मंगलवार, 08 अप्रैल, 2008 को 10:45 GMT तक के समाचार
ऋचा शर्मा
बीबीसी संवाददाता, दिल्ली
आपको भले ही ‘दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे’ की सिमरन या फिर ‘कुछ कुछ होता है’ की अंजलि बहुत पसंद आई हो लेकिन अभिनेता से निर्देशक बने अजय देवगन का कहना है कि लोगों को फिल्म ‘यू मी और हम’ में काजोल का अभी तक का सबसे बेहतरीन अभिनय देखने को मिलेगा.
फ़िल्म ‘यू मी और हम’ के साथ निर्देशन की दुनिया में क़दम रख रहे अजय ने यह भी कहा कि किसी भी निर्देशक के लिए काजोल के साथ काम करना बहुत ही अच्छा अनुभव होता है और उनके साथ निर्देशक का काम आसान भी हो जाता है.
अजय के मुताबिक इस फ़िल्म में काजोल का किरदार सबसे ज़्यादा मुश्किल है और काजोल ने उसे निभाया भी बख़ूबी से.
पत्नी काजोल के साथ काम करने के अनुभव के बारे में उनका कहना था, “जब आप काम कर रहे हों तो आप ये नहीं देखते कि आप पत्नी के साथ काम कर रहे हैं. उस समय आप सिर्फ़ एक सह कलाकार के साथ काम कर रहे होते हैं.”
निर्देशन
निर्देशन के बारे में अजय का कहना था कि निर्देशन में ये उनका पहला अनुभव नहीं है. अजय के अनुसार उन्होंने अपने कैरियर की शुरुआत शॉर्ट फ़िल्म्स बनाकर की थी जहाँ कहानी लिखने से लेकर निर्देशन और कैमरा सँभालने तक के सारे काम वो ख़ुद ही करते थे.
इस फ़िल्म में अभिनय और निर्देशन एक साथ करने के अनुभव पर अजय का कहना था, “अगर आप अपनी भूमिकाओं के बारे में सब साफ़ और पूरी तरह से जानते हैं तो इन्हें एक साथ सँभालना इतना मुश्किल नहीं होता.”
हाल ही में आमिर ख़ान ने फ़िल्म ‘तारे ज़मीं पर’ का निर्देशन किया था और अब अजय देवगन लेकर आ रहे हैं बतौर निर्देशक अपनी पहली फ़िल्म. ऐसे में अभिनेताओं के निर्देशक बनने पर अजय का कहना है कि एक या दो अभिनेताओं के निर्देशन के क्षेत्र में आने को एक चलन के तौर पर नहीं माना जा सकता.
वैसे अजय ने इस मौक़े पर आमिर के निर्देशन की तारीफ़ भी की.
‘यू मी और हम’ सिनेमा घरों में 11 अप्रैल को पहुँच रही है और इस फ़िल्म पर अजय को काफ़ी भरोसा भी है.
अपने काम से संतुष्ट अजय को यक़ीन है कि लोगों को ये फिल्म पसंद आएगी और अगर आगे भी उन्हे कोई अच्छा आइडिया मिलता है तो वो ज़रुर निर्देशन जारी रखना चाहेंगे.