You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
‘रातोंरात मेरी आज़ादी और मेरी पहचान छिन गई’
प्रकाशित
डॉ. रॉचेल डेविड बीते 10 महीनों से लॉन्ग कोविड झेल रही हैं. इसका उनकी याददाश्त पर बुरा असर पड़ा है.
अब वो छोटे-छोटे काम नहीं कर पातीं. चीज़ें भूलने की वजह से उनकी आत्मनिर्भर ज़िंदगी एक झटके में बदल गई.
वो कहती हैं कि ऐसा लगता है जैसे, ‘रातोंरात, मुझसे मेरी आज़ादी छिन गई. मेरी बुद्धि छिन गई. मेरी पहचान छिन गई.’
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूबपर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)