बुधवार, 17 जनवरी, 2007 को 08:18 GMT तक के समाचार
दुर्गेश उपाध्याय
बीबीसी संवाददाता, मुंबई
वर्ष 2006 की मशहूर फिल्म रंग दे बसंती ऑस्कर पुरस्कारों की श्रेणी से बाहर हो गई है. ऑस्कर की ओर से जारी एक विज्ञप्ति में ये जानकारी मिली है.
ऑस्कर के लिए विदेशी भाषा श्रेणी में भेजी गई फिल्मों के पहले दौर की छँटाई में भारत की इस प्रविष्टि को बाहर कर दिया गया है.
विदेशी भाषा की श्रेणी में 61 देशों की फ़िल्में हैं.
पहले दौर में केवल नौ देशों की फिल्मों को ही चुना गया है. इनमें दीपा मेहता की वॉटर भी शामिल है. लेकिन वॉटर भारत नहीं बल्कि कनाडा की ओर से ऑस्कर की दौड़ में शामिल की गई है.
79वें ऑस्कर पुरस्कारों की दौड़ के दूसरे चरण में इन नौ देशों की फिल्मों के बीच कड़ी टक्कर होगी.
19 जनवरी से निर्णायक मंडल इन फ़िल्मों को देखना शुरु करेगा. 23 जनवरी को ये मंडल अपनी अंतिम सूची जारी करेगा.
केवल पाँच फ़िल्मों को ही इस पुरस्कार के लिए चुना जाना है.
ऑस्कर की विदेशी भाषा की श्रेणी में जिन नौ देशों की फिल्मों को शामिल किया गया है, उनमें कनाडा की वॉटर, डेनमार्क की ऑफ्टर द वेडिंग, फ़्रंस की एवेन्यू मेंटेंन, जर्मनी की द लाइव्ज ऑफ अदर्स, मैक्सिको की पेन्स लैंब्रिन, नीदरलैंड की ब्लैक बुक, स्पेन की टोलवेर और स्वीट्ज़रलैंड की व्हाईटस शामिल हैं.
रंग दे बसंती तो फ़िलहाल इस प्रतियोगिता से बाहर हो गई है लेकिन वॉटर अब भी शामिल है.
वॉटर फ़िल्म बनारस के विधवा आश्रमों में चल रही व्यवस्था पर आधारित है. दीपा मेहता की इस फ़िल्म में शुरुआती दौर में शबाना आज़मी और नंदिता दास को लिया गया था लेकिन बनारस में हुए भारी विरोध के बाद दीपा ने भारत को छोड़कर इस फ़िल्म की शूटिंग श्रीलंका में की.
अब इस फिल्म में जॉन अब्राहम, लीज़ा रे और सीमा बिसवास ने अभिनय किया है.