एडवर्ड स्नोडेन को रूस की नागरिकता मिली

स्नोडेन पर अमरीका के कई ख़ुफ़िया दस्तावेज़ कथित रूप से लीक करने का आरोप है.

लाइव कवरेज

ब्रजेश मिश्र and अभिनव गोयल

  1. आज का कार्टून: कहाँ है वो 'सूत्र' ?

  2. गांधी परिवार के बाहर का अध्यक्ष क्या कांग्रेस का 'बिग बॉस' बन पाएगा?

  3. ब्रेकिंग न्यूज़, एडवर्ड स्नोडेन को रूस की नागरिकता मिली

    एडवर्ड स्नोडेन

    इमेज स्रोत, Getty Images

    एडवर्ड स्नोडेन को रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने अपने देश की नागरिकता देने का आदेश दिया.

    स्नोडेन पर अमेरीका के कई ख़ुफ़िया दस्तावेज़ कथित रूप से लीक करने का आरोप है.

    एडवर्ड स्नोडेन ने साल 2013 में सीक्रेट फाइलों को लीक कर दिया था. इन फाइलों में बताया गया था कि कैसे अमेरिकी खुफिया एजेंसियां घरेलू और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निगरानी कर रही हैं.

    2020 में रूस स्नोडेन को स्थायी निवास का अधिकार दिया था जिसके बाद उनके लिए रूसी नागरिकता लेने का रास्ता साफ हुआ.

    छोड़िए X पोस्ट
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त

  4. कमलनाथ बोले 'अध्यक्ष पद में दिलचस्पी नहीं '

    कमलनाथ

    इमेज स्रोत, @OfficeOfKNath

    राजस्थान में राजनीतिक उठापठक के बीच मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ दिल्ली पहुंचे. उन्होंने कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात की.

    समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक मुलाकात के बाद कमलनाथ ने ने साफ़ किया कि उन्हें कांग्रेस के अध्यक्ष पद में कोई दिलचस्पी नहीं है. उन्होंने कहा कि वे सोनिया गांधी को नवरात्रि की शुभकामनाएं देने आए थे.

    राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के कांग्रेस अध्यक्ष की रेस में शामिल होने के बाद उनकी जगह कौन लेगा इसे लेकर रविवार को जयपुर में बैठक होनी थी. विधायकों से मिलने के लिए दिल्ली से अजय माकन और मल्लिकार्जुन खड़गे पहुंचे थे, लेकिन गहलोत गुट के काफी विधायक राजस्थान के संसदीय कार्य मंत्री शांति धारीवाल के घर जुटे रहे.

    आज शाम मीडिया से बात करते हुए शांति धारीवाल ने अजय माकन पर निशाना साधते हुए कहा कि वे सचिन पायलट को मुख्यमंत्री बनाने का मिशन लेकर जयपुर आए थे.

    शांति धारीवाल की मांग है कि गहलोत गुट के 102 विधायकों में से ही किसी को मुख्यमंत्री बनाया जाए.

    वहीं शांति धारीवाल के यहां विधायकों की मीटिंग पर दिल्ली पहुंचे अजय माकन ने अनुशासनहीनता बताया है.

    छोड़िए X पोस्ट
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त

  5. अंकिता भंडारी की मौत: ग़म में डूबा परिवार और सड़कों पर दिखा आम लोगों का ग़ुस्सा

    अंकिता भंडारी की मौत

    इमेज स्रोत, SHAHBAZ ANWAR/BBC

    उत्तराखंड के श्रीनगर में एनआईटी घाट पर रविवार को अंकिता भंडारी का अंतिम संस्कार कर दिया गया. ऋषिकेश में उनकी कथित तौर पर हत्या कर दी गई थी. पूर्व में बीजेपी के नेता रहे विनोद आर्य के बेटे पुलकित आर्य पर अंकिता की हत्या का आरोप है. पुलिस ने इस सिलसिले में तीन लोगों को गिरफ़्तार भी किया है.

    अंकिता के शव का पोस्टमॉर्टम शनिवार देर रात ऋषिकेश एम्स में हुआ. इसके बाद अंकिता का परिवार शव के अंतिम संस्कार के लिए ऋषिकेश से लगभग चार घंटे की दूरी पर अपने पैतृक गांव पहुँचा. परिवार वाले अंकिता के शव को लेकर जैसे ही अपने गांव पहुँचे, नाते रिश्तेदारों का आना शुरू हो गया था.

    जैसे-जैसे घंटे बीते और लोगों का आना-जाना बढ़ने लगा, अंकिता के अंतिम संस्कार करने का परिवार का इरादा भी बदल गया. परिवार ने पुलिस प्रशासन के सामने तीन माँगें रखीं और उनके पूरा ना होने पर अंकिता का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया.

    उनकी माँग थी कि अंकिता की मौत का परिवार को उचित मुआवज़ा मिले, परिवार के एक सदस्य के लिए सरकरी नौकरी मिले और फास्ट-ट्रैक कोर्ट में मामले की जल्द सुनवाई कर अभियुक्तों को फांसी की सज़ा मिले. प्रशासन और परिवार के बीच रविवार पूरे दिन इन माँगों को लेकर बहस चलती रही.

  6. राजस्थान के मंत्री धारीवाल बोले, गद्दारी करने वालों को पुरस्कार देना विधायकों को बर्दाश्त नहीं

    राजस्थान के संसदीय कार्य मंत्री शांति धारीवाल

    इमेज स्रोत, ANI

    इमेज कैप्शन, राजस्थान के संसदीय कार्य मंत्री शांति धारीवाल

    राजस्थान में जारी सियासी संकट के बीच राज्य के संसदीय कार्य मंत्री शांति धारीवाल ने कहा कि गद्दारी करने वालों को अगर पुरस्कार दिया जाएगा तो विधायक बर्दाश्त नहीं करेंगे.

    उन्होंने गहलोत गुट के 102 विधायकों में से ही एक को मुख्यमंत्री बनाने की बात कही है.

    शांति धारीवाल ने कहा, "खुद जनरल सेक्रेटरी, इंचार्ज, खुद ही लोगों को मनाने पर लगा है. ऐसे लोगों को यहां की मुख्यमंत्री बनाने का मिशन लेकर आया है तो निश्चित तौर पर लोगों की भावनाएं भड़कनी ही थी, विधायकों को नाराज़ होना ही थी. नाराज विधायकों के मेरे पास फोन आए और कहा कि हमारी बात सुनो, तुम यहां के संसदीय कार्यमंत्री हो. मैं बात सुनने के लिए ही हम यहां जमा हुए थे. मैंने तीन घंटे उनकी बात सुनी."

    उन्होंने कहा कि 102 विधायक होटलों में एक साथ आए थे और 34 दिनों तक रहे थे. अगर मुख्यमंत्री ही बनाना है तो उनमें से बनाओ. सोनिया जी जिसे कहेंगी उसे बनाओ. सोनिया जी का हुक्म बहाल रहेगा. कोई चैलेंज नहीं कर सकता सोनिया जी के हुक्म को. गद्दारी करने वालों को पुरस्कार दिया जाए ये यहां के विधायक बर्दाश्त नहीं करेंगे."

    छोड़िए X पोस्ट
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त

    धारीवाल की चेतावनी

    इससे पहले, विधायकों के साथ शांति धारीवाल की बैठक का एक वीडियो सामने आया था जिसमें उन्होंने चेतावनी दी थी कि अगर अशोक गहलोत को मुख्यमंत्री पद से हटाया गया तो राजस्थान में भी पंजाब जैसे हालात हो जाएंगे.

    वीडियो में उन्होंने कहा, "ये सारा षड़यंत्र जो है, जिस षड़यंत्र ने पंजाब खोया, वो राजस्थान भी खोने जा रहा है. या तो हम लोग संभल जाएं, तब तो राजस्थान बचेगा, वरना राजस्थान भी हाथ से जाएगा."

    अशोक गहलोत का समर्थन करते हुए शांति धारीवाल ने कहा कि किसी भी तरह से अशोक गहलोत सीएम बने रहें. कांग्रेस नेतृत्व से सवाल पूछते हुए उन्होंने कहा कि अशोक गहलोत के पास आज की तारीख में दो पद नहीं है जो उनका इस्तीफा मांगा जा रहा है.

    सोनिया से मुलाकात

    वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अजय माकन और मल्लिकार्जुन खड़गे ने सोनिया गांधी से उनके निवास पर मुलाकात की. दोनों नेताओं ने सोनिया गांधी को राजस्थान की मौजूदा स्थिति की जानकारी दी है. कल यानी रविवार को दोनों नेता कांग्रेस विधायकों से बैठक करने जयपुर पहुंचे थे, जो नहीं हो पाई.

    सोनिया गांधी ने राजस्थान में जारी सियासी संकट पर एक लिखित रिपोर्ट मांगी है.

  7. बांग्लादेश में नौका डूबने से मृतकों की संख्या बढ़ कर 43, मंदिर जा रहे थे श्रद्धालु

    नौका डूबने से मौत

    इमेज स्रोत, HARUN-OR-RASHID

    उत्तरी बांग्लादेश में रविवार को हिंदू भक्तों को ले जा रही एक नौका के डूबने से मरने वालों की संख्या बढ़कर 43 हो गई है, जबकि कई लोग अभी भी लापता हैं.

    महालय के अवसर पर हिंदू भक्त नौका में सवार होकर मंदिर जा रहे थे.

    लापता लोगों के परिजन नदी किनारे जमा हो गए हैं और बचाव दल शवों की तलाश कर रहे हैं.

    पंचगढ़ के जिला एडमिनिस्ट्रेटर जहरुल इस्लाम ने बताया कि अब तक 40 मृतकों शव बरामद कर लिए गए हैं. इनमें 22 महिलाएं, 9 पुरुष और 12 बच्चे शामिल हैं.

    जहरुल इस्लाम ने बताया कि पांच सदस्यीय टीम नौका के डूबने की जांच कर रही है लेकिन शुरुआती रिपोर्टों से पता चलता है कि नाव में क्षमता से लगभग तीन गुना अधिक वज़न था.

    बीबीसी बांग्ला सेवा के मुताबिक नौका में 100 से अधिक लोग सवार थे.

  8. 26 सितंबर 2022 का 'दिनभर: पूरा दिन, पूरी ख़बर' सुनिए मोहम्मद शाहिद और प्रेरणा से

    छोड़िए YouTube पोस्ट
    Google YouTube सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में Google YouTube से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले Google YouTube cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. YouTube सामग्री में विज्ञापन हो सकते हैं.

    पोस्ट YouTube समाप्त

  9. राजस्थान संकट: सोनिया गांधी के घर बैठक ख़त्म, अजय माकन ने बताया मीटिंग में क्या हुआ

    अजय माकन

    इमेज स्रोत, ANI

    राजस्थान संकट को लेकर सोनिया गांधी के निवास 10 जनपथ पर पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से चल रही बैठक ख़त्म हो गई है. इस बैठक में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अजय माकन और मल्लिकार्जुन खड़गे शामिल थे.

    बैठक ख़त्म होने के बाद मीडिया से बात करते हुए अजय माकन ने कहा कि उन्होंने राजस्थान में जो चल रहा है उसके बारे में विस्तार से सोनिया गांधी के साथ चर्चा की.

    कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी ने उन्हें राजस्थान के पूरे घटनाक्रम पर एक लिखित रिपोर्ट मांगी है. अजय माकन ने कहा कि लिखित रिपोर्ट हम आज रात या कल सुबह तक सोनिया गांधी को दे देंगे.

    कल रविवार को जयपुर में कांग्रेस विधायक दल की बैठक रखी गई थी जो हो नहीं पाई.

    अजय माकन ने कहा, "हमारे पास में कुछ मंत्री, विधायकों के नुमाइंदे बनकर आए थे. उन्होंने उस समय तीन शर्ते रखी थीं. एक शर्त थी कि कोई भी रिजॉल्यूशन पर फैसला 19 अक्टूबर के बाद होना चाहिए. हमारा कहना था कि ये कैसे संभव है कि जो व्यक्ति रिजॉल्यूशन मूव ला रहे हैं कि सारे अधिकार कांग्रेस अध्यक्ष को दिए जाएं. जो व्यक्ति कांग्रेस अध्यक्ष का चुनाव लड़ना चाहता है वो खुद फैसला करेंगे तो ये कॉनफ्लिक्ट ऑफ इंटरेस्ट हो जाएगा."

    "दूसरी ये कहा कि हर विधायक से अलग अलग ना मिलकर समूह में मिलिए. हमारा कहना था कि कभी भी कांग्रेस में ऐसा नहीं होता है. विधायक दल की बैठक में विधायकों से अलग अलग बात की जाती है. सब लोग फ्री एंड फेयर तरीके से बात कर सकें."

    तीसरा शर्त थी कि जो 102 विधायक अशोक गहलोत के खेमे में हैं उन्हीं में से मुख्यमंत्री बनाया जाना चाहिए

    छोड़िए X पोस्ट
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त

  10. इटली में बनने जा रही है दक्षिणपंथी सरकार, पहली महिला प्रधानमंत्री होंगी मेलोनी

    जियोर्जिया मेलोनी

    इमेज स्रोत, Reuters

    दक्षिणपंथी नेता जियोर्जिया मेलोनी ने इटली के चुनाव में जीत का दावा किया है. वे पहली महिला प्रधानमंत्री बनने की ओर बढ़ रही हैं.

    अनुमानित चुनाव परिणामों के अनुसार उनकी ब्रदर्स ऑफ इटली पार्टी और उसके सहयोगियों को संसद के दोनों सदनों में स्पष्ट बहुमत मिलना तय है.

    मेलोनी को बहुमत साबित करने के लिए अपने सहयोगी माटेओ साल्विनी की धुर दक्षिणपंथी लीग और पूर्व पीएम सिल्वियो बर्लुस्कोनी की सेंटर राइट फोर्जा इटालिया के साथ की ज़रूरत होगी.

    दूसरे विश्व युद्ध के बाद से मेलोनी इटली में दक्षिणपंथी सरकार बनने की बड़ी संभावना है. ये यूरोप के लिए मुश्किल स्थिति पैदा कर सकता है क्योंकि इटली यूरोपीय संघ की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है.

    यूरोपियन कमीशन का कहना है कि वह मेलोनी की नई सरकार के साथ मिलकर काम करने की उम्मीद करता है, साथ ही कहा कि अगर इटली लोकतांत्रिक सिद्धांतों से दूर जाता है तो उसे परिणाम भुगतने होंगे.

    वहीं जियोर्जिया मेलोनी ने कहा कि उनकी ब्रदर्स ऑफ इटली पार्टी सभी के लिए काम करेगी और किसी के साथ विश्वासघात नहीं करेगी.

    रोम में मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि इटली ने दक्षिणपंथी सरकार के पक्ष में स्पष्ट संदेश दिया है.

  11. ब्रेकिंग न्यूज़, राजस्थान के सियासी संकट में कमलनाथ की एंट्री

    कमलनाथ

    इमेज स्रोत, Getty Images

    राजस्थान में नए मुख्यमंत्री के चुनाव को लेकर घमासान जारी है. संकट के बीच कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कमलनाथ को दिल्ली बुलाया गया है.

    मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और सचिन पायलट गुट के विधायक एक फिर आमने सामने हैं. अशोक गहलोत गुट के विधायकों ने कल इस्तीफा देने की धमकी दी थी. विधायकों की मांग है कि अशोक गहलोत मुख्यमंत्री के पद पर बने रहें.

    छोड़िए X पोस्ट
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त

    वहीं एआईसीसी के महासचिव केसी वेणुगोपाल भी दिल्ली में कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी के आवास पर पहुंच गए हैं.

    इससे पहले जयपुर से दिल्ली रवाना होने से पहले कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि वे राजस्थान की मौजूदा स्थिति कांग्रेस अध्यक्ष को बताने के लिए जा रहे हैं. पार्टी की तरफ से निर्णय होगा वो सबको मानना पड़ेगा.

    वहीं जयपुर में कांग्रेस के विधायकों से मिलकर दिल्ली पहुंचे कांग्रेस नेता अजय माकन ने कहा कि वे सोनिया गांधी को रिपोर्ट देने जा रहे हैं.

    दिल्ली से पर्यवेक्षक बनकर पहुंचे कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मल्लिकार्जुन खड़गे और अजय माकन ने विधायकों से एक-एक कर मुलाक़ात करने का भी ऑफर दिया लेकिन विधायकों ने अलग-अलग गुट में मुलाक़ात की बात कही. कोई ठोस रणनीति न बन पाने की वजह से खड़के और माकन दिल्ली लौट आए हैं.

    अजय माकन ने मीडिया से बातचीत में बताया कि कांग्रेस विधायक दल की बैठक मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की सहमति से उनके आवास में रखी गई थी. और उनकी सुविधा के हिसाब से समय भी रखा गया था. लेकिन विधायक बैठक के लिए राज़ी नहीं हुए.

  12. नरेंद्र मोदी क्या विश्व नेता बन कर उभरे हैं और भारत वैश्विक ताक़त?

  13. मलेशिया के पूर्व प्रधानमंत्री महातिर मोहम्मद ने कहा, रूस-यूक्रेन युद्ध को अमेरिका और यूरोप भड़का रहे हैं

    मलेशिया के पूर्व प्रधानमंत्री महातिर मोहम्मद

    इमेज स्रोत, @chedetofficial

    मलेशिया के पूर्व प्रधानमंत्री महातिर मोहम्मद ने एक साथ कई ट्वीट करते हुए रूस-यूक्रेन युद्ध को लेकर अमेरिका और यूरोपीय देशों पर निशाना साधा है.

    उन्होंने लिखा कि युद्ध के लिए प्यार यूरोपीय देशों की संस्कृति का हिस्सा है. तीन हज़ार से ज़्यादा सालों से अधिक का लिखित इतिहास यूरोपीय देशों के बीच लड़े गए युद्धों से जुड़ा हुआ है. वे युद्ध लड़ने के लिए सेनाओं और नौसेनाओं को संगठित करने वाले पहले व्यक्ति थे.

    उन्होंने लिखा कि जब दूसरे विश्व युद्ध में जर्मनी की हार हुई तो रूस के साथ पार्टनरशिप तुरंत खत्म कर दी गई. रूस को नए दुश्मन के रूप में पहचाना गया और इसलिए दशकों तक शीत युद्ध लड़ा गया, अब जब शीत युद्ध नहीं है तो पश्चिम अप्रत्यक्ष रूप से रूस के ख़िलाफ़ युद्ध लड़ रहा है. ऐसा करना मौजूदा स्थिति को बिगाड़ देगा और तीसरा विश्व युद्ध लड़ा जाएगा. सभी नए हथियार इस्तेमाल किए जा सकेंगे और एक बार फिर युवा गर्व से मरेंगे.

    छोड़िए X पोस्ट
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त

    नाटो पर हमला करते हुए महातिर मोहम्मद ने कहा, " युद्ध में नाटो आपको हथियार और पैसा देगा. पश्चिम के देश युद्ध में यूक्रेन के साथ मिलकर नहीं लड़ेंगे. यूक्रेन नाटो और यूरोपियन यूनियन का सदस्य नहीं है. पश्चिम और अमेरिका यूक्रेन के समर्थन में युद्ध में जाने के लिए बाध्य नहीं हैं."

    " यूरोपीय और अमेरिका के युवाओं को बचाया जाएगा. ये काफी अच्छी बात है.

    यूक्रेन लोग युद्ध में मारे जाएंगे, घायल होंगे, यूक्रेन की तबाही झेलेंगे. ये एक बेहतरीन रणनीति है. पश्चिमी सहयोगी बहुत चालाक हैं. वे रूस के खिलाफ इस तरह से युद्ध लड़ रहे हैं कि उनका कोई भी युवा ना मारा जाए."

  14. फ़िलीपींस में 'टाइफून नोरू' का कहर, पांच बचावकर्मी मारे गए

    तूफान

    इमेज स्रोत, GETTY IMAGES

    फ़िलीपींस में आए 'टाइफून नोरू' तूफान में पांच बचावकर्मी मारे गए हैं. तूफान के चलते फ़िलीपींस में लाखों घरों में पानी भर गया है और लोग बिना बिजली के रहने को मजबूर हैं.

    सैन मिगुएल ज़िले में बचावकर्मियों के मौत अचानक आई बाढ़ में बह जाने की वजह से हुई है.

    लुजोन द्वीप पर तूफान की रफ्तार 240 किलोमीटर प्रति घंटा थी. इस द्वीप पर 11 करोड़ से अधिक आबादी रहती है. तूफान के चलते अभी भी लोग अपने घरों की छतों पर फंसे हुए हैं.

    एक व्यक्ति अपने घर की छत पर खड़े होकर चिल्ला रही थी कि देश के नेताओं को जलवायु परिवर्तन पर ध्यान देने की ज़रूरत है.

    करीब 74 हज़ार लोगों को बाहर निकाल लिया गया है. अधिकारियों ने राजधानी मनीला के इलाकों में बाढ़ की चेतावनी जारी की थी, लेकिन अभी तक किसी बड़े नुकसान की ख़बर नहीं है.

  15. लोगों के मांगने से परेशान हैं 25 करोड़ की लॉटरी जीतने वाले अनूप

    अनूप

    इमेज स्रोत, ANI

    25 करोड़ का जैकपॉट जीतने वाले केरल के ऑटो ड्राइवर अनूप का कहना है कि जब से उन्होंने ये लॉटरी जीती है, तब से उनके पास आर्थिक मदद मांगने वालों की बाढ़ आ गई है.

    अनूप ने सितंबर में राज्य सरकार की लॉटरी जीती थी.

    लेकिन एक हफ्ते बाद अनूप ने एक वीडियो पोस्ट करके अजनबियों से अनुरोध किया कि वो उसे और उसके परिवार को परेशान करना बंद करें.

    अनूप कहते हैं, "काश, मैं नहीं जीता होता, तीसरा पुरस्कार शायद बेहतर होता."

    अनूप वीडियो में कहते हैं कि वह लोगों के ध्यान से बचने के लिए घर बदलने का सोच रहे हैं.

    अनूप कहते हैं कि जब वो जीते थे तो उन्हें बहुत अच्छा लगा था. घर कैमरों और लोगों से भरा था.

    हालात नियंत्रण से बाहर

    लेकिन अब स्थितियां अब नियंत्रण से बाहर हो चुकी हैं. लोग से सुबह से ही घर पर आने लगते हैं.

    वो कहते हैं, "मैं घर छोड़ नहीं सकता, कहीं बाहर नहीं जा सकता, मेरा बच्चा बीमार है और मैं उसे डॉक्टर के पास तक नहीं ले जा सकता."

    मैं लगातार लोगों से कह रहा हूँ कि अभी तक मुझे कोई पैसा नहीं मिला लेकिन कोई इसे मानना ही नहीं चाहता.

    अनूप को टैक्स कटने के बाद 15 करोड़ रुपए मिलेंगे.

    राज्सय सरकार का कहना है कि वो अनूप के लिए एक ट्रेनिंग प्रोग्राम का आयोजन करेगी ताकि वो अपने इस धन का बेहतर इस्तेमाल कर सके.

  16. ब्रेकिंग न्यूज़, रूस: स्कूल में बंदूकधारी की गोलियों से 13 की मौत, हमलावर ने ख़ुद को गोली मारी

    रूस का इज़ेवस्क शहर

    इमेज स्रोत, Reuters

    रूस के इज़ेवस्क शहर के एक स्कूल में एक बंदूकधारी ने हमला किया है, जिसमें कम से कम 13 की मौत हो गई है और 21 लोग घायल बताए जा रहे हैं.

    रूस की मीडिया के मुताबिक मृतकों में 6 स्कूली बच्चे और दो सुरक्षा गार्ड, दो टीचर शामिल है.

    घटना स्कूल नंबर 88 में घटी. इस स्कूल में एक हज़ार से ज्यादा बच्चे पढ़ते हैं, लगभग 80 टीचर यहाँ पढ़ाते हैं.

    समाचार एजेंसी आरआईए ने गवर्नर अलेक्ज़ेंडर ब्रेचालोफ के हवाले से बताया कि बंदूकधारी शख़्स स्कूल में घुसा और सिक्योरिटी गार्ड की हत्या कर दी.

    इसके बाद बंदूकधारी ने खुद को भी गोली मार ली.

    रूसी की मीडिया में इस घटना से जुड़े कई वीडियो ऑनलाइन हैं, जिन्हें लगता है स्कूल के भीतर उस जगह रिकॉर्ड किया गया, जहाँ ये हमला हुआ.

    वायरल वीडियो

    एक वीडियो में दिखाई दे रहा है कि ज़मीन पर ख़ून फैला हुआ है और खिड़की में गोली का छेद है. बच्चे डेस्क के नीचे छिपे हुए हैं.

    समाचार एजेंसी तास ने स्थानीय सांसद के हवाले से बताया है कि हमलावर के पास दो पिस्तौल थीं.

    हमले के बाद स्कूल से बच्चों और अध्यापकों को बाहर निकाल लिया गया है.

  17. राजस्थान कांग्रेस में घमासान बढ़ा, CM के चुनाव को लेकर विधायकों ने रखी शर्तें

    सचिन पायलट, अशोक गहलोत, राजस्थान कांग्रेस

    इमेज स्रोत, ANI

    राजस्थान कांग्रेस में छिड़ा घमासान बढ़ता जा रहा है. नए मुख्यमंत्री के चुनाव को लेकर पार्टी विधायकों की बैठक नहीं हो सकती.

    दिल्ली से पर्यवेक्षक बनकर पहुंचे कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मल्लिकार्जुन खड़गे और अजय माकन ने विधायकों से एक-एक कर मुलाक़ात करने का भी ऑफर दिया लेकिन विधायकों ने अलग-अलग गुट में मुलाक़ात की बात कही.

    कोई ठोस रणनीति न बन पाने की वजह से खड़के और माकन दिल्ली लौट रहे हैं.

    अजय माकन ने मीडिया से बातचीत मेंबताया कि कांग्रेस विधायक दल की बैठक मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की सहमति से उनके आवास में रखी गई थी. और उनकी सुविधा के हिसाब से समय भी रखा गया था. लेकिन विधायक बैठक के लिए राजी नहीं हुए.

    उन्होंने कहा, ‘‘जो विधायक बैठक में नहीं आए उन्हें हम लगातार कह रहे थे कि आप आइए और हम अलग-अलग सबकी बात सुनने को तैयार हैं. खड़गे जी और हम, सब की बात सुनेंगे और हम कोई फ़ैसला नहीं कर रहे हैं. हम सब की बात सुनेंगे एक-एक करके और दिल्ली जाकर कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी को बताएंगे. हमें यही निर्देश हैं.’’

    माकन ने बताया कि इसके बाद विधायक शांती धारीवाल, डॉ. सीपी जोशी और प्रताप सिंह खचारियावास उनसे मुलाक़ात के लिए पहुंचे. उन्होंने उनके सामने तीन शर्तें रखीं.

    अजय माकन ने बताया कि उनकी शर्तों में पहली शर्त यह थी कि, ‘‘मुख्यमंत्री कौन होगा, यह फ़ैसलाकांग्रेस अध्यक्ष के ऊपर छोड़ना है तो रेजोल्यूशन पास किया जाए लेकिन इसका फ़ैसला 19 अक्टूबर के बाद हो.’’

    छोड़िए X पोस्ट, 1
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त, 1

    विधायकों की शर्तें क्या हैं?

    दरअसल, अशोक गहलोत और सचिन पायलट के बीच तकरार लंबे समय से चल रही है. गहलोत से नाराज़ सचिन पायलट ने सरकार के सभी पदों से इस्तीफ़ा दे दिया था और कहा था कि वो पार्टी के लिए काम करेंगे.

    अब अशोक गहलोत ने कांग्रेस अध्यक्ष के चुनाव में उम्मीदवारी की इच्छा जताई है. ऐसे में अगर कांग्रेस के विधायक और अशोक गहलोत चाहते हैं कि सीएम के चुनाव को लेकर रेजोल्यूशन पास किया जाए और फैसला 19 अक्टूबर के बाद हो तो अशोक गहलोत के अध्यक्ष बनने की स्थिति में यह मामला और तूल पकड़ सकता है.

    अजय माकन ने कहा, ‘‘अगर वो अध्यक्ष बन जाते हैं तो अपने ही रेजोल्यूशन के ऊपर खुद को ही एंपावर करेंगे तो इससे बड़ा कॉन्फ्लिक्ट ऑफ इंटरेस्ट नहीं हो सकता.’’

    माकन ने कहा, "इसके अलावा विधायकों ने शर्त रखी है कि जिन 102 विधायकों ने पहले गहलोत का समर्थन किया था उन्हीं में से एक को मुख्यमंत्री चुना जाए, सचिन पायलट या उनके समर्थक विधायकों में से न चुना जाए."

    अजय माकन ने कहा कि विधायक अपनी शर्तों के आधार पर रेजोल्यूशन चाहते हैं. कांग्रेस के इतिहास में ऐसा कभी नहीं हुआ कि शर्तों के आधार पर रेजोल्यूशन पास हो. विधायकों का पार्टी की आधिकारिक बैठक में न आना अनुशासनहीनता है.

    छोड़िए X पोस्ट, 2
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त, 2

    वहीं, जोधपुर में सचिन पायलट के समर्थन में होर्डिंग लगाए गए हैं.

    सचिन पायलट के समर्थन में लगे पोस्टर पर लिखा है, ‘‘सत्यमेव जयते, नए युग की तैयारी’’.

    छोड़िए X पोस्ट, 3
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त, 3

  18. ग़ुलाम नबी आज़ाद ने की अपनी पार्टी के नाम की घोषणा, झंडा भी जारी किया

    ग़ुलाम नबी आज़ाद

    इमेज स्रोत, ANI

    पूर्व वरिष्ठ कांग्रेस नेता ग़ुलाम नबी आज़ाद ने आज जम्मू में अपनी नई राजनीतिक पार्टी का एलान कर दिया है.

    उनकी पार्टी नाम होगा - डेमोक्रेटिक आज़ाद पार्टी

    नाम की घोषणा करते हुए उन्होंने कहा, “आज़ाद का अर्थ मेरे नाम से नहीं. इसका अर्थ है कि हमारी अपनी सोच होगी और किसी से प्रभावित नहीं होगी. और ये पार्टी आज़ाद रहेगी. पार्टी आउटोक्रेटिक नहीं रहेगी. पार्टी डेमोक्रेटिक रहेगी.”

    उन्होंने प्रेसवार्ता में पार्टी का झंडा भी पेश किया. इस झंडे में नीला, सफेद और पीला रंग है. उन्होंने अपने पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा कि वे महात्मा गांधी के संदेश पर चलें.

    डेमोक्रेटिक आज़ाद पार्टी

    इमेज स्रोत, Mohit Kandhari/BBC

    इमेज कैप्शन, डेमोक्रेटिक आज़ाद पार्टी का ध्वज

    क़रीब दो साल से कांग्रेस से नाराज़गी ज़ाहिर कर रहे वरिष्ठ कांग्रेसी नेता ग़ुलाम नबी आज़ाद ने आख़िरकार बेहद तल्ख़ भाषा का इस्तेमाल करते हुए पार्टी के सभी पदों और सदस्यता से इस्तीफ़ा दे दिया.

    कश्मीर में इंडियन यूथ कांग्रेस से राजनीति शुरू करने वाले ग़ुलाम नबी आज़ाद 50 वर्ष से अधिक तक कांग्रेस में रहे. इस दौरान वो चार प्रधानमंत्रियों (इंदिरा गांधी, राजीव गांधी, नरसिम्हा राव और मनमोहन सिंह) की सरकारों में केंद्रीय मंत्री रहे और कश्मीर के मुख्यमंत्री भी रहे.

    मूल रूप से कश्मीर के डोडा ज़िले से आने वाले ग़ुलाम नबी आज़ाद ने हाल ही में कहा था कि वे जल्द ही पार्टी के नाम का एलान करेंगे

    उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन में सिर्फ़ चार बार चुनाव जीते. 1980 में इंदिरा गांधी के नेतृत्व में जब देशभर में कांग्रेस की लहर थी तब उन्होंने महाराष्ट्र के वाशिम से लोकसभा चुनाव जीता. इसके बाद 1984 में वो आठवीं लोकसभा के लिए महाराष्ट्र से ही चुने गए.

    आज़ाद ने और क्या-क्या कहा

    • मेरी पार्टी में आने वाले लोग ऐसे होंगे जो दूसरों के लिए प्रेरणा बन सकें. राजनीति में सेवा के भाव से आने वालों लोग होंगे, पैसे बनाने के लिए आने वाले नहीं.
    • हमने गांधी जी को सामने से नहीं देखा, उनकी तस्वीरें ही देखी हैं. लेकिन उनका काम हमें प्रेरित करता है. मैं अपने साथियों से कहूंगा कि वो इसी तरह से अपने आप को ढालें कि लोग उनसे प्रेरणा ले सकें.
    • हमारी पार्टी में हमारी कोशिश रहेगी कि कम से कम 50 फीसदी टिकटें नौजवानों और महिलाओं को दी जाएं. उम्र की कोई सीमा नहीं रखी जाएगी.
    • हमारी पहली प्राथमिकता है पार्टी को रजिस्टर करना लेकिन साथ-साथ हम अपनी गतिविधियां जारी रखेंगे क्योंकि चुनाव कभी भी हो सकते हैं.
  19. पाकिस्तानी सेना का हेलिकॉप्टर क्रैश, दो मेजर समेत छह जवानों की मौत

    पाकिस्तानी सेना का एक हेलिकॉप्टर

    इमेज स्रोत, Getty Images

    इमेज कैप्शन, पाकिस्तानी सेना का हेलिकॉप्टर (फ़ाइल फ़ोटो)

    पाकिस्तानी सेना का एक हेलिकॉप्टर रविवार देर रात बलूचिस्तान के खोस्त के नज़दीक एक फ्लाइंग मिशन के दौरान क्रैश हो गया.

    हेलिकॉप्टर क्रैश में दो पायलट समेत इसमें सवार सभी छह जवानों की मौत हो गई.

    मरने वालों में पायलट मेजर मोहम्मद मुनीब और पायलट मेजर ख़ुर्रम शहज़ाद, क्रू के सदस्य नायक जलील, सूबेदार अब्दुल वहीद, सिपाही शोएबऔर मुहम्मद इमरान शामिल हैं.

    बलूचिस्तान में हेलिकॉप्टर दुर्घटना मारे गए सैनिक

    इमेज स्रोत, ISPR

    कुछ समय पहले भी बलूचिस्तान में हेलिकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हुआ था जिसमें लेफ्टिनेंट जनरल सरफराज़ अली समेत छह लोगों की मौत हुई थी.

    छोड़िए X पोस्ट
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त

    पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ ने इस घटना पर दुख जताया है.

  20. ऑस्ट्रेलिया से मैच के पहले सूर्यकुमार यादव को था बुख़ार, बताया कैसे खेले

    सूर्य कुमार यादव

    इमेज स्रोत, Getty Images

    भारत ने टी20 वर्ल्ड चैंपियन ऑस्ट्रेलिया को नागपुर में 6 विकेटों से हराकर तीन मैचों की सिरीज़ 2-1 से अपने नाम की है. तीसरे और आखिरी मैच में सूर्यकुमार यादव ने शानदार बल्लेबाज़ी की और 69 रन बनाए.

    बीसीसीआई की ओर से जारी किए गए एक वीडियो में सूर्य कुमार ने बताया कि मैच से पहले उनकी तबीयत खराब थी और वो ठीक से सो भी नहीं पाए थे.

    अक्षर पटेल और सूर्यकुमार यादव मैच के बाद आपस में चर्चा कर रहे हैं. जिसमें अक्षर पटेल सूर्यकुमार यादव से पूछते हैं कि उनके साथ आखिर हुआ क्या था?

    जवाब में सूर्यकुमार यादव बताते हैं, ‘‘थोड़ा पेट दर्द था, फिर बुखार भी आ गया था, लेकिन यह भी पता था कि ये निर्णायक मुकाबला है तो मैंने अपने डॉक्टर और फ़ीजियो को वही बोला कि अगर ये वर्ल्ड कप का फ़ाइनल होगा तो उस समय मैं कैसे रिएक्ट करूंगा."

    "मैं ऐसे बीमारी लेकर बैठ नहीं सकता. तो आप कैसे भी करके, कुछ भी करो, कोई भी गोली दो, कुछ भी इंजेक्शन दो लेकिन मुझे शाम के खेल के लिए तैयार करो. एक बार ग्राउंड पर आ गए, ये जर्सी पहन ली तो फिर अलग ही इमोशन है अपना.’’

    छोड़िए X पोस्ट
    X सामग्री की इजाज़त?

    इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.

    चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.

    पोस्ट X समाप्त