रमुख निशाना ग़ज़ा शहर के पूर्वी छोर पर स्थित एक इमारत थी.
इसराइल का कहना है कि इस इमारत में हमास के लिए हथियार बनाए जाते थे.
इसराइली हवाई हमले में नुसीरत कैंप के निकट एक कार को भी निशाना बनाया गया.
रविवार को रमल्ला के निकट फ़लस्तीनी चरमपंथियों ने घात लगाकर हमला करके तीन इसराइली सैनिकों को मार डाला था.
धमकी
इसके पहले इसराइली प्रधानमंत्री अरियल शेरॉन ने फ़लस्तीनी नेता यासिर अराफ़ात के निष्कासन की एक बार फिर धमकी दी थी.
उनका कहना था कि मध्य पूर्व में शांति के लिए सबसे बड़ा खतरा यासिर अराफ़ात ही हैं.
शेरॉन ने इसराइली संसद में घोषणा की थी कि वे यासिर अराफ़ात को राजनीतिक क्षेत्र से हटा कर ही दम लेंगे.
सोमवार की सुबह इसराइल ने ग़ज़ा शहर में तीन बार मिसाइलों से हमले किए.
ग़ज़ा में हुए हमले में एक हेलिकॉप्टर से छोड़ी गई मिसाइल ने एक वाहन को निशाना बनाया.
उस हमले में हमास के दो चरमपंथी और पास ही खड़ा एक व्यक्ति मारा गया.
इससे तीन घंटे पहले ही एक लड़ाकू विमान ने एक इमारत को निशाना बनाया था जिसे हमास के लिए हथियार बनाने वाला कारखाना बताया गया था.
उस हमले में छह लोग घायल हो गए थे.
समाचार एजेंसी एएफ़पी ने स्थानीय लोगों के हवाले से बताया है कि इस हमले में एफ-16 लड़ाकू विमान शामिल थे और उन्होंने इस्लामिक जिहाद के एक नेता के घर को निशाना बनाया था.
बताया जा रहा है कि मिसाइलें इस्लामिक जिहाद के वरिष्ठ नेता अब्दुल्ला अल शामी के घर के पास गिरी हैं और कई लोग हताहत हुए.
इस्लामिक जिहाद के प्रवक्ता ने पत्रकारों को बताया कि उनके नेता सुरक्षित हैं और उन्हें कोई चोट नहीं आई है.