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क्या जोशीमठ को बचाने की गुंजाइश है?
प्रकाशित
जोशीमठ के लोगों ने कभी सोचा भी नहीं था कि उन्हें ऐसे भी दिन देखने होंगे.
उनके घर टूटे हुए हैं और उनके पास आज रहने का कोई ठिकाना नहीं.
उन्हें सरकार से मदद की उम्मीद है. साथ ही उनके मन में अपने और जोशीमठ के भविष्य को लेकर सवाल हैं.
डूबते, दरारें खाते शहर से बीबीसी संवाददाता विनीत खरे और दीपक जसरोटिया की रिपोर्ट.
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