लखीमपुर खीरी: किसानों पर कार चढ़ाने के मामले में दो गिरफ़्तार, आशीष मिश्रा तलब
अनंत झणाणे
लखीमपुर खीरी से, बीबीसी के लिए

लखीमपुर खीरी में किसानों पर गाड़ी चढ़ाने के मामले में यूपी पुलिस ने दो लोगों को गिरफ़्तार किया है. साथ ही केंद्रीय मंत्री के बेटे आशीष मिश्रा को शुक्रवार सुबह तलब भी किया गया है.
समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार इस संबंध में लखीमपुर में मंत्री के आवास के बाहर नोटिस चिपका दिया गया है
यूपी पुलिस आईजी लक्ष्मी सिंह ने बताया कि, "जिन लोगों से पूछताछ चल रही थी उनके ख़िलाफ़ सबूत और घटनाक्रम स्थापित होने के बाद उन्हें गिरफ़्तार किया गया है. दो लोग गिरफ़्तार हुए हैं. इनके नाम बनबीरपुर गांव के लव कुश और निगासन तहसील के आशीष पांडे हैं."
जिन सात लोगों के ख़िलाफ़ एफ़आईआर है उनमें ये दोनों शामिल हैं.
उन्होंने बताया, "इस पूरे घटनाक्रम में घटनास्थल पर उनकी मौजूदगी पाई जा रही है. घटनास्थल में मौजूद दो गाड़ी में उनकी मौजूदगी है. घटना होने पर उन्होंने लोगों को रोकने का प्रयास नहीं किया है बल्कि उन्हें ललकारा है. उनके ख़िलाफ़ काफी सबूत पाए गए हैं."
रविवार को हुए इस हादसे में कुल आठ लोगों की मौत हुई थी जिनमें चार किसान थे.
घटनास्थल पर मौजूद किसानों का दावा था कि आशीष मिश्रा एक गाड़ी में सवार थे. हालांकि आशीष के पता अजय मिश्रा ने इससे इनकार किया था और कहा था कि वो इस बात के सबूत पेश कर सकते हैं कि उनका बेटा उस समय दूसरी जगह पर थे.

केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा के बेटे को समन
इसके साथ ही यूपी पुलिस ने केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा को शुक्रवार की सुबह 10 बजे तक लिखित, मौखिक, व्यक्तिगत या इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से अपना बयान दर्ज कराने के लिए तलब किया है.
आशीष मिश्रा उर्फ़ मोनू को लखीमपुर खीरी के तिकुनिया में किसानों पर थार जीप चढ़ाने के मामले में हत्या, आपराधिक साजिश समेत कुछ अन्य धाराओं में मामला दर्ज है.
आशीष को आईपीसी की धारा 147, 148, 149, 279, 338, 304ए, 302, 120बी के तहत तलब किया गया है.
आईजी लक्ष्मी सिंह ने बताया कि आशीष मिश्रा अगर सुबह 10 बजे नहीं उपस्थित होते हैं तो आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी.
























