जुनैद के परिवार को इंसाफ़ के लिए करना होगा कितना इंतज़ार?
भारत के सुप्रीम कोर्ट से तकरीबन 50 किलोमीटर दूर हरियाणा के फ़रीदाबाद के खंडावली गाँव के क़ब्रिस्तान में जुनैद की क़ब्र पर लगा पत्थर अब पुराना पड़ने लगा है, लेकिन उनके हत्यारों को अब तक सज़ा नहीं मिली है.
इंसाफ़ का इंतज़ार कर रहे उनके परिवार की उम्मीदें अब कमज़ोर हो रही हैं और घटना के पाँच साल बाद भी उन्हें लगता है कि इंसाफ़ अब भी बहुत दूर है.
17 साल के जुनैद की जून 2017 में दिल्ली से लौटते वक़्त एक ट्रेन में हत्या कर दी गई थी. इस हमले में उनके दो भाई भी घायल हुए थे. भीड़ के हाथों हिंसा की इस घटना के वीडियो वायरल हुए थे और इसे भारत में मुसलमानों पर बढ़ रहे अत्याचार के सिलसिले की एक कड़ी के रूप में देखा गया था.
वीडियो: दिलनवाज़ पाशा और केंज़-उल-मुनीर
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