विशेष अवसरों में ऐसे तैयार होती हैं रोहिंग्या लड़कियाँ और महिलाएँ

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समाचार एजेंसी रॉयटर्स के फोटोग्राफर क्लोडा किल्क्वाइन ने रोहिंग्या मुस्लिम औरतों और लड़कियों के विशेष अवसरों पर तैयार होने की तस्वीर अपने कैमरे में कैद की है.

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इमेज कैप्शन, ये उनका पारंपरिक मेकअप है, जिसे वो विशेष अवसरों पर करती हैं
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इमेज कैप्शन, इनके इस पारंपरिक मेकअप को ठनका कहते हैं
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इमेज कैप्शन, इसे पेड़ के छाल को पीस कर तैयार किया जाता है
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इमेज कैप्शन, ये हल्दी और चंदन की लड़कियों को भी पीस कर तैयार किया जाता है
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इमेज कैप्शन, सजने-संवरने का उनका यह तरीका सदियों पुराना है
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इमेज कैप्शन, छाल और लकड़ियों को पीस कर तैयार किया गया लेप गाल और चेहरे पर लगाया जाता है
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इमेज कैप्शन, ये लेप उन्हें धूप से बचाती है और ठंडक देती है
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इमेज कैप्शन, चेहरे पर होने वाले मुंहासे को रोकने के लिए भी ये फायदेमंद होती है
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इमेज कैप्शन, पिछले साल अगस्त में म्यांमार से भाग कर क़रीब सात लाख रोहिंग्या मुसलमान बांग्लादेश पहुंचे थे
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इमेज कैप्शन, उनके देश में पुलिस और स्थानीय लोगों के बीच हुई हिंसा के बाद वे बांग्लादेश पहुंचे थे
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इमेज कैप्शन, महिलाओं का पारंपरिक तरीके से मेकअप करना यह दर्शाता है कि अब उनकी जिंदगी स्थिर हो रही है
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इमेज कैप्शन, लेप में औषधीय गुण होते हैं
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इमेज कैप्शन, लेप के ऊपर महिलाएं काजल और लिप्स्टिक भी लगाती हैं