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भारत चीन की वो जंग जहां भारतीय सैनिकों ने चीनी सैनिकों को पछाड़ा था
भारत और चीन की सेनाओं के बीच 7 सितंबर को वास्तविक नियंत्रण रेखा या एलएसी पर जिस रेज़ांग ला दर्रे के मोर्चे पर गोलीबारी होने की ख़बर आ रही है वो जगह भारतीय सेना के इतिहास का एक यादगार अध्याय रही है.
1962 में चीन के साथ हुई रेज़ांग ला की लड़ाई को भारतीय सैन्य इतिहास की सबसे बड़ी लड़ाइयों में से एक माना जाता है.
इसमें 13 कुमाऊँ की चार्ली कंपनी के 124 में से 113 जवान मारे गए थे और मेजर शैतान सिंह को भारत का सर्वोच्च वीरता पुरस्कार परमवीर चक्र मिला था.
आज की विवेचना में रेहान फ़ज़ल याद कर रहे हैं 1962 में चीन के साथ हुई रेज़ांग ला की उस लड़ाई को.
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