मंगलवार, 25 सितंबर, 2007 को 12:17 GMT तक के समाचार
दुर्गेश उपाध्याय
बीबीसी संवाददाता, मुंबई
अमिताभ बच्चन अभिनीत हिंदी फ़िल्म ' एकलव्य- द रॉयल गार्ड' को इस साल की सर्वश्रेष्ठ विदेशी फ़िल्म की श्रेणी में ऑस्कर पुरस्कार के लिए भेजा जा रहा है.
प्रतिष्ठित ऑस्कर पुरस्कार की दौड़ में शामिल होने वाली यह विधु विनोद चोपड़ा की तीसरी फ़िल्म होगी.
इससे पहले चोपड़ा की दो और फ़िल्में 'एन्काउंटर विद फेसेज़' और 'परिंदा' भी ऑस्कर की दौड़ में शामिल हो चुकी हैं.
विधु विनोद चोपड़ा ने अपनी ख़ुशी का इज़हार करते हुए कहा कि ये तो केवल शुरुआत है.
वो कहते हैं कि फ़िल्म समीक्षकों ने पहले ही हमें अपना समर्थन दे दिया है. साथ ही पश्चिमी देशों से भी इसे मास्टरपीस का दर्जा हासिल हो चुका है. अब असली काम शुरु होने वाला है.
उन्होंने कहा, "मैं दो अक्टूबर को अमरीका के लिए रवाना हो रहा हूँ और मेरी पूरी कोशिश होगी की इस बार ये सम्मान भारत को हासिल हो."
ये तीसरी बार है कि विनोद चोपड़ा ऑस्कर पुरस्कार हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं.
इससे पहले भी उनकी लघु फिल्म 'एन्काउंटर विद फेसेज़' को 1980 में और परिंदा को 1989 में भारत की तरफ से आधिकारिक प्रविष्टि के तौर पर ऑस्कर के लिए नामित किया गया था.
कुछ फ़िल्म समीक्षकों और फ़िल्मी दुनिया के दिग्गजों ने 'एकलव्य' को ऑस्कर के लिए नामित किए जाने पर आश्चर्य भी व्यक्त किया है.
उनका मानना है कि शाहरुख़ ख़ान की 'चक दे इंडिया' इसके लिए एक बेहतर फ़िल्म हो सकती थी.
पिछले कुछ वर्षों से भारतीय फ़िल्मों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलनी शुरू हो गई है.
इससे पहले आमिर ख़ान की लगान भी ऑस्कर दौड़ में शामिल हो चुकी है.