कप्तान रोहित शर्मा वर्ल्ड कप के फ़ाइनल से पहले क्या बोले?

भारतीय टीम के कप्तान रोहित शर्मा ने वर्ल्ड कप के फ़ाइनल से एक दिन पहले मीडिया को बताया कि टीम के खिलाड़ी फ़ाइनल में प्रदर्शन करने के लिए तैयार हैं.

लाइव कवरेज

दीपक मंडल and अभिनव गोयल

  1. कप्तान रोहित शर्मा वर्ल्ड कप के फ़ाइनल से पहले क्या बोले?

    रोहित शर्मा

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    भारतीय टीम के कप्तान रोहित शर्मा ने वर्ल्ड कप के फ़ाइनल से एक दिन पहले मीडिया को बताया कि टीम के खिलाड़ी फ़ाइनल में प्रदर्शन करने के लिए तैयार हैं.

    उन्होंने बताया कि इस वर्ल्ड की तैयारियां बहुत पहले से चल रही हैं और टीम के सभी खिलाड़ियों को उनके किरदार के बारे में बखूबी पता है.

    रोहित ने कहा, "हमने दो साल पहले इस वर्ल्ड कप की तैयारी करनी शुरू की. पहले टी20 फिर वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप और अब वनडे वर्ल्ड कप. हमें तीनों फ़ॉर्मेट के लिए टीम आइडेंटिफ़ाइ करनी थी कि कौन से प्लेयर्स किस फ़ॉर्मेट के लिए सही हो सकते हैं. उन्हें उनके रोल के बारे में बताया था."

    रोहित ने स्पष्ट रूप से कहा कि फ़ाइनल तक पहुंचने में इस बात की सबसे अधिक अहमियत है कि हमारे खिलाड़ियों को उनका किरदार पहले से पता था.

    वे बोले, "यहां तक पहुंचने में उसकी सबसे अधिक अहमियत है. हमने कोशिश ये की थी कि कौन से लड़के कहां आकर खेलेंगे इसकी पूरी स्पष्टता थी. अब तक सब कुछ योजना के मुताबिक चल रहा है और उम्मीद है कि कल का दिन भी वैसा ही हो."

    रोहित ने यह भी कहा कि दोनों टीमें फ़ाइनल खेलने की हक़दार हैं. वे बोले, "हम जानते हैं कि ऑस्ट्रेलिया क्या कर सकती है. लेकिन हमें विपक्षी टीम क्या करती है इस पर ध्यान देने की ज़रूरत नहीं है. हमारी नज़रें ख़ुद के प्रदर्शन पर टिकी हैं. हम अपनी योजनाओं पर अपना ध्यान केंद्रित करेंगे."

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    गेंदबाज़ों पर क्या बोले रोहित?

    अपने गेंदबाज़ों पर रोहित ने कहा, "हमारे गेंदबाज़ों ने बहुत अच्छा प्रदर्शन किया है. हम शुरुआती चार पांच मैच में पहले गेंदबाज़ी किए और उन्होंने विपक्षी टीम को 300 से कम रन पर रोका. जब हमने टूर्नामेंट के दूसरे हिस्से में बाद में गेंदबाज़ी की तब शमी, सिराज, बुमराह को ये पूरी तरह पता था कि वो क्या करने वाले हैं. ठीक उसी तरह हमारे स्पिनर्स भी जानते थे कि उन्हें बीच के ओवरों में विकेटें निकालनी है तो उन्होंने वैसा ही किया."

    वर्ल्ड कप का फ़ाइनल खेलने पर रोहित ने कहा, "यह बहुत बड़ा अवसर है. हम इसी दिन के लिए तो खेलते हैं. कल वो दिन हमारे सामने होगा. हम जो भी मेहनत करते हैं, जो भी सपने देखते हैं इसी के लिए तो करते हैं."

    "टीम के सभी खिलाड़ियों का पूरा फ़ोकस इसी पर होगा कि उन्हें मैच में क्या करना है. इसी स्थिति में यह सोचने की जगह कि हम वर्ल्ड कप का फ़ाइनल खेल रहे हैं, उन्हें ये सोचना होगा कि मैच में कौन सी गेंद डालनी है, किस बल्लेबाज़ की ताक़त कहां पर है इसे ध्यान में रखते हुए गेंदबाज़ी करनी होगी. वहीं बल्लेबाज़ी में यह देखना होगा कि कौन से शॉट्स खेलने हैं और कौन से नहीं खेलने हैं."

    "निश्चित रूप से यह बहुत बड़ा अवसर है. आप हर बार फ़ाइनल नहीं खेलते. मेरे लिए ये बहुत बड़ा इवेंट है क्योंकि मैं तो फ़िफ्टी ओवर के वर्ल्ड कप को देख कर ही बड़ा हुआ हूं, लेकिन साथ ही ये भी पता है कि टीम को जो ज़रूरत है मुझे उस पर ध्यान देना है."

    राहुल द्रविड़

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    द्रविड़ और प्लेइंग इलेवन पर क्या बोले रोहित?

    कोच राहुल द्रविड़ पर रोहित ने कहा, "उनका किरदार बहुत बड़ा है. आप सब को पता है कि राहुल ख़ुद क्रिकेट खेलते थे और मेरी क्रिकेट खेलने की शैली उनसे बिल्कुल विपरीत है. तो मुझे और टीम को यह आज़ादी देना उनके किरदार के बारे में बहुत कुछ कहता है."

    "साथ ही वो खिलाड़ियों के साथ खराब वक़्त में खड़े होते हैं. जैसे कि हम लगातार अच्छा खेलते हुए टी20 वर्ल्ड कप के सेमीफ़ाइनल में हार गए तो उन्होंने सभी खिलाड़ियों से उनके रोल के बारे में बात की. उन्होंने भी अपने समय में टीम के लिए काफी कुछ किया है. वे इस ट्रॉफ़ी के हकदार हैं और हम उनके लिए ये करना चाहते हैं."

    शमी पर रोहित ने कहा, "शमी कुछ शुरुआती मैच नहीं खेल पाए थे. हालांकि, टीम में आने के बाद से उन्होंने सिराज और अन्य गेंदबाज़ों की मदद की है. वे जैसा खेल रहे हैं वो लाजवाब है. हमने प्लेइंग इलेवन में नहीं लिए जाने पर उनसे बात की थी. वो अपनी गेंदबाज़ी पर काम करते रहे."

    "सबने देखा है कि उन्होंने कैसा प्रदर्शन किया. ये आसान नहीं होता है कि आप टीम से बाहर रहें और वापसी में ऐसा लाजवाब प्रदर्शन करें. हम समझते हैं कि क्यों प्लेइंग इलेवन में नहीं शामिल किए गए हैं. तो जब आपको मौक़ा मिले तो आप सही प्रदर्शन करें. आपने देखा शमी ने ऐसा ही किया."

    टीम में कौन कौन शामिल होगा इस पर रोहित ने कहा, "हमारे 12 या 13 तो फिक्स हैं कि उनमें से खेलेंगे पर ये देखना होगा कि कल पिच कैसी है उसके बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा. अभी हमने ग्यारह प्लेयर तय नहीं किए हैं."

    सोनिया गांधी

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    टीम को शुभकामनाएं

    केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा, "कल बहुत बड़ा दिन है. दुनिया के बड़े स्टेडियम नरेंद्र मोदी क्रिकेट स्टेडियम में विश्व कप का फाइनल होने जा रहा है. भारतीय टीम, जिसने सारे मैच जीतकर इतिहास रचा, मेरी तरफ से और 140 करोड़ भारतीयों की तरफ से उन्हें शुभकामनाएं. कल जीत का सेहरा भारत के सर बंधे और विश्व विजेता एक बार फिर हो, 1983, 2011 और 2023 में भारत विश्व विजेता बने. ये सबकी उम्मीदें हैं. मैं निश्चित तौर पर कल मैच देखने जा रहा हूं."

    समाचार एजेंसी पीटीआई से बात करते हुएअभिनेता सोनू सूद ने कहा, "मेरी तरफ से टीम इंडिया का एडवांस में हार्दिक बधाइयां. मैं उम्मीद करता हूं कि कल टीम इंडिया कमाल का खेले. हमारे शमी भाई, रोहित भाई, विराट भाई और पूरी टीम अच्छा खेले. पूरा देश आप लोगों के लिए दुआ कर रही है. मैं वादा करता हूं कि विश्व कप इस बार भारत का ही होगा."

    कांग्रेस संसदीय दल की चेयरपर्सन सोनिया गांधी ने कहा, "मेरी प्यारी टीम इंडिया के खिलाड़ियों, सबसे पहले इस वर्ल्ड कप के दौरान आपके खेल और टीम वर्क के लिए आपको बहुत सारी बधाई. आपने पूरे देश को लगातार खुशी और गौरव के पल दिए हैं. इस वर्ल्ड कप के फाइनल मैच तक की आपकी यात्रा में बहुत बड़े संदेश हैं. वो संदेश एकता, कड़ी मेहनत और संकल्प का है."

    उन्होंने कहा, "मैं टीम इंडिया के खिलाड़ियों को उनके शानदार प्रदर्शन पर बधाई देना चाहती हूं. आज मुझे पिछले दो उन मौकों की याद आ रही है जब भारत ने वर्ल्ड कप ट्रॉफी जीती थी. पहले 1983 में और फिर 2011 में. उन दोनों अवसरों पर देश सम्मान और खुशी से झूम उठा था. अब फिर से वो अवसर आ गया है. क्रिकेट ने हमेशा हमारे देश को जोड़ने का काम किया है."

    सोनिया गांधी ने कहा, "अब, जब आप फाइनल मैच के लिए तैयार हैं तो पूरा देश आपके साथ खड़ा है और आपकी सफलता की कामना कर रहा है. आपको मेरी हार्दिक शुभकामनाएं. आप में वर्ल्ड चैंपियन बनने की सारी खूबियां हैं. मुझे पूरा विश्वास है टीम इंडिया जीतेगी."

    रोहित शर्मा के बचपन मेंकोच रहे दिनेश लाडने समाचार एजेंसी से बात करते हुए कहा, "रोहित जिस तरीके से बल्लेबाजी कर रहे हैं, उससे पता चलता है कि वो टीम के लिए खेल रहे हैं. सेल्फलेस गेम खेल रहे हैं. वो नहीं सोचते कि उनके सौ या पचास होने चाहिए. उनकी सोच है कि पहले दस ओवर में कितना अच्छा स्कोर किया जा सकता है कि आने वाले खिलाड़ी अच्छा प्रदर्शन कर सकें."

  2. ग़ज़ा के अल-शिफा अस्पताल से पैदल भागते लोगों की तस्वीरें आईं सामने

    ग़ज़ा के अल-शिफा अस्पताल से पैदल भागते लोगों की तस्वीरें आईं सामने

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    इमेज कैप्शन, समाचार एजेंसी एएफपी ने ग़ज़ा के सबसे बड़े अस्पताल अल-शिफा से पैदल भाग रहे फलस्तीनियों की तस्वीरें प्रकाशित की हैं. समाचार एजेंसी का कहना है कि इसराइली सेना का अस्पताल में सर्च ऑपरेशन जारी है.
    ग़ज़ा के अल-शिफा अस्पताल से पैदल भागते लोगों की तस्वीरें आईं सामने

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    इमेज कैप्शन, तस्वीरों में देखा जा सकता है कि कैसे लोग अल-शिफा अस्पताल को छोड़कर भाग रहे हैं.
  3. इसराइल क्या कभी स्वतंत्र और संप्रभु देश फ़लस्तीन के लिए तैयार होगा?

  4. राजस्थान: दलित इंजीनियर की पिटाई के आरोप में कांग्रेस ने काटा टिकट, बीजेपी ने बनाया प्रत्याशी

      • Author, मोहर सिंह मीणा
      • पदनाम, जयपुर से, बीबीसी हिंदी के लिए
    हर्षाधिपति

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    इमेज कैप्शन, हर्षाधिपति

    कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार को जयपुर के एसएमएस अस्पताल पहुंचे.

    यहां उन्होंने दलित इंजीनियर हर्षाधिपति से मुलाकात की. कांग्रेस विधायक गिर्राज मलिंगा पर पिछले साल उनकी पिटाई करने का आरोप लगा था. तब से हर्षाधिपति अस्पताल में भर्ती हैं.

    कांग्रेस ने इसी घटना का हवाला देते हुए अपने विधायक का टिकट काटा था, लेकिन अब बीजेपी ने उन्हें अपनी टिकट से चुनावी मैदान में उतारा हुआ है.

    सवाई मानसिंह अस्पताल में हर्षाधिपति वाल्मीकि से मुलाकात के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे बोले, "उन्होंने सामाजिक अन्याय किया. मैंने और राहुल गांधी जी ने तय किया कि उनको टिकट नहीं देना. इस इंसान ने एक इंसान की जान लेने की कोशिश की. इसलिए हमने यह सोचा कि इसको टिकट मत दो, चाहे वो सीट हम जीते या हारें."

    अशोक गहलोत ने कहा, "बीजेपी ने राजस्थान की राजनीति में काला अध्याय लिख दिया है. इस घटना को लेकर जो आलोचनाएं की गईं थी, उसी व्यक्ति को आपने पार्टी ज्वॉइन करवा कर गले लगाया. उस व्यक्ति को टिकट भी दे दिया है."

    अशोक गहलोत ने कहा, "बीजेपी ने राजस्थान की राजनीति में काला अध्याय लिख दिया है. इस घटना को लेकर जो आलोचनाएं की गईं थी, उसी व्यक्ति को आपने पार्टी ज्वॉइन करवा कर गले लगाया. उस व्यक्ति को टिकट भी दे दिया है."

  5. देश की पहली ट्रांसजेंडर वकील पढ़े-लिखे लोगों के बारे में क्या सोचती हैं?

  6. मालदीव के राष्ट्रपति मुइज़्ज़ू ने आधिकारिक तौर पर भारतीय सैनिकों से देश छोड़ने को कहा

    भारत के केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने मालदीव के नए राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज़्ज़ू से शनिवार को मुलाकात की.

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    भारत के केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने मालदीव के नए राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज़्ज़ू से शनिवार को मुलाक़ात की.

    किरेन रिजिजू ने शुक्रवार को मुइज़्ज़ू के शपथ ग्रहण समारोह में भारत का प्रतिनिधित्व किया.

    शनिवार को हुई इस मुलाक़ात में राष्ट्रपति मुइज़्ज़ू ने औपचारिक तौर पर भारत सरकार से मालदीव से अपने सैन्य कर्मियों को वापस बुलाने का अनुरोध किया है.

    मालदीव के राष्ट्रपति कार्यालय की तरफ से जारी बयान में यह बात कही गई है. बयान में उन्होंने भारत से उम्मीद जताई है कि वह मालदीव के लोकतंत्र का सम्मान करेगा.

    मंत्री से बातचीत के दौरान राष्ट्रपति मुइज़्ज़ू ने इमरजेंसी मेडिकल इवैक्यूएशन में इस्तेमाल हुए दो हेलीकॉप्टरों की भूमिका को स्वीकार किया है.

    इसके अलावा दोनों नेताओं ने भारत के सहयोग से मालदीव में चल रही कई परियोजनाओं की समीक्षा भी की.

    मुइज़्ज़ू ने अपने चुनावी अभियान में "इंडिया आउट" (भारत बाहर जाओ) का नारा दिया था. उन्होंने शपथ ली थी कि वो मालदीव में मौजूद भारत के सैन्य कर्मियों को देश से बाहर निकालेंगे.

  7. उत्तरकाशी: 'टनल में फंसे मजदूरों का हौसला धीरे-धीरे टूट रहा है...'

  8. कोहली के ये विराट आंकड़े उन्हें बनाते हैं 'ऑल टाइम ग्रेट'

  9. यरूशलम की सड़कों पर इसराइली बंधकों के परिवार- तस्वीरों में देखिए

    इसराइली बंधकों के परिवार वाले मार्च में हिस्सा ले रहे हैं. आज यानी शनिवार को मार्च का आखिरी दिन है. ये लोग इसराइल के पीएम नेतन्याहू के बंधकों को छुड़ाने के तरीकों का विरोध कर रहे हैं.

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    इमेज कैप्शन, इसराइल में पीएम नेतन्याहू के बंधकों को छुड़ाने तरीके का विरोध करने के लिए बड़ी संख्या में लोग सड़क पर उतरे हैं. इस मार्च में बंधकों के परिवार वाले भी हिस्सा ले रहे हैं. शनिवार को मार्च का आखिरी दिन है और सड़कों पर लोगों को हुजूम उमड़ पड़ा है.
    प्रदर्शनकारियों का कहना है कि इसराइल की सर्वोच्च प्राथमिकता बंधकों को छुड़ाने की होनी चाहिए और इसके लिए अगर सरकार को बंधकों के बदले हमास के लोग छोड़ने भी पड़ें तो उससे पीछे नहीं हटना चाहिए.

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    इमेज कैप्शन, प्रदर्शनकारियों का कहना है कि इसराइल की सर्वोच्च प्राथमिकता बंधकों को छुड़ाने की होनी चाहिए और इसके लिए अगर सरकार को बंधकों के बदले हमास के लोग छोड़ने भी पड़ें तो उससे पीछे नहीं हटना चाहिए.
    7 अक्टूबर को इसराइल पर हमले के बाद हमास 200 से ज्यादा लोगों को बंधक बनाकर ग़ज़ा ले गया था. हमास का कहना है कि बंधकों को वे तब रिहा करेंगे जब बदले में इसराइल फलस्तीनी कैदियों के एक ग्रुप को रिहा करेगा.

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    इमेज कैप्शन, 7 अक्टूबर को इसराइल पर हमले के बाद हमास 200 से ज्यादा लोगों को बंधक बनाकर ग़ज़ा ले गया था. हमास का कहना है कि बंधकों को वे तब रिहा करेंगे जब बदले में इसराइल फलस्तीनी कैदियों के एक ग्रुप को रिहा करेगा.
    बंधकों के परिवार का कहना है कि वे इस मार्च को इसराइली प्रधानमंत्री के दफ्तर के बाहर खत्म करेंगे.

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    इमेज कैप्शन, बंधकों के परिवार का कहना है कि वे इस मार्च को इसराइली प्रधानमंत्री के दफ्तर के बाहर खत्म करेंगे.
  10. ब्रेकिंग न्यूज़, उत्तराखंड टनल हादसा: मजदूरों को बाहर निकालने के लिए अब पहाड़ के ऊपर से होगी खुदाई

      • Author, ज़ुबैर अहमद
      • पदनाम, उत्तरकाशी से, बीबीसी संवाददाता
    उत्तराकाशी में टनल धंसने से फंसे 40 मजदूर

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    उत्तराखंड के उत्तरकाशी में निर्माणाधीन टनल में फंसे 40 मजदूरों को बाहर निकालने के लिए अब नए तरीके खोजे जा रहे हैं.

    अब तक टनल में हॉरिजॉन्टली यानी सामने से ड्रिल कर मलबा हटाया जा रहा था, लेकिन अब वर्टिकली भी ड्रिलिंग का सहारा भी लिया जा रहा है.

    अधिकारियों का कहना है कि पहाड़ के ऊपर से पेड़ों को हटाकर ड्रिलिंग मशीन रखी जा रही है.

    उन्होंने बताया कि नई मशीन के शुरू होने के बाद टनल में सामने से मलबे को हटाने के लिए जो ड्रिलिंग की जा रही है, वह भी शुरू हो जाएगी.

    मलबे में सामने से छेद करने के तीन प्रयास अब तक फेल हो चुके हैं. अब अधिकारियों का कहना है कि फंसे हुए मजदूरों को निकालने के लिए हॉरिजोंटल के साथ वर्टिकली ड्रिलिंग भी करनी होगी.

    उन्होंने बताया कि अगर सब कुछ ठीक रहा, तो मजदूरों तक पहुंचने में चार से पांच दिन लग सकते हैं.

    12 नवंबर यानी दिवाली की सुबह अचानक निर्माणाधीन टनल में ऊपर से मलबा गिरने लगा और देखते ही देखते इतना बढ़ ढेर लग गया कि टनल के अंदर फंसे 40 मजदूर बाहर नहीं आ पाए.

  11. मोहम्मद शमी: अमरोहा के शर्मीले लड़के 'सिम्मी' ने क्रिकेट की दुनिया में कैसे मचाई सनसनी - ग्राउंड रिपोर्ट

  12. कांग्रेस के चुनावी घोषणा पत्र पर बोले ओवैसी, 'बस कागज काला कर दिया'

    एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी

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    इमेज कैप्शन, एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी

    एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने तेलंगाना के लिए कांग्रेस के घोषणापत्र पर सवाल उठाए हैं.

    हैदराबाद में समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए उन्होंने कहा, "कांग्रेस के मेनिफेस्टो में कुछ नहीं है, बस कागज को काला कर दिया गया है."

    ओवैसी ने कहा कांग्रेस ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में शादी की स्कीम रखी है, उसमें महिलाओं को सोना देने की बात कही गई है, लेकिन मुस्लिम महिलाओं को इससे बाहर रखा गया है, जिससे कांग्रेस की फिरकापसंदी का पता चलता है.

    तेलंगाना में कांग्रेस के माइनॉरिटी डिक्लेरेशन पर बोलते हुए उन्होंने कहा, "मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में क्यों कांग्रेस पार्टी माइनॉरिटी डिक्लेरेशन नहीं दे रही है, तेलंगाना में इसलिए दे रहे हैं क्योंकि यहां पर एआईएमआईएम पार्टी मजबूत है. यहां पर मुस्लिम अल्पसंख्यकों में जागरुकता है, इसलिए कांग्रेस को यहां पर डर कर देना पड़ रहा है. इसका क्रेडिट भी हमें जाता है."

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    राहुल गांधी पर निशाना?

    बीजेपी और उनकी पार्टी मिलकर राज्य में बीआरएस का साथ दे रही है, कांग्रेस के इस आरोप के बारे में पूछे जाने पर ओवैसी ने कहा, "ऐसा आदमी है (राहुल गांधी) जो खुद अपने खानदान की सीट अमेठी में हार गया. अपने बाप-दादा की सीट हार गए, वहां क्या डील किए स्मृति इरानी से. 2019 लोकसभा चुनाव के समय राहुल गांधी पार्टी के अध्यक्ष थे. 520 या 530 सीट पर लड़कर 50 सीटें जीतें, तो क्या आपने भी डील कर लिया था, क्या. पहले वे अपने गिरेबान में झांककर देखें."

    उन्होंने कहा, "खुद राहुल गांधी उद्धव ठाकरे की शिवसेना के साथ गठबंधन कर रही है, वो शिवसेना, जो बाबरी मस्जिद की शहादत में उनका रोल रहा है… शिवसेना सेक्युलर हो गई क्या? ये दुकान चला रहे हैं."

  13. वर्ल्ड कप फ़ाइनल: अहमदाबाद की पिच को लेकर क्या बोले ऑस्ट्रेलिया के कप्तान और मीडिया

    ऑस्ट्रेलिया

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    भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच कल (रविवार को) होने वाले वर्ल्ड कप फ़ाइनल की पिच को लेकर अटकलें लगाई जा रही हैं.

    ऑस्ट्रेलिया के कप्तान पैट कमिंस ने आज (शनिवार को) देर तक पिच का मुआयना किया. वो अपना मोबाइल फ़ोन लेकर पिच पर पहुंचे थे.

    पिच के करीब वो मोबाइल को ऐसे देख रहे थे मानो तस्वीर ले रहे हों.

    बाद में उनसे पिच को लेकर सवाल किया गया.

    पैट कमिंस ने कहा, “मैं पिच को बहुत अच्छी तरह परख नहीं पाता हूं लेकिन ये काफी सख्त दिखती है.”

    उन्होंने आगे कहा, “इस पर अभी पानी डाला गया है. इसलिए हम 24 घंटे बाद इसे दोबारा देखेंगे लेकिन ये अच्छी पिच लग रही है.”

    पिच

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    पिच की इतनी चर्चा क्यों?

    पिच की चर्चा मुंबई में खेले गए सेमीफ़ाइनल के पहले हुए विवाद की वजह से भी हो रही है. तब आईसीसी के पिच कंस्लटेंट एंडी एटकिंसन के हवाले से दावा किया गया था कि भारत-न्यूज़ीलैंड सेमीफ़ाइनल की पिच आखिरी मौके पर बदल दी गई थी.

    ऑस्ट्रेलिया की मीडिया में फ़ाइनल मैच की पिच को लेकर चर्चा हो रही है.सिडनी मॉर्निंग हेरल्डने दावा किया है कि पैट कमिंस ने ग्राउंड स्टाफ पिच को लेकर से अपनी ‘चिंता जाहिर’ की है.

    अख़बार ने लिखा है, “कमिंस ने पिच के दोनों सिरों को लेकर चिंता जाहिर की. इसके बाद क्यूरेटर ने पिच पर रोलर चलाना शुरु किया.”

    अख़बार ने दावा किया कि ऑस्ट्रेलियाई टीम पिच को देखकर अपनी फ़ाइनल इलेवन तय करेगी.

    अख़बार ने टीम सूत्रों के हवाले से दावा किया, “फ़ाइनल के लिए तैयार पिच बीच में ठोस है लेकिन दोनों सिरों पर रफ़ है और रोल नहीं की गई है.”

  14. सिख युवक का दावा- 'खालिस्तान मुर्दाबाद' के नारे न लगाने पर की गई पिटाई

      • Author, सत सिंह
      • पदनाम, हरियाणा से, बीबीसी हिंदी के लिए
    गुरदीप

    इमेज स्रोत, Satsingh/BBC

    हरियाणा के पानीपत जिले में कुछ लोगों ने कथित तौर पर एक सिख युवक को 'खालिस्तान मुर्दाबाद' का नारा न लगाने के चलते पिटाई की है.

    पिछले हफ्ते कथित तौर पर हिंसा का शिकार हुए सिख युवक गुरदीप सिंह ने बीबीसी को बताया, ""मैंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि मेरे ही देश में कोई मुझे धर्म के नाम पर मारेगा, मेरी पगड़ी, मेरा मान-सम्मान छीन लेगा और मुझे खालिस्तानी कहकर अपमानित करेगा."

    सिख परिवार से ताल्लुक रखने वाले गुरदीप पानीपत के रहने वाले हैं. उनके पिता वेल्डिंग का काम करते हैं.

    गुरदीप ने इस साल बारहवीं क्लास पास की है और इन दिनों वे विदेश जाने की तैयारी कर रहे हैं.

    उन्होंने बताया कि 10 नवंबर को वे शहर के पेट्रोल पंप पर अपनी स्कूटर में तेल भरवाने गए थे और वहीं पर एक शराब की दुकान है.

    गुरदीप ने बताया कि जब वो पेट्रोल भरवाकर वहां से चलने लगे तो पास खड़े दो तीन लोगों ने उन्हें बुलाया और 'हिंदुस्तान जिंदाबाद' और फिर 'खालिस्तान मुर्दाबाद' का नारा लगाने के लिए कहा.

    गुरदीप ने बताया कि उन्होंने दो बार 'हिंदुस्तान जिंदाबाद' का नारा लगाया, जिसके बाद वे 'खालिस्तान मुर्दाबाद' कहने को कहा.

    उन्होंने बताया कि जैसे ही भागने की कोशिश की तो युवकों ने गाली गलौज शुरू कर दी और उससे मोबाइल फोन और स्कूटर की चाबी छीन ली.

    गुरदीप ने बताया कि युवकों ने उन्हें 'बेल्ट से पीटा' और काफी देर तक 'लात-घूंसों से पिटाई की.'

    गुरदीप सिंह की शिकायत पर पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया है, जिन्हें जमानत मिल गई है.

    खालिस्तान मुर्दाबार का नारा न लगाने के कारण पिटाई

    इमेज स्रोत, Satsingh/BBC

    पानीपत पुलिस ने क्या कार्रवाई की?

    पुलिस ने तीन लोगों शालू, दीपक नेपाली और ओम शाश्वत के खिलाफ मामला दर्ज किया है.

    सदर थाना अध्यक्ष इंस्पेक्टर विलास राम ने बताया कि दो अभियुक्तों को पहले ही गिरफ्तार कर लिया गया था और तीसरे को शुक्रवार को गिरफ्तार किया गया.

    वे इस मामले पर नजर रखे हुए हैं और इस संबंध में धारा 295 भी जोड़ी गई है

    मिली जानकारी के मुताबिक तीनों अभियुक्तों पर पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं और तीनों बेरोजगार हैं.

  15. कश्मीरी पत्रकार फ़हद शाह को करीब दो साल बाद मिली जमानत, सोमवार को हो सकती है रिहाई

      • Author, माजिद जहांगीर
      • पदनाम, बीबीसी हिंदी के लिए, श्रीनगर से
    जम्मू-कश्मीर हाई कोर्ट ने शुक्रवार को कश्मीरी पत्रकार फहद शाह को ज़मानत दी है

    इमेज स्रोत, TWITTER/FAHAD SHAH

    जम्मू-कश्मीर हाई कोर्ट ने शुक्रवार को कश्मीरी पत्रकार फहद शाह को ज़मानत दी है.

    पुलिस ने फरवरी 2022 में वरिष्ठ पत्रकार और न्यूज़ पोर्टल 'द कश्मीर वाला' के मुख्य संपादक फ़हद शाह को अपने पोर्टल पर पुलवामा में हुए एक एनकाउंटर की खबर प्रकाशित करने को लेकर गिरफ्तार किया था.

    वे गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) के तहत भी आरोपों का सामना कर रहे हैं.

    फहद शाह बीते 21 महीनों से पब्लिक सेफ्टी एक्ट (पीएसए ) के तहत जेल में नज़र बंद थे. पब्लिक सेफ्टी एक्ट के तहत किसी भी व्यक्ति दो सालों तक बिना ट्रायल के जेल में रखा जा सकता है.

    उनके वकील ने बीबीसी को बताया कि अदालत ने न सिर्फ फहाद शाह को ज़मानत दी है, बल्कि उनपर लगे कई मामलों को खत्म कर दिया है.

    उनके वकील हरी लाल रैना का कहना है कि क़ानूनी प्रक्रियों को पूरा किया जा रहा है और सोमवार तक फहाद शाह की रिहाई की उम्मीद है. फिलहाल फहद शाह जम्मू की कोट भलवाल जेल में बंद हैं.

    हरी लाल रैना ने बताया, "सोमवार को उनकी जजमेंट की कॉपी अदालत से आएगी और उसको पढ़ने के बाद और भी चीज़ें सामने आ सकती हैं. अदालत में हमने तीन मामलों के अंदर चैलेंज किया था."

    गिरफ्तारी के वक्त पुलिस ने क्या कहा था?

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    गिरफ्तारी के वक्त पुलिस ने क्या कहा था?

    पुलिस ने शाह की गिरफ्तारी के समय बताया था, "क़ानून-व्यवस्था बिगाड़ने के आपराधिक इरादे के तहत लोगों के बीच भय पैदा करने और उन्हें उकसाने, देशविरोधी कंटेंट (फ़ोटोग्राफ़, वीडियो और पोस्ट) शेयर करने पर फ़हद शाह समेत फ़ेसबुक के कई अन्य यूज़र्स और पोर्टल की पहचान की गई है.''

    पुलिस ने कहा था, "ये पाया गया कि चरमपंथी गतिविधियों को महिमामंडित करने और क़ानून लागू करने वाली संस्थाओं की छवि बिगाड़ने के लिए ये फ़ेसबुक यूज़र्स ऐसे पोस्ट अपलोड कर रहे हैं.''

    पुलिस ने अपने बयान में ये भी कहा था, "फहद शाह के खिलाफ तीन मामले दर्ज हैं, जिनमें फेक न्यूज़, चरमपंथी गतिविधियों को महिमामंडित करने और क़ानून व्यवस्था को बिगाड़ना शामिल था."

    शाह ने अपने खिलाफ तीन मामलों में ज़मानत हासिल की थी और बाद में उनपर पब्लिक सेफ्टी एक्ट लगाया गया था.

    'द कश्मीर वाला' न्यूज पोर्टल के स्टाफ ने हाल के महीनों में बताया था कि सरकार ने वेबसाइट को ब्लॉक किया है.

  16. उत्तराखंड टनल हादसा: रेस्क्यू ऑपरेशन का सातवां दिन, क्या कह रहे हैं अंदर फंसे मज़दूर?

      • Author, आसिफ अली
      • पदनाम, उत्तरकाशी से, बीबीसी हिंदी के लिए
    उत्तराखंड टनल हादसा: रेस्क्यू ऑपरेशन का सातवां दिन, टनल में फंसे मजदूर क्या कह रहे हैं?

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    उत्तराखंड में उत्तरकाशी के सिलक्यारा गांव में सुरंग में फंसे क़रीब 40 मज़दूरों को निकालने का काम 7वें दिन भी जारी है.

    रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए शनिवार को एक और मशीन को इंदौर से एयरलिफ्ट कर टनल तक पहुंचाया गया है.

    इंदौर से मंगवाई गई यह तीसरी अमेरिकन ऑगर मशीन टनल के पास शनिवार सुबह 11 बजे पहुंच गई थी.

    बीते शुक्रवार सरकार की हाईवे और इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी एनएचआईडीसीएल (NHIDCL) के डायरेक्टर अंशु मनीष खलको ने बताया था, "अगर यह मशीन कहीं रूकती है, तो इंदौर से मँगवाई मशीन की सहायता से हम आगे का काम कर सकेंगे."

    उनका कहना था कि टनल में मौजूद मलबे में 24 मीटर तक ड्रिल किया जा चुका है.

    इसके अलावा कहीं ओर से रास्ता खोजे जाने पर भी एक्सपर्ट सलाह मशविरा कर रहे हैं और बैठकों का दौर जारी है.

    शनिवार को प्रधानमंत्री कार्यालय के डिप्टी सेक्रेटरी मंगेश घिल्डियाल भी टनल का मुआयना करने पहुंचे.

    टनल में फंसे मजदूर

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    विरोध प्रदर्शन

    दूसरी तरफ रेस्क्यू ऑपरेशन में देरी को लेकर मजदूरों ने टनल से कुछ दूर मौजूद एनएचआईडीसीएल दफ्तर पहुंच विरोध प्रदर्शन भी किया.

    मजदूर, टनल में फंसे अपनी साथियों को निकालने को लेकर कंपनी के आला अधिकारियों से बात करना चाहते थे, जिसके बाद अधिकारियों को मीटिंग छोड़ उनसे बात की.

    टनल में लोडर अपलोडर का काम करने वाले मृत्युंजय कुमार ने बीबीसी को टनल के अंदर के मौजूदा हालातों के बारे में बताया. उन्होंने कहा, "टनल के अंदर की स्थिति ख़राब है. टनल के अंदर लूज़ पोज़ीशन है. उसी हालात में हम काम कर रहे हैं."

    मृत्युंजय ने कहा, "आज 7 दिन हो गए, हम लोग उनसे कब तक झूठ बोलें कि बाहर मशीन लगी है और तुमको बहुत जल्द निकाल लिया जाएगा. अब अंदर फंसे लोगों का हौसला टूटता जा रहा है. कब तक वे सूखे खाने पर ज़िंदा रहेंगे."

    उन्होंने बताया कि जब टनल में फंसे मजदूरों से पाइप के जरिए बात होती है वे बोलते हैं, "तुम लोग काम कर भी रहे हो या हमसे झूठ बोलते हो."

    सोनू कुमार नाम के मज़दूर का ज़िक्र करते हुए मृत्युंजय ने बताया, "वो अंदर से टूट चुका है और रो रहा है. वो बोल रहा है कि भाई अब अंदर से बहुत कमज़ोरी महसूस हो रही है. कोई एनर्जी नहीं मिल रही है, इस सूखे खाने (ड्राई फ़्रूट्स) पर कितने दिन तक रहें."

    मृत्युंजय कुमार ने एक नई जानकारी देते हुए यह भी बताया कि जहां आगर मशीन लगी हुई है, वहां छत में 20 मीटर पीछे दरार भी आ गई है.

  17. वर्ल्ड कप फ़ाइनल: इस अंपायर का नाम सुन क्यों 'परेशान' भारतीय फ़ैन्स, सोशल मीडिया पर क्या है चर्चा?

    रिचर्ड केटलबोरो

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    इमेज कैप्शन, रिचर्ड केटलब्रॉ

    आईसीसी वर्ल्ड कप 2023 का फ़ाइनल कल (रविवार को) गुजरात के अहमदाबाद में खेला जाएगा. आमने सामने होंगी मेजबान भारत और ऑस्ट्रेलिया की टीमें.

    फाइनल मैच में इंग्लैंड के रिचर्ड केटलब्रॉ और रिचर्ड इलिंगवर्थ अंपायरिंग करेंगे.

    अंपायरों के नाम एलान होते ही भारतीय प्रशंसकों की बेचैनी बढ़ गई है.

    सोशल मीडिया पर भी रिचर्ड केटलब्रॉ और रिचर्ड इलिंगवर्थ को लेकर लोग काफी कुछ लिख रहे हैं.

    इसकी वजह यह है कि रिचर्ड केटलब्रॉ ने आईसीसी के जिन अहम नॉक आउट मैचों में अंपायरिंग की है, उनमें भारतीय टीम को हार झेलनी पड़ी है.

    वनडे वर्ल्ड कप 2015 के सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया ने भारत को हराया था, केटलब्रॉ उस मैच में भी अंपायर थे.

    टीम इंडिया का फैन

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    क्या कह रहे हैं फैन्स?

    प्रतीक मोदीनाम के एक यूजर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “प्लीज इस रविवार को हमारे ऊपर रहम करना रिचर्ड केटलब्रॉ.”

    अश्विननाम के एक यूजर ने लिखा, “रिचर्ड केटलब्रॉ, फाइनल मैच के दिन फील्ड अंपायरों में से एक हैं और वे अब भी कहते हैं कि सब कुछ फिक्स है?”

    स्पोर्ट्स क्रिकेटनाम के एक यूजर ने लिखा, “हे भगवान ये आदमी अभी भी भारत में क्यों है? उन्हें अब तक इंग्लिश टीम के साथ चले जाना चाहिए था.”

    बिक्रम कुमार पांडा नाम के यूजर ने लिखा, “डर का माहौल है, रिचर्ड केटलब्रॉ, आप फिर आ गए.”

    श्रीधर नाम के यूजर ने लिखा, “हेलो पाकिस्तान, फाइनल मैच में रिचर्ड केटलब्रॉ अंपायर है. अब तो मान लो कि आईसीसी को बीसीसीआई नहीं चलाता है.”

    स्पोर्टस कीड़ाने उन मैचों का एक ग्राफिक शेयर किया है, जिसमें रिचर्ड केटलब्रॉ के अंपायर रहते हुए भारत को हार का सामना करना पड़ा.

    वनडे वर्ल्ड कप 2015, सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया ने भारत को हराया

    टी 20 वर्ल्ड कप 2016 के सेमीफाइनल में वेस्टइंडीज ने भारत को हराया

    चैंपियन्स ट्रॉफी 2017 के फाइनल में पाकिस्तान ने भारत को हराया

    वर्ल्ड कप 2019 के सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड ने भारत को हराया

  18. ग़ज़ा के अल-शिफ़ा अस्पताल में अब हैं कितने मरीज़, हमास ने बताया

    मरीज़

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    ग़ज़ा में हमास के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया है कि सैकड़ों लोग आज सुबह अल-शिफ़ा अस्पताल छोड़कर चले गए हैं.

    समाचार एजेंसी एएफ़पी के मुताबिक हमास के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया है कि 120 घायल मरीज़ अब भी अस्पताल के अंदर हैं.

    इसके पहले स्वास्थ्य अधिकारियों ने एएफ़पी को जानकारी दी थी, “450 घायल और गंभीर रूप से बीमार लोगों को बाहर नहीं भेजा जा सकता है. उनकी देखभाल के लिए मेडिकल स्टाफ़ है.”

    अल शिफ़ा

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    सफ़ेद झंडे लेकर निकले लोग

    ख़ान यूनिस में मौजूद बीबीसी संवाददाता रुश्दी अबु अलूफ़ के मुताबिक अल-शिफ़ा अस्पताल के अंदर मौजूद एक पत्रकार ने उन्हें बताया कि वो और दूसरे तमाम लोग अल-शिफ़ा अस्पताल छोड़कर निकल गए हैं.

    पत्रकार ने बीबीसी संवाददाता को बताया कि बाहर निकलते वक़्त उन्होंने अपने हाथ में सफेद झंडा थामा हुआ था.

    पत्रकार ने बताया, “अस्पताल खाली हो गया है. सिर्फ़ वो मरीज़ बचे हैं जो चल नहीं सकते. बहुत कम डॉक्टर बचे हैं.”

    उन्होंने बताया, “हमने अपने हाथ उठाए हुए थे. हाथ में हम सफेद झंडा पकड़े हुए थे. बीती रात बहुत मुश्किल थी. धमाकों और गोलीबारी की आवाज़ डराने वाली थी. बुलडोज़रों ने अस्पताल में बड़े छेद कर दिए हैं और कुछ इमारतों को मिट्टी में मिला दिया है.”

  19. ग़ज़ा में एक 'लड़ाई' ये भी: रोटी पाने को जूझते लोग- तस्वीरों में देखिए

    ग़ज़ा में ईंधन की कमी के कारण बेकरियां बंद हो गई हैं, जिससे लोगों के सामने खाने का संकट पैदा हो गया है, क्योंकि इन बेकरियों में ही रोटियां तैयार होती हैं.

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    इमेज कैप्शन, ग़ज़ा में ईंधन की कमी के कारण बेकरियां बंद हो गई हैं, जिससे लोगों के सामने खाने का संकट पैदा हो गया है, क्योंकि इन बेकरियों में ही रोटियां तैयार होती हैं.
    ये तस्वीर ग़ज़ा के दक्षिणी शहर ख़ान यूनुस की है, जहां रोटी लेने के लिए भारी भीड़ दिखाई दे रही है.

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    इमेज कैप्शन, ये तस्वीर ग़ज़ा के दक्षिणी शहर ख़ान यूनुस की है, जहां रोटी लेने के लिए भारी भीड़ दिखाई दे रही है.
    विश्व स्वास्थ्य संगठन ने ग़ज़ा में भुखमरी की संभावना को लेकर चेतावनी जारी की है.

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    इमेज कैप्शन, विश्व स्वास्थ्य संगठन ने ग़ज़ा में भुखमरी की संभावना को लेकर चेतावनी जारी की है.
  20. 'टाइगर 3' का कारोबार 300 करोड़ पार, सलमान ख़ान बोले, 'एक्शन हीरो बनना मेरे लिए...'

    सलमान ख़ान

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    इस दिवाली सिनेमाघरों में रिलीज हुई सलमान खान की टाइगर 3 ने दुनियाभर के सिनेमाघरों में 300 करोड़ रुपये से ज्यादा की कमाई कर ली है.

    फिल्म की सफलता पर बात करते हुए सलमान ख़ान ने कहा कि टाइगर फ्रेंचाइजी की सफलता उनके लिए बहुत पर्सनल है.

    टाइगर फ्रेंचाइजी की शुरुआत साल 2012 में ‘एक था टाइगर’ से हुई थी, जिसमें सलमान ख़ान अविनाश सिंह राठौर नाम के एक जासूस का किरदार करते हुए नजर आए थे. उनके साथ जोया के किरदार में कटरीना कैफ को भी लोगों ने काफी पसंद किया था.

    इसके बाद साल 2017 में ‘टाइगर जिंदा है’ और अब ‘टाइगर 3’ रिलीज हुई है.

    समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक सलमान ख़ान ने कहा, “मैं दर्शकों के प्यार के लिए आभारी हूं, उन्होंने सालों से मुझे और मेरी टाइगर फ्रेंचाइजी को दिया है. मैंने अब तक तीन बार सुपर जासूस टाइगर की भूमिका निभाई है. यह तारीफ मेरे लिए सफलता की हैट्रिक की तरह है.”

    उन्होंने कहा कि यह एक ऐसा किरदार है जिसके लिए उन्होंने बहुत मेहनत की है. इस किरदार में आने के लिए उन्होंने बहुत कुछ छोड़ा है, इसलिए इसकी सफलता खास है.

    सलमान ख़ान ने कहा कि एक्शन हीरो होने पर उन्हें बहुत गर्व है. उन्होंने दबंग, वांटेड, बॉडीगार्ड, किक, राधे और किसी का भाई किसी की जान जैसे एक्शन फिल्में बनाई हैं.

    उन्होंने कहा कि वे भाग्यशाली हैं कि लोगों ने उन्हें एक्शन हीरो के रूप में पसंद किया है.