लाइव, इंडोनेशिया में भूकंप से कम से कम 38 लोगों की मौत

इंडोनेशिया में शनिवार तड़के 7.7 तीव्रता का भूकंप आने के बाद कम से कम 38 लोगों की मौत हो गई है, देश की डिज़ास्टर मिटिगेशन एजेंसी ने कहा है.

वीडियो छोड़ें और जारी रखें
  • पीएम मोदी ने युवाओं के लिए कीं घोषणाएं
  • 15 अगस्त को इन देशों के भी मिली थी आज़ादी
  • भारत में आम लोगों को अच्छे फ़ुटपाथ कैसे मिलेंगे
  • इनके पास अलग-अलग मौके के लिए हैं अलग-अलग तरह की नाक
  •  जेन ज़ी ने बताया उनके लिए क्या हैं आज़ादी के मायने
  • मज़दूरों को मिला 16 कैरेट का हीरा
  • मल्लिकार्जुन खड़गे ने सदन में किस वाक्य का ज़िक्र किया?
  • पंजाब के पूर्व डिप्टी सीएम और शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल

लाइव कवरेज

अरशद मिसाल, चंदन कुमार जजवाड़े

  1. इंडोनेशिया में भूकंप से कम से कम 38 लोगों की मौत, फ़रीदा सुशांती और हेलेन सुलीवन

    इंडोनेशिया में शक्तिशाली भूकंप से भारी तबाही हुई है

    इमेज स्रोत, Basarnas / Handout/Anadolu via Getty Images

    इमेज कैप्शन, इंडोनेशिया में शक्तिशाली भूकंप से भारी तबाही हुई है

    इंडोनेशिया में शनिवार तड़के 7.7 तीव्रता का भूकंप आने के बाद कम से कम 38 लोगों की मौत हो गई है, देश की डिज़ास्टर मिटिगेशन एजेंसी ने कहा है.

    भूकंप प्रभावित इलाक़ों में खोज और बचाव अभियान शुरू होने के साथ ही आधिकारिक मृतकों की संख्या बढ़ रही है. भूकंप और उसके बाद आए दर्जनों झटकों से क्षेत्र की इमारतों को नुक़सान पहुंचा है.

    इंडोनेशिया की मौसम विज्ञान और जियोफ़िज़िक्स एजेंसी ने बताया कि शनिवार को स्थानीय समयानुसार सुबह 05:00 बजे से कुछ पहले फ्लोरेस द्वीप पर भूकंप आया. इसकी गहराई 15 किलोमीटर थी.

    भूकंप जितना कम गहराई पर आता है, सतह पर उसका असर उतना ही विनाशकारी होता है.

    इसी क्षेत्र में तेज झटके महसूस किए गए, जिनमें 6.1 तीव्रता का एक झटका भी शामिल था.

    मौमेरे बंदरगाह पर बनाए गए वीडियो में टर्मिनल की इमारत से कंक्रीट के बड़े टुकड़े यात्रियों के ऊपर गिरते दिखाई दिए, जो एक द्वीप से दूसरे द्वीप जाने वाली नौक़ा पर सवार होने का इंतज़ार कर रहे थे. जहाज़ तक जाने वाला रास्ता ढहने के बाद कुछ लोग समुद्र में गिर गए.

    पूर्वी नुसा तेंगारा प्रांत के गवर्नर इमैनुएल मेल्कियाडेस लाका लेना ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि मलबा गिरने से लोग सोते समय मारे गए.

    पूर्वी नुसा तेंगारा के सिका में तट के पास स्थित गांव तालिबुरा में रहने वाले अर्नोल्ड वेलियंटो ने कहा कि "बहुत तेज झटकों" से उनकी नींद खुल गई. उन्होंने कहा, "मैं चौंककर उठा और तुरंत अपने बच्चे के कमरे में गया."

    उन्होंने बीबीसी को बताया कि कई लोग पहले ही पहाड़ियों की ओर भाग चुके थे.

    उन्होंने बताया, "कुछ अन्य निवासी सड़क किनारे खड़े थे क्योंकि समुद्र भी पीछे हट गया था. पानी काफ़ी समय तक निचले स्तर पर रहा, इसलिए सभी घबरा गए और भागने लगे. मैं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की ओर गया और वहां के लोगों को पहले ही सुरक्षित स्थान पर ले जाया जा चुका था."

  2. उमर अब्दुल्लाह ने पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर का ज़िक्र कर 1947 के फ़ैसले को बताया सही

    उमर अब्दुल्लाह

    इमेज स्रोत, ANI

    इमेज कैप्शन, स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्लाह ने लोकतंत्र और संघवाद को देश की दो सबसे बड़ी ताक़त बताया

    जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्लाह ने स्वतंत्रता दिवस के मौक़े पर नियंत्रण रेखा (एलओसी) के पार पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर(पीएके) के हालात का ज़िक्र किया.

    उन्होंने कहा कि 80 साल पहले देश के नेताओं ने जो फ़ैसला लिया था, वह सही था.

    उमर अब्दुल्लाह ने कहा कि एलओसी के पार के मौजूदा हालात को देखकर उन्हें दुख, अफ़सोस और गहरी पीड़ा होती है. उन्होंने कहा कि अगर साल 2019 में हालात नहीं बदले जाते, तो शायद उस क्षेत्र के लोग आज भारत के साथ फिर से जुड़ने की मांग कर रहे होते.

    दरअसल 5 अगस्त 2019 को, भारत सरकार ने जम्मू -कश्मीर से अनुछेद 370 हटाकर जम्मू -कश्मीर का विशेष दर्जा ख़त्म कर राज्य को दो अलग-अलग केंद्र शासित प्रदेशों में बाँट दिया था.

    उमर अब्दुल्लाह, "जम्मू-कश्मीर का वह हिस्सा हमारा है. हम वहां के लोगों को अपना समझते हैं. उनमें से कोई हमारे लिए अजनबी नहीं है और न ही कोई बाहरी है. जम्मू-कश्मीर विधानसभा में आज भी उनके लिए सीटें आरक्षित हैं, इस उम्मीद के साथ कि एक दिन वे उन सीटों का प्रतिनिधित्व कर सकेंगे."

    उमर अब्दुल्लाह ने लोकतंत्र और संघवाद को देश की दो सबसे बड़ी ताक़त बताया.

    उन्होंने कहा कि हर परिस्थिति में लोकतंत्र की रक्षा करना, उसे मज़बूत करना और जीवित रखना देश की सबसे बड़ी ज़िम्मेदारी है.

    उमर अब्दुल्लाह ने कहा कि साथ ही, देश में संघवाद की रक्षा और उसे मज़बूत करना भी ऐसी ज़िम्मेदारी है, जिससे पीछे नहीं हटा जा सकता.

  3. अब मुझे यानी बीबीसी संवाददाता अरशद मिसाल को इजाज़त दीजिए. अब से रात दस बजे तक बीबीसी संवाददाता चंदन कुमार जजवाड़े आप तक अहम ख़बरें पहुंचाएंगे.

    बीबीसी हिन्दी के पेज पर मौजूद कुछ बड़ी ख़बरों को पढ़ने के लिए नीचे दिए हुए लिंक्स पर क्लिक करें.

  4. झारखंड प्रोटेस्ट: देवेंद्र नाथ महतो ने पुलिस पर तिरंगा यात्रा में शामिल होने से रोकने का लगाया आरोप

    देवेंद्र नाथ महतो

    इमेज स्रोत, DevendraNathMa9

    इमेज कैप्शन, देवेंद्र नाथ महतो ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनके साथियों के साथ मारपीट भी की

    झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के ख़िलाफ़ भूख हड़ताल पर बैठे देवेंद्र नाथ महतो ने शनिवार को एक वीडियो शेयर करते हुए पुलिस पर तिरंगा यात्रा में शामिल होने से रोकने का आरोप लगाया है.

    वीडियो में दिख रहा है कि महतो अस्पताल के कमरे से बाहर जाने की कोशिश कर रहे हैं, वहीं पुलिस उन्हें रोकने की कोशिश कर रही है.

    देवेंद्र नाथ महतो ने एक्स पर पोस्ट कर दावा किया, "14 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे मेरे साथ आज पुलिस ने धक्का-मुक्की की और बलपूर्वक रोकने की कोशिश की."

    उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनके साथियों के साथ मारपीट भी की.

    उन्होंने एक्स पर लिखा, "जयपाल सिंह स्टेडियम में झंडा फहराने जाते समय पुलिस के साथ हुई धक्का-मुक्की के दौरान मेरे सीने में चोट लग गई. फ़िलहाल मेरा इलाज और मेडिकल जांच चल रही है."

    देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि कई दिनों से भूखे रहने के बावजूद वह अपने अधिकारों और लोगों की आवाज़ के लिए मज़बूती से खड़े हैं.

    उन्होंने कहा कि पुलिस इस तरह उन्हें रोककर उनकी आवाज़ को दबा नहीं सकती.

  5. ट्रंप ने कहा- होर्मुज़ स्ट्रेट को अमेरिका का क्षेत्र घोषित करेंगे

    डोनाल्ड ट्रंप

    इमेज स्रोत, Samuel Corum/Getty Images

    इमेज कैप्शन, ट्रंप दावा कर चुके हैं कि अमेरिका का स्ट्रेट पर पूरा नियंत्रण है, हालांकि ईरान ने इन दावों को खारिज किया है (फ़ाइल फ़ोटो)

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर ईरान को लेकर बड़ा बड़ा बयान दिया है.

    न्यूयॉर्क में एक कार्यक्रम के दौरान ट्रंप ने कहा कि ईरान को पूरी तरह हराने के बाद वह जल्द ही रणनीतिक रूप से अहम होर्मुज़ स्ट्रेट को अमेरिकी क्षेत्र घोषित करेंगे.

    ट्रंप ने कहा कि ईरान इस समय "बहुत बुरी तरह हार रहा है" और युद्ध में जीत हासिल करने के बाद अमेरिका होर्मुज़ स्ट्रेट को अपना क्षेत्र घोषित करेगा.

    इससे पहले भी ट्रंप दावा कर चुके हैं कि अमेरिका का स्ट्रेट पर पूरा नियंत्रण है. हालांकि ईरान ने इन दावों को ख़ारिज किया है.

    होर्मुज़ स्ट्रेट दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री रास्तों में से एक है. इसके जरिए वैश्विक तेल आपूर्ति क़रीब 20 फ़ीसदी होती है.

    ईरान-अमेरिका संघर्ष के बीच इस रास्ते पर आवाजाही बुरी तरह प्रभावित हुई है, जिससे ऊर्जा बाज़ारों और ईंधन की क़ीमतों पर दबाव बढ़ा है.

    ट्रंप के बयान पर ईरान की ओर से तीखी प्रतिक्रिया सामने आई है.

  6. राहुल गांधी लगातार दूसरी बार लाल क़िले पर स्वतंत्रता दिवस समारोह में नहीं आए, कांग्रेस ने दी ये प्रतिक्रिया

    राहुल गांधी

    इमेज स्रोत, Getty Images

    इमेज कैप्शन, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह में राहुल गांधी साल 2024 में शामिल हुए थे (फ़ाइल फ़ोटो)

    लाल क़िले पर आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की ग़ैर-मौजूदगी को लेकर कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने प्रतिक्रिया दी है.

    एक पत्रकार ने उनसे कहा कि बीजेपी इसे स्वतंत्रता दिवस समारोह का अपमान बता रही है.

    इसके जवाब में उन्होंने कहा कि कुछ लोगों को हर चीज़ में अपमान नज़र आता है.

    पवन खेड़ा ने कहा, “जिन्होंने आज़ादी की लड़ाई या स्वतंत्रता आंदोलन में हिस्सा नहीं लिया, स्वतंत्रता दिवस पर कौन नहीं गया, इसमें उन्हें अपमान नज़र आ रहा है, कमाल है भाई."

    दरअसल, शनिवार को लाल किले पर आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और कांग्रेस नेता राहुल गांधी नहीं आए. पिछले साल भी दोनों इस समारोह में शामिल नहीं हुए थे.

    इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में आयोजित स्वतंत्रता दिवस समारोह में राहुल गांधी साल 2024 में नज़र आए थे. उस दौरान उनकी सीट को लेकर काफी चर्चा हुई थी.

  7. जयराम रमेश ने पीएम मोदी की ‘दिमागी नक्सल’ टिप्पणी पर क्या कहा?

    जयराम रमेश

    इमेज स्रोत, ANI

    इमेज कैप्शन, जयराम रमेश ने कहा, "प्रधानमंत्री पहले अपने विरोधियों को 'अर्बन नक्सल' कहते थे और अब उन्हें 'दिमागी नक्सल' कह रहे हैं."(फ़ाइल फ़ोटो)

    कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की टिप्पणी को लेकर उन पर निशाना साधा है.

    उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर प्रधानमंत्री पर अपने राजनीतिक विरोधियों के लिए इस्तेमाल किए गए शब्दों को लेकर सवाल उठाया.

    जयराम रमेश ने कहा, "प्रधानमंत्री पहले अपने विरोधियों को 'अर्बन नक्सल' कहते थे और अब उन्हें 'दिमागी नक्सल' कह रहे हैं."

    उन्होंने इसे प्रधानमंत्री की 'हताशा' का संकेत बताया.

    कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री जिन लोगों को 'अर्बन नक्सल' या अब 'दिमागी नक्सल' कहते हैं, उनकी ओर से उठाए गए मुद्दों या मांगों पर सरकार बाद में कदम उठाती है.

    जयराम रमेश ने अपने पोस्ट में प्रधानमंत्री पर तीखा राजनीतिक हमला करते हुए उनके लिए “मास्टर एब्यूज़र इन एंटायर पॉलिटिकल साइंस” जैसी टिप्पणी भी की.

    दरअसल लाल क़िले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “सालों तक माओवादी विचारधारा वाले लोगों ने सत्ता के गलियारों में अपनी जगह बना ली थी और सरकारी समितियों में सलाहकार के तौर पर नीति-निर्धारण को भी प्रभावित किया. हमने जंगलों से हथियारबंद नक्सलियों का सफाया करने और देश को उस गंभीर ख़तरे से मुक्त कराने में सफलता हासिल की है."

    उन्होंने आगे कहा, "हथियारी नक्सल तो गए, लेकिन ये दिमागी नक्सल मौके की तलाश में हैं."

    उन्होंने कहा, "हमें इन दिमागी नक्सलियों की पहचान करनी होगी और उन्हें अलग-थलग करना होगा."

  8. राहुल गांधी ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर क्या संदेश दिया?

    राहुल गांधी

    इमेज स्रोत, ANI

    इमेज कैप्शन, राहुल गांधी ने स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को याद करते हुए आज़ादी को एक ज़िम्मेदारी बताया (फ़ाइल फ़ोटो)

    कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं.

    उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को याद किया और आज़ादी को एक ज़िम्मेदारी बताया.

    राहुल गांधी ने कहा, "आज़ादी स्वतंत्रता सेनानियों की ओर से दिया गया सिर्फ़ एक तोहफा नहीं, बल्कि एक ज़िम्मेदारी भी है. यह ज़िम्मेदारी है सत्य और अहिंसा के रास्ते पर चलने की, संविधान और तिरंगे के मूल्यों को अपने दिल में रखने की और हर हाल में लोकतंत्र की रक्षा करने की."

    उन्होंने कहा कि उन्हें गर्व है कि देशवासी, खासकर युवा, इन मूल्यों की रक्षा के लिए एकजुट हैं.

  9. इंडोनेशिया में 7.7 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप, सूनामी की आशंका

    इंडोनेशिया

    इमेज स्रोत, BASARNAS/HANDOUT/EPA/Shutterstock

    इमेज कैप्शन, भूकंप के बाद कई तेज़ आफ्टरशॉक्स भी आए, जिनमें एक की तीव्रता 6.1 थी

    इंडोनेशिया के पूर्वी हिस्से में शनिवार तड़के 7.7 तीव्रता के शक्तिशाली भूकंप से कम से कम पांच लोगों की मौत हो गई.

    ईस्ट नुसा तेंगारा प्रांत के गवर्नर इमैनुएल मेल्कियादेस लाका लेना ने प्रेस कॉन्फ़्रेंस के दौरान बताया कि मलबा गिरने से लोग अपने घरों में सोते समय दब गए.

    भूकंप के बाद कई और झटके महसूस किए गए. भूकंप से क्षतिग्रस्त इमारतों में फंसे लोगों को बाहर निकालने के लिए राहत और बचाव टीमें काम कर रही हैं.

    भूकंप के बाद सुनामी की चेतावनी भी जारी की गई थी, लेकिन करीब तीन घंटे बाद इसे हटा लिया गया.

    इंडोनेशिया की मौसम विज्ञान, जलवायु विज्ञान और भूभौतिकी एजेंसी के मुताबिक, भूकंप स्थानीय समय के अनुसार सुबह करीब 5 बजे फ्लोरेस द्वीप पर आया. इसकी गहराई 15 किलोमीटर थी. यह इलाक़ा बाली से करीब 600 मील यानी 1,000 किलोमीटर दूर है.

    भूकंप के बाद कई तेज़ आफ्टरशॉक्स भी आए, जिनमें एक की तीव्रता 6.1 थी.

  10. भारत के स्वतंत्रता दिवस पर इसराइल ने कहा- 'हमें अपनी दोस्ती पर गर्व है'

    रूवेन अज़ार

    इमेज स्रोत, ANI Video Grab

    इमेज कैप्शन, इसराइली राजदूत रूवेन अज़ार (फ़ाइल फ़ोटो)

    भारत के स्वतंत्रता दिवस के मौके पर भारत में इसराइल के दूतावास ने देशवासियों को शुभकामनाएं दीं.

    दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक संदेश साझा कर भारत की स्वतंत्रता, लोकतंत्र और बहुलतावाद की यात्रा की सराहना की.

    दूतावास ने भारत की निरंतर प्रगति और समृद्धि की कामना की.

    अपने संदेश में दूतावास ने भारत और इसराइल के बीच बढ़ती साझेदारी का भी उल्लेख किया.

    उसने कहा कि दोनों देशों के बीच मज़बूत होते संबंध गहरी दोस्ती और बेहतर भविष्य के लिए साझा प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं.

    इसराइली राजदूत रूवेन अज़ार ने एक्स पोस्ट कर लिखा कहा, "आज हम भारत का स्वतंत्रता दिवस मना रहे हैं. भले ही भारत और इसराइल आकार में अलग-अलग हों, लेकिन हमारी प्राचीन विरासत और राष्ट्रीय पुनरुत्थान समान हैं. हमें अपनी दोस्ती पर गर्व है और हम अपनी साझेदारी को और मज़बूत करते रहेंगे."

  11. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने स्वतंत्रता दिवस पर देशवासियों को दी शुभकामनाएं

    मल्लिकार्जुन खड़गे

    इमेज स्रोत, Getty Images

    इमेज कैप्शन, मल्लिकार्जुन खड़गे (फ़ाइल फ़ोटो)

    कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं.

    उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर स्वतंत्रता संग्राम के सेनानियों को श्रद्धांजलि दी और देश की अब तक की यात्रा को उपलब्धियों, संघर्षों और संकल्पों की यात्रा बताया.

    खड़गे ने कहा, "हमारे लिए स्वतंत्रता केवल अंग्रेज़ी हुकूमत से मुक्ति नहीं है. यह संविधान से मिला वह भरोसा है, जो हर भारतीय को समानता, सम्मान, न्याय और अपनी बात कहने का अधिकार देता है. यही हमारे लोकतंत्र की सबसे बड़ी शक्ति और हर नागरिक का सबसे मज़बूत सुरक्षा कवच है."

    कांग्रेस अध्यक्ष ने युवाओं, किसानों, महिलाओं, दलितों, आदिवासियों, पिछड़ों, अल्पसंख्यकों और आर्थिक रूप से कमज़ोर वर्गों के अधिकारों और अवसरों पर ज़ोर दिया.

    खड़गे ने देशवासियों से ऐसी आज़ादी की रक्षा करने का आह्वान किया, जिसमें हर आवाज़ को सम्मान, हर सपने को अवसर और हर भारतीय को आगे बढ़ने का समान अधिकार मिले.

  12. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में नक्सलवाद को लेकर क्या कहा

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

    इमेज स्रोत, Doordarshan National

    इमेज कैप्शन, प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि नक्सलवाद ने लाखों युवाओं के भविष्य को तबाह किया और कई परिवारों के सपनों को चकनाचूर किया

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के अपने संबोधन में नक्सलवाद और माओवाद को देश के सामने दशकों पुरानी चुनौती बताते हुए इसे ख़त्म करने की प्रतिबद्धता दोहराई.

    उन्होंने कहा कि नक्सलवाद ने लाखों युवाओं के भविष्य को तबाह किया और कई परिवारों के सपनों को चकनाचूर किया.

    पीएम मोदी ने कहा, "नक्सलवाद ने चार दशकों तक देश के बड़े हिस्से और बड़ी आबादी को बंदूक की नोक पर दबाकर रखा और संविधान की धज्जियां उड़ाईं. नक्सल हिंसा के खिलाफ लड़ाई में 3,500 से अधिक पुलिस और सुरक्षा बलों के जवान शहीद हुए."

    उन्होंने कहा कि यह संख्या युद्ध में मारे जाने वाले जवानों से ज़्यादा है.

    प्रधानमंत्री ने कहा कि 2014 में सरकार बनने के बाद ही उनकी सरकार ने देश को नक्सल मुक्त करने का संकल्प लिया था. उन्होंने दावा किया कि अब नक्सल और माओवादी हिंसा अपनी आखिरी सांसें गिन रही है.

    उन्होंने कहा कि जिन इलाकों को नक्सलवाद ने दशकों तक प्रभावित किया, वहां अब नक्सलवाद से मुक्ति के बाद “विकास, विश्वास और प्रयास का तिरंगा” लहरा रहा है.

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “सालों तक माओवादी विचारधारा वाले लोगों ने सत्ता के गलियारों में अपनी जगह बना ली थी और सरकारी समितियों में सलाहकार के तौर पर नीति-निर्धारण को भी प्रभावित किया. हमने जंगलों से हथियारबंद नक्सलियों का सफाया करने और देश को उस गंभीर ख़तरे से मुक्त कराने में सफलता हासिल की है."

    उन्होंने आगे कहा, "हथियारी नक्सल तो गए, लेकिन ये दिमागी नक्सल मौके की तलाश में हैं."

    उन्होंने कहा, "हमें इन दिमागी नक्सलियों की पहचान करनी होगी और उन्हें अलग-थलग करना होगा."

  13. लाल क़िले की प्राचीर से पहली बार ‘वंदे मातरम’ की धुन बजाई गई, क्या बोले पीएम मोदी

    नरेंद्र मोदी

    इमेज स्रोत, Doordarshan National

    इमेज कैप्शन, प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "यह एक ऐतिहासिक दिन है. आज़ादी के बाद, यह वह समय है जब लाल क़िले की प्राचीर से 'वंदे मातरम' की गूंज सुनाई दी है."

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौक़े पर लाल क़िले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित करते हुए 'वंदे मातरम' का ज़िक्र किया.

    लाल क़िले की प्राचीर से प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "यह एक ऐतिहासिक दिन है. आज़ादी के बाद, यह वह समय है जब लाल क़िले की प्राचीर से 'वंदे मातरम' की गूंज सुनाई दी है."

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “आज हम सभी 80वां स्वतंत्रता दिवस मना रहे हैं. आज हर दिल की धड़कन ‘वंदे मातरम्’ के नाद से गूंज रही है. आज हर घर में तिरंगा लहरा रहा है और हर मन में तिरंगा बसा हुआ है. राष्ट्र उत्साह और उमंग के साथ नए संकल्पों को लेकर आगे बढ़ रहा है."

    नरेंद्र मोदी

    इमेज स्रोत, Doordarshan National

    इमेज कैप्शन, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, “आज हम सभी 80वां स्वतंत्रता दिवस मना रहे हैं. आज हर दिल की धड़कन ‘वंदे मातरम्’ के नाद से गूंज रही है."

    उन्होंने कहा कि जब भारत के लोग 'वंदे मातरम' के 150 साल मना रहे हैं, तो इससे बेहतर मौका और क्या हो सकता है?

  14. लाल क़िले से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गिनाईं अपनी सरकार की उपलब्धियां

    नरेंद्र मोदी

    इमेज स्रोत, Doordarshan National

    इमेज कैप्शन, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौक़े पर लाल क़िले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए पिछले 12 वर्षों में सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख किया

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लाल क़िले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित कर रहे हैं.

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौक़े पर लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए पिछले 12 वर्षों में सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख किया.

    उन्होंने कहा कि देशवासियों के संकल्प और प्रयासों की वजह से भारत ने विकास की नई रफ्तार पकड़ी है.

    प्रधानमंत्री ने कहा, "पिछले 12 वर्षों में 25 करोड़ देशवासी ग़रीबी से बाहर निकले हैं. देशवासियों के प्रयासों के परिणामस्वरूप भारत एक बड़ी और तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था में बदल गया है."

    पीएम मोदी ने कहा कि आजादी के बाद लंबे समय तक देश अपेक्षित रफ्तार से आगे नहीं बढ़ सका. उन्होंने कहा कि 2014 तक भारत को दुनिया ने ‘फ्रैजाइल फाइव’ में शामिल कर दिया था, लेकिन पिछले 12 वर्षों में देश ने नई गति हासिल की है.

    नरेंद्र मोदी

    इमेज स्रोत, Getty Images

    इमेज कैप्शन, तिरंगा फहराने के बाद झंडे को सलामी देते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

    प्रधानमंत्री ने अपनी सरकार के कार्यकाल के दौरान विभिन्न क्षेत्रों में हुई प्रगति का भी जिक्र किया.

    उन्होंने कहा, "पिछले 12 वर्षों में डिफेंस उत्पादन चार गुना, खादी और ग्रामोद्योग का कारोबार पांच गुना और मोबाइल फोन का उत्पादन 33 गुना बढ़ा है. डिजिटल इनोवेशन के क्षेत्र में भी भारत ने अपनी पहचान बनाई है."

    उन्होंने कहा कि देश में पेटेंट ग्रांट की संख्या चार गुना और डिजिटल ट्रांजैक्शन 100 गुना बढ़े हैं.

    प्रधानमंत्री के मुताबिक, हर साल औसतन 15 गुना तेज रफ्तार से लोगों तक नल से जल पहुंचाया गया.

    पीएम मोदी ने ग़रीबों के लिए शौचालय और घर निर्माण की रफ्तार का भी उल्लेख किया. उन्होंने कहा कि ग़रीबों के लिए शौचालय और घर बनाने का काम चार गुनी रफ्तार से किया गया. इसके साथ ही देश में मेट्रो नेटवर्क का भी तेजी से विस्तार हुआ है.

  15. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल क़िले पर लगातार 13वीं बार फहराया तिरंगा

    प्रधानमंत्री ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया

    इमेज स्रोत, Doordarshan National

    इमेज कैप्शन, राष्ट्रीय ध्वज फहराने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तिरंगे को सलामी दी

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली के लाल किले से हर साल की परंपरा के अनुसार तिरंगा फहराया और फिलहाल देश को संबोधित कर रहे हैं.

    राष्ट्रीय ध्वज फहराने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तिरंगे को सलामी दी.

    लाल किले पहुंचने पर प्रधानमंत्री का स्वागत रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ और रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने किया.

    इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार सुबह राजघाट पहुंचे और राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की.

  16. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजघाट पहुंचकर महात्मा गांधी को दी श्रद्धांजलि

    नरेंद्र मोदी

    इमेज स्रोत, Doordarshan National

    इमेज कैप्शन, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल क़िले पर राष्ट्रध्वज फहराने से पहले राजघाट जाकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी

    स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार सुबह राजघाट पहुंचकर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की.

    लाल क़िले की प्राचीर से राष्ट्रीय ध्वज फहराने और देश को संबोधित करने से पहले प्रधानमंत्री ने महात्मा गांधी की समाधि पर पुष्प अर्पित किए.

    राजघाट पर श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लाल किले के लिए रवाना होंगे. यहां वह सुबह 7:30 बजे राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे और इसके बाद देश को संबोधित करेंगे.

  17. भारत के स्वतंत्रता दिवस पर अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने क्या कहा?

    मार्को रुबियो

    इमेज स्रोत, Mehmet Eser/Anadolu via Getty Images

    इमेज कैप्शन, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भारत के लोगों को बधाई देते हुए कहा कि अमेरिका और भारत के बीच संबंध लगातार मज़बूत हो रहे हैं (फ़ाइल फ़ोटो)

    अमेरिका ने भारत के स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शुभकामनाएं दी हैं.

    अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भारत के लोगों को बधाई देते हुए कहा कि अमेरिका और भारत के बीच संबंध लगातार मज़बूत हो रहे हैं और दोनों देशों की साझेदारी पहले से अधिक मज़बूत है.

    भारत के स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर जारी एक बयान में रुबियो ने कहा, "अमेरिका की ओर से मैं भारत के लोगों को उनके स्वतंत्रता दिवस पर हार्दिक बधाई देता हूं."

    उन्होंने अमेरिका-भारत संबंधों को मज़बूत बनाने में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच व्यक्तिगत संबंधों को अहम बताया. रुबियो ने कहा कि दोनों नेताओं के बीच संबंधों के कारण द्विपक्षीय रिश्ते लगातार आगे बढ़ रहे हैं.

    अमेरिकी विदेश मंत्री के मुताबिक, रक्षा, ऊर्जा सुरक्षा, महत्वपूर्ण खनिज, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, अंतरिक्ष सहयोग और व्यापार समेत कई क्षेत्रों में दोनों देश मिलकर काम कर रहे हैं.

    उन्होंने कहा, "यह सहयोग अमेरिका और भारत के साथ-साथ व्यापक हिंद महासागर क्षेत्र को भी अधिक सुरक्षित, मज़बूत और समृद्ध बनाने में योगदान दे रहा है."

  18. भारत मनाने जा रहा है 80वाँ स्वतंत्रता दिवस, लाल क़िले से पीएम मोदी का लगातार 13वां संबोधन

    मोदी

    इमेज स्रोत, Getty Images

    इमेज कैप्शन, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 15 अगस्त, 2025 को नई दिल्ली के लाल किले में 79वें स्वतंत्रता दिवस के मौक़े पर गार्ड ऑफ ऑनर का निरीक्षण करते हुए. प्रधानमंत्री मोदी ने विकसित भारत के निर्माण पर जोर दिया था (फाइल फोटो)

    भारत 15 अगस्त 2026 को अपना 80वां स्वतंत्रता दिवस मनाने जा रहा है. इस मौक़े पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली के लाल क़िले से हर साल की परंपरा के अनुसार, सुबह 7:30 बजे तिरंगा फहराएंगे और देश को संबोधित करेंगे.

    नरेंद्र मोदी का ऐतिहासिक स्थल से यह लगातार 13वां स्वतंत्रता दिवस संबोधन होगा. संबोधन से पहले मोदी तीनों सेनाओं और दिल्ली पुलिस के जवानों से बनी गार्ड ऑफ ऑनर की सलामी लेने के बाद राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे.

    ध्वजारोहण के दौरान स्वदेशी 105 एमएम लाइट फील्ड गन से 21 तोपों की सलामी दी जाएगी. प्रधानमंत्री के संबोधन के बाद एनसीसी कैडेट्स और माय भारत के स्वयंसेवक ‘वंदे मातरम्’ प्रस्तुत करेंगे और इसके बाद राष्ट्रगान होगा.

    समारोह में क़रीब 27,000 लोग शामिल होंगे, जिनमें विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े 5,000 विशेष अतिथि, आम लोग और देश के युवा शामिल होंगे.

    स्वतंत्रता दिवस के मौक़े पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार सुबह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के ज़रिए देशवासियों को शुभकामनाएं दीं.

    प्रधानमंत्री ने एक्स पर लिखा, "सभी देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की असीम शुभकामनाएं. यह राष्ट्रीय पर्व हमें देश के वीर सेनानियों के अद्भुत साहस, अथक संघर्ष और मातृभूमि के प्रति अतुलनीय समर्पण का स्मरण कराता है. आइए, उनके आदर्शों को अपनाकर विकसित भारत के संकल्प को साकार करें."

  19. बीबीसी हिन्दी के लाइव पेज पर आपका स्वागत है. मैं बीबीसी संवाददाता अरशद मिसाल अब से दोपहर दो बजे तक आप तक अहम ख़बरें पहुंचाऊंगा.

    कल के लाइव पेज की ख़बरें पढ़ने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं.

    बीबीसी न्यूज़ हिन्दी पर मौजूद इन अहम ख़बरों को पढ़ने के लिए इनके साथ दिए गए लिंक पर क्लिक करें.